यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 13, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
World Organ Donation Day 2024: अंग दान से जुड़े मिथ और उनके पीछे की सच्चाई
World Organ Donation Day 2024 हर साल 13 अगस्त को मनाया जाता है। अंगदान को रक्तदान की ही तरह महादान ...और पढ़ें

HighLights
- 13 अगस्त को World Organ Donation Day मनाया जाता है।
- अंग दान के प्रति जागरूकता बढ़ाना है इस दिन को मनाने का मकसद।
- अंग दान से जुड़ी गलतफहमियां और उनके पीछे का सच।
लाइफस्टाइल डेस्क, नई दिल्ली। रक्तदान के बाद अंग दान को सबसे बड़ा दान माना गया है। अंग दान से आप कई लोगों की जिंदगी बचा सकते हैं। लोगों में इसी के प्रति जागरूकता फैलाने के मकसद से हर साल 13 अगस्त को विश्व अंग दान दिवस (World Organ Donation Day 2024) मनाया जाता है। अंग दान को लेकर लोगों में कई तरह की गलतफहमियां फैली हुई हैं, इस वजह से लोग इसके लिए आगे नहीं आते। अंग दान के लिए लोगों को प्रेरित करने के लिए इन भ्रांतियों को दूर करना सबसे ज्यादा जरूरी है।
मिथ 1: हर कोई अंग दान कर सकता है।
फैक्ट: ऐसा नहीं है, कुछ खास बीमारियों, जैसे- कैंसर, किसी इन्फेक्शन का शिकार और एचआईवी होने पर अंग दान नहीं किया जा सकता है।
मिथ 2 - इसमें जान जाने का भी खतरा रहता है।
फैक्ट: यह एक गलतफहमी है। अंग दान करने से पहले मेडिकल एक्सपर्ट व्यक्ति की पूरी तरह से जांच-पड़ताल करते हैं।उसके बाद ही ऑर्गन डोनेशन का प्रोसेस आगे बढ़ता है। हर कंडीशन में पहले अंगदान करने वाले व्यक्ति की जान बचाने की कोशिश की जाती है।
मिथ 3: सिर्फ हार्ट, लिवर और किडनी ही दान कर सकते हैं।
फैक्ट: ये भी अंग दान से जुड़ी एक गलतफहमी है। हार्ट, किडनी, लिवर के अलावा पेनक्रियाज, फेफड़े, छोटी व बड़ी आंत, त्वचा, हड्डी, हार्ट वाल्व और टेंडन जैसे टिश्यूज को भी दान किया जा सकता है।
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मिथ 4: अंग और टिशूज दान से शरीर खराब हो जाता है।
फैक्ट: ऑर्गन डोनेशन में जिस भी अंग को डोनेट किया जाता है, उसे एक्सपर्ट्स ऑपरेशन के जरिए सुरक्षित निकालने का काम करते हैं। नेत्रदान के बाद वहां आर्टिफिशियल आंख लगा दी जाती है और अगर हड्डियां डोनेट करते हैं, तो उस जगह रॉड डाल दी जाती है।
मिथक 5: अंग दान में परिवार को अतिरिक्त खर्च उठाना पड़ता है।
फैक्ट: ये बिल्कुल गलत है। ऑर्गन डोनेट करने वाले के परिवार को इस संबंध में किसी भी तरह का अतिरिक्त खर्च नहीं उठाना पड़ता है, बल्कि आर्गन पाने वाला सारा खर्च वहन करता है।
