यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Oct 31, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
प्रदूषण से फेफड़ों को पहुंचता है गंभीर नुकसान, बचाव के लिए ऐसे करें Lungs Detox
प्रदूषण बढ़ने की वजह से सांस लेना दूभर हो जाता है। हवा में मौजूद टॉक्सिन्स सांस के जरिए फेफड़ों तक पहुंचकर उन्हें नुकसान पहुंचाते हैं। इसलिए जरूरी है ...और पढ़ें

HighLights
- प्रदूषण की वजह से फेफड़ों को नुकसान पहुंचता है।
- प्रदूषण के दुष्प्रभावों को कम करने के लिए फेफड़ों को डिटॉक्स करने में मदद मिलेगी।
- फेफड़ों को डिटॉक्स करने के लिए कुछ आसान उपाय अपनाए जा सकते हैं।
लाइफस्टाइल डेस्क, नई दिल्ली। Tips For Lungs Detox: जैसे-जैसे सर्दियां पास आने लगती हैं, वैसे-वैसे हवा में प्रदूषण भी बढ़ने लगता है। हवा में जमा प्रदूषक हमारे फेफड़ों में पहुंचकर उन्हें नुकसान पहुंचाते हैं। इसके कारण फेफड़ों में सूजन या अन्य रेस्पिरेटरी समस्याएं हो सकती हैं।
इसलिए स्मॉग के इस मौसम में फेफड़ों को स्वस्थ रखना बहुत जरूरी हो जाता है, ताकि प्रदूषित हवा की वजह से फेफड़ों को कम से कम नुकसान पहुंचे। फेफड़ों को हेल्दी रखने के लिए मास्क पहनें, हवादार जगहों पर रहें और घर में एयर प्यूरीफायर का इस्तेमाल करने के साथ-साथ कई अन्य उपायों को अपनाएं। प्रदूषण के नुकसान को कम करने के लिए फेफड़ों को डिटॉक्स करना भी जरूरी है। यहां फेफड़ों को नेचुरल तरीके से डिटॉक्स करने के कुछ आसान तरीके (Tips For Natural Lung Detox) बताए गए हैं। आइए जानते हैं इनके बारे में।
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गहरी सांस लेने का अभ्यास
गहरी सांस लेने से फेफड़ों में ज्यादा ऑक्सीजन पहुंचती है, जो टॉक्सिक पदार्थों को बाहर निकालने में मदद करती हैं। यह तकनीक न केवल फेफड़ों की सफाई करती है, बल्कि उनकी क्षमता को भी बढ़ाती है। इसलिए रोजाना 10-15 मिनट डीप ब्रीदिंग एक्सरसाइज जरूर करें।
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स्टीम थेरेपी (भाप लेना)
भाप लेने से श्वांस नली में जमा बलगम और गंदगी निकलती है, जिससे सांस लेना आसान हो जाता है। भाप में नीलगिरी तेल या पेपरमिंट की कुछ बूंदें मिलाने से इसका प्रभाव बढ़ जाता है। यह गले के म्यूकस को कम करने में सहायता करता है। इससे सांस लेने में आसानी होती है।
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अदरक का सेवन
एंटी इंफ्लेमेटरी गुण से युक्त अदरक नेचुरल रूप से फेफड़ों में जमा बलगम और सूजन को कम करने में मदद करता है। इसलिए इसे चाय या काढ़े के रूप में सेवन करें या खाने में शामिल करें।
हल्दी
करक्यूमिन युक्त हल्दी के नियमित सेवन से फेफड़ों के सूजन को कम करने और फेफड़ों की सफाई में मदद मिलती है। इसे दूध या पानी में उबालकर सेवन किया जा सकता है।
ग्रीन टी
ग्रीन टी में मौजूद एंटीऑक्सीडेंट फेफड़ों के सेल्स के लिए काफी फायदेमंद होते हैं। साथ ही, इससे लंग्स के टॉक्सीन्स को बाहर निकालते हैं। इसलिए ग्रीन टी का रोजाना सेवन करें।
भरपूर पानी पिएं
शरीर को हाइड्रेटेड रखना फेफड़ों की सफाई के लिए बेहद जरूरी है। पानी पीने से बलगम कम होता है, जिससे फेफड़े अधिक आसानी से टॉक्सिक तत्वों को बाहर निकालते हैं और सांस लेने में भी आसानी होती है।
एंटीऑक्सीडेंट से भरपूर डाइट
एंटीऑक्सीडेंट से भरपूर फूड्स जैसे, नींबू, संतरा, जामुन, गाजर, बेरीज और हरी पत्तेदार सब्जियां फेफड़ों को डिटॉक्स करने में मदद करती हैं।
नियमित एक्सरसाइज
फिजिकल एक्टिविटी फेफड़ों की ऑक्सीजन उपयोग क्षमता को बढ़ाती है। इसलिए रोज 30 मिनट एक्सरसाइज जैसे जॉगिंग, रनिंग, स्विमिंग या योग जरूर करें।
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Disclaimer: लेख में उल्लिखित सलाह और सुझाव सिर्फ सामान्य सूचना के उद्देश्य के लिए हैं और इन्हें पेशेवर चिकित्सा सलाह के रूप में नहीं लिया जाना चाहिए। कोई भी सवाल या परेशानी हो तो हमेशा अपने डॉक्टर से सलाह लें।