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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Dec 26, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    युवाओं को नौकरी देने के लिए बना ये अधिनियम, पर आंकड़ों ने चौंकाया; निजी कंपनियों के कई कामगारों का वेतन 12 हजार या इससे कम

    By Neeraj Ambastha Edited By: Aysha Sheikh
    Updated: Tue, 26 Dec 2023 01:08 PM (IST)

    Jharkhand News झारखंड में निजी कंपनियों के एक तिहाई कामगारों का वेतन 12 हजार या इससे कम है। झारखंड राज्य के निजी क्षेत्र में स्थानीय उम्मीदवारों का नि ...और पढ़ें

    निजी कंपनियों के कई कामगारों का वेतन 12 हजार या इससे कम
    निजी कंपनियों के कई कामगारों का वेतन 12 हजार या इससे कम

    नीरज अम्बष्ठ, रांची। झारखंड के निजी कंपनियों एवं प्रतिष्ठानों में कार्यरत कामगारों में एक तिहाई कामगारों का मासिक वेतन 12 हजार रुपये या इससे कम है। झारखंड राज्य के निजी क्षेत्र में स्थानीय उम्मीदवारों का नियोजन अधिनियम, 2021 के तहत निबंधित निजी कंपनियों द्वारा अपने कामगारों की दी गई जानकारी में यह बात सामने आई है।

    इस अधिनियम के तहत जहां सभी निजी कंपनियों का निबंधन अनिवार्य है, वहीं 40 हजार तक के मासिक वेतन पर काम करनेवाले अपने सभी कामगारों की जानकारी देना है। निजी कपंनियों एवं प्रतिष्ठानों ने अपने कुल 1,94,025 कामगारों की जानकारी दी है, जिनका मासिक वेतन 40 हजार रुपये तक का है। इन कामगारों में लगभग 34 प्रतिशत कामगारों का मासिक वेतन 12 हजार रुपये तक है।

    वहीं, छह प्रतिशत कामगारों का वेतन 30 से 40 हजार तथा सात प्रतिशत का वेतन 20 से 25 हजार के बीच है। इसी तरह, लगभग तीन प्रतिशत का ही मासिक वेतन 35 से 40 हजार के बीच है। इन कंपनियों एवं प्रतिष्ठानों में काम करनेवाले अधिसंख्य कामगार हेल्पर, सिक्योरिटी गार्ड, असिस्टेंट आपरेटर, फिटर, ट्रेनी टेक्नीशियन, आइटीआइ अप्रेंटिस आदि का काम कर रहे हैं।

    इस इलाके में सबसे अधिक कामगार कार्यरत

    सबसे अधिक कामगार पूर्वी सिंहभूम तथा सबसे कम 54 कामगार साहिबगंज में कार्यरत हैं। बता दें कि इस अधिनियम के तहत निजी कंपनियों में 40 हजार रुपये मासिक वेतन तक के सभी पदों के विरुद्ध 75 प्रतिशत पदों पर स्थानीय युवाओं को नियुक्त करना अनिवार्य किया गया है।

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    6,640 कंपनियों ने कराया निबंधन

    इस अधिनियम के तहत अबतक कुल 6,640 निजी कंपनियों एवं प्रतिष्ठानों में अपना निबंधन कराया है। अधिनियम लागू होने के बाद इनके द्वारा कुल 11,014 रिक्तियां अधिसूचित की गई हैं, जिनमें 56 रिक्तियां ही वर्तमान में बची हुई हैं।

    कामगारों में 14.25 प्रतिशत ही महिलाएं

    निबंधित निजी कंपनियों एवं प्रतिष्ठानों में कार्यरत कुल कामगारों में 85.75 प्रतिशत कामगार पुरुष हैं। सिर्फ 14.25 प्रतिशत महिला कामगार ही इन कंपनियों में कार्यरत हैं।

    • निबंधित कंपनियों में काम करनेवाले कामगार : 1,94,475
    • निबंधित कंपनियों में कार्यरत स्थानीय कामगार : 70,330
    • निबंधित कंपनियों में कार्यरत अन्य कामगार : 1,24,136

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