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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Apr 07, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    World Health Day 2025: भारतीयों में बेहद कॉमन हैं 5 पोषक तत्वों की कमी, इन लक्षणों से करें पहचान

    Updated: Mon, 07 Apr 2025 08:58 AM (IST)

    लोगों को उनके स्वास्थ्य के बारे में जागरूक करने के लिए हर साल वर्ल्ड हेल्थ डे मनाया जाता है। हेल्दी रहने के लिए जरूरी है कि हमारे शरीर में सभी जरूरी प ...और पढ़ें

    Nutrient Deficiencies: ज्यादातर भारतीयों में है इन 5 पोषक तत्वों की कमी (Picture Courtesy: Freepik)
    Nutrient Deficiencies: ज्यादातर भारतीयों में है इन 5 पोषक तत्वों की कमी (Picture Courtesy: Freepik)

    HighLights

    1. हर साल 07 अप्रैल को World Health Day मनाया जाता है
    2. वर्ल्ड हेल्थ डे का मकसद लोगों को उनकी सेहत के लिए जागरूक बनाना है
    3. शरीर में पोषक तत्वों की कमी के कारण कई बीमारियां आपको घेर सकती हैं

    लाइफस्टाइल डेस्क, नई दिल्ली। अंग्रेजी की कहावत 'हेल्थ इज वेल्थ' तो आपने सुना ही होगा। इसका मतलब है कि आपकी सेहत की आपका सबसे बड़ा धन है। इसलिए  सेहत का ध्यान रखना हर व्यक्ति की पहली प्राथमिकता होनी चाहिए। हेल्थ के बारे में लोगों को जागरूक करने के लिए हर साल 7 अप्रैल को वर्ल्ड हेल्थ डे (World Health Day 2025) मनाया जाता है। 

    सेहत दुरुस्त रखने के लिए जरूरी है कि शरीर में सभी जरूरी पोषक तत्व मौजूद हो। भारत में पोषक तत्वों की कमी एक बड़ी स्वास्थ्य समस्या है। अनबैलेंस्ड डाइट, खराब खानपान और जागरूकता की कमी के कारण ज्यादातर लोग विटामिन्स और मिनरल्स की कमी (Nutrient Deficiencies) से जूझते हैं। आइए जानते हैं भारतीयों पाई जाने वाली 5 सबसे कॉमन डेफिशिएंसी (Indian nutritional deficiencies) और इनसे बचने के उपाय।

    भारतीयों में होने वाली कॉमन न्यूट्रिएंट डेफिशिएंसी (Common Nutrient Deficiencies in Indians)

    आयरन की कमी  (Iron Deficiencies)

    भारत में सबसे ज्यादा आयरन की कमी पाई जाती है, खासकर महिलाओं और बच्चों में। इससे एनीमिया होता है, जिसमें खून में हीमोग्लोबिन का स्तर कम हो जाता है।

    लक्षण

    • थकान, कमजोरी
    • सांस लेने में तकलीफ
    • पीली त्वचा और नाखून

    कैसे बचें?

    • आयरन से भरपूर डाइट- पालक, चुकंदर, अनार, दालें, अंडे, मांस और मछली खाएं।
    • विटामिन-सी के साथ लें- आयरन के अब्जॉर्प्शन के लिए संतरा, नींबू, अमरूद जैसे फल खाएं।
    • चाय-कॉफी से परहेज- खाने के तुरंत बाद चाय या कॉफी न पिएं, ये आयरन अब्जॉर्प्शन को रोकते हैं।

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    विटामिन-डी की कमी (Vitamin-D Deficiencies)

    विटामिन-डी हड्डियों के लिए जरूरी है, लेकिन भारतीयों में इसकी कमी आम है, क्योंकि लोग धूप से दूर रहते हैं।

    लक्षण

    • हड्डियों और जोड़ों में दर्द
    • मांसपेशियों की कमजोरी
    • थकान और डिप्रेशन

    कैसे बचें?

    • सुबह की धूप लें- रोजाना 15-20 मिनट धूप में बैठें।
    • विटामिन-डी से भरपूर डाइट- अंडे की जर्दी, फैटी फिश, दूध और फोर्टिफाइड अनाज खाएं।
    • सप्लीमेंट्स- डॉक्टर की सलाह से विटामिन-डी सप्लीमेंट लें।

    विटामिन-बी12 की कमी (Vitamin-B12 Deficiencies)

    विटामिन-बी12 नर्वस सिस्टम और रेड ब्लड सेल्स के लिए जरूरी है। शाकाहारी खाने में इसकी कमी होती है।

    लक्षण

    कैसे बचें?

    • डेयरी प्रोडक्ट्स- दूध, दही, पनीर और अंडे खाएं।
    • फोर्टिफाइड फूड्स- सोया मिल्क और ब्रेकफास्ट सीरियल्स लें।
    • सप्लीमेंट्स- डॉक्टर की सलाह से बी12 टैबलेट या इन्जेक्शन लें।

    कैल्शियम की कमी (Calcium Deficiencies)

    कैल्शियम हड्डियों और दांतों के लिए जरूरी है। इसकी कमी से ऑस्टियोपोरोसिस हो सकता है

    लक्षण

    • हड्डियों का कमजोर होना
    • मांसपेशियों में ऐंठन
    • नाखूनों का टूटना

    कैसे बचें?

    • दूध और डेयरी- दूध, दही, पनीर और छाछ खाएं।
    • हरी सब्जियां- पालक, ब्रोकली और मेथी में कैल्शियम होता है।
    • रागी और तिल- ये कैल्शियम के अच्छे सोर्स हैं।

    आयोडीन की कमी (Iodine Deficiencies)

    आयोडीन थायरॉइड हार्मोन के लिए जरूरी है। इसकी कमी से गॉइटर (घेंघा) हो सकता है।

    लक्षण

    • गले में सूजन
    • वजन बढ़ना
    • थकान और ड्राई स्किन

    कैसे बचें?

    • आयोडाइज्ड नमक- खाने में आयोडीन वाले नमक का इस्तेमाल करें।
    • सी फूड्स- मछली और श्रिंप्स आदि खाएं।
    • अंडे और दूध- इनमें भी आयोडीन होता है।

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    Disclaimer: लेख में उल्लिखित सलाह और सुझाव सिर्फ सामान्य सूचना के उद्देश्य के लिए हैं और इन्हें पेशेवर चिकित्सा सलाह के रूप में नहीं लिया जाना चाहिए। कोई भी सवाल या परेशानी हो तो हमेशा अपने डॉक्टर से सलाह लें।