11 करोड़ की लागत से बनेगा साहिबगंज का किसन प्रसाद पुल, दियारा वासियों का दुख दूर होगा
Sahibganj News: डेढ़ दशक से क्षतिग्रस्त किसन प्रसाद पुल की जगह 11 करोड़ की लागत से नया पुल बनेगा। ...और पढ़ें

क्षतिग्रस्त साहिबगंज का किसन प्रसाद पुल। (फोटो जागरण)
जागरण संवाददाता,साहिबगंज। सदर प्रखंड के किसन प्रसाद का पुल डेढ़ दशक से क्षतिग्रस्त है। पुल का निर्माण होने के कुछ साल बाद ही बाढ़ के दौरान बीच का पिलर धंसने से उपरी हिस्सा बैठ गया है। लोग जान जोखिम में डाल आर-पार करते है।
अब दियारा वासियों का दुख दूर होने वाला है क्योंकि पथ निर्माण विभाग की तरफ से नए पुल निर्माण को लेकर टेंडर जारी कर दिया गया है,जो प्रोसेस में है। विभागीय अनुमति मिलने के साथ निर्माण शुरू हो जाएगा। इस कार्य में करीब 11 करोड़ खर्च होंगे।
दियारा वासियों की सबसे बड़ी चिंता बाढ़ के दौरान होती है। ग्रामीणों ने पुल के बगल से एक डायवर्सन बनाया है, जिससे भारी वाहन भी गुजरते हैं। जब बाढ़ का पानी डायवर्सन को डुबो देता है, तब वाहन इस क्षतिग्रस्त पुल से होकर आने-जाने लगते हैं।
एक साथ चार-पांच वाहन गुजरने पर पुल में कंपन होने लगता है, जो किसी बड़ी दुर्घटना का संकेत है। हालांकि, पथ निर्माण विभाग ने शुरुआती दिनों में पुल के दोनों छोर पर दीवार खड़ी कर केवल मोटरसाइकिल और पैदल लोगों के आवागमन के लिए रास्ता छोड़ा था।
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साथ ही सूचना बोर्ड भी लगाया गया था, लेकिन असामाजिक तत्वों ने दीवार तोड़ दी और बोर्ड उखाड़ फेंका। आज भी पुल के दोनों छोर पर टूटी हुई दीवार के अवशेष देखे जा सकते हैं।
गौरतलब है कि दियारा क्षेत्र का यह पुल यहां की लाइफलाइन माना जाता है। इस पुल से प्रतिदिन हजारों लोगों का आवागमन होता है। यदि भविष्य में पुल पूरी तरह टूट गया तो क्षेत्र का शहर से सीधा संपर्क समाप्त हो जाएगा।
नया पुल बनने तक गंगा नदी (मोरंग) पर मजबूत डायवर्सन बनाना आवश्यक होगा, ताकि लोग सुरक्षित और सुगमता से आवागमन कर सकें। यह दियारा क्षेत्र का मुख्य मार्ग है। इस पुल से होकर सदर प्रखंड की किसन प्रसाद, लालबथानी उत्तर, लालबथानी दक्षिण, बाखरपुर, गरम घाट, रामपुर सहित दर्जनों पंचायतों के लोगों का आवागमन होता है।
साहिबगंज से बाबूपुर होते हुए मिर्जाचौकी फौजदारी तक बायपास सड़क बनने के बाद इस क्षेत्र के लोग भी इसी पुल का उपयोग करते हैं। किसन प्रसाद पुल से जिला मुख्यालय की दूरी महज पांच किलोमीटर है। लोग शहर की भीड़भाड़ से बचने के लिए बायपास मार्ग का उपयोग कर आसानी से खरीदारी कर घर लौट जाते हैं।
हर वर्ष बाढ़ आने पर यह डायवर्सन टूट जाता है। इससे स्कूली बसें गांव तक नहीं पहुंच पातीं और बच्चों की पढ़ाई प्रभावित होती है। कुछ बच्चे निजी स्कूलों तक प्रतिदिन स्कूल वाहन या निजी वाहनों से अपने स्वजनों के साथ पहुंचते हैं।
क्या कहा पदाधिकारी ने
किसन प्रसाद स्थित पुल क्षतिग्रस्त है। इसकी जानकारी विभाग को है। नया पुल बनाने के लिए छह माह पहले टेंडर निकालकर विभाग को भेजा गया है। अनुमति मिलते ही निर्माण कार्य शुरू कर दिया जाएगा। नए पुल के निर्माण पर करीब 11 करोड़ रुपये खर्च होंगे। दियारा वासियों से अपील है कि भारी वाहन पुल पर न चढ़ाएं और पुल बनने तक डायवर्सन का ही उपयोग करें। बाढ़ के दौरान जिला प्रशासन द्वारा वैकल्पिक व्यवस्था की जाएगी।
अजय कुमार, कार्यपालक अभियंता, पथ निर्माण प्रमंडल