सर्दियों में खिड़की खोलना बेवकूफी नहीं, Lüften है! जानिए क्यों सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा ये जर्मन तरीका
सोशल मीडिया पर जर्मन शब्द 'लुफ्टन' (हाउस बर्पिंग) ट्रेंड कर रहा है। यह सर्दियों में खिड़कियां खोलकर ताजी हवा लेने की जर्मन परंपरा है। विशेषज्ञ बताते ह ...और पढ़ें
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लुफ्टन: सर्दियों में घर को हवादार रखने का जर्मन रहस्य और इसके फायदे (Picture Credit- AI Generated)

समय कम है?
जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में
लाइफस्टाइल डेस्क, नई दिल्ली। सोशल मीडिया पर इन दिनों एक जर्मन शब्द काफी ज्यादा सुनने को मिल रहा है। सोशल मीडिया पर प्रचलित होने के साथ-साथ यह शब्द गूगल पर भी काफी ज्यादा ट्रेंड हो रहा है। हम बात कर रहे हैं जर्मन शब्द "लुफ्टन" की, जिसे कई लोग "हाउस बर्पिंग" का नाम दे रहे हैं। आइए जानते हैं इस जर्मन शब्द के मतलब और इसके कॉन्सेप्ट के बारे में-
लुफ्टन क्या है?
सर्दियों में खिड़कियां खोलकर ताजी हवा लेने की जर्मन आदत को 'लुफ्टन' (Lüften) कहा जाता है। 'लुफ्टन' एक जर्मन शब्द है, जिसका मतलब घर को हवादार बनाना या वेंटिलेशन होता है।
यह जर्मनी के लोगों की एक पारंपरिक आदत है, जिसमें लोग घर की अंदरूनी हवा को साफ करने के लिए रोजाना, यहां तक कि सर्दियों के मौसम में भी, खिड़कियां खोलते हैं। यहां पर इसे अच्छी सेहत और साफ-सफाई का हिस्सा माना जाता है।
क्यों फायदेमंद है यह आदत?
विशेषज्ञों की मानें तो, घर के अंदर की हवा बाहर की तुलना में ज्यादा प्रदूषित हो सकती है। बाहर से आने वाले प्रदूषक, कार्बन डाइऑक्साइड और जानवरों के बाल या फर (dander) घर के अंदर जमा हो जाते हैं। ऐसे में खिड़कियां खोलने से ये प्रदूषक बाहर निकल जाते हैं और घर की हवा साफ हो जाती है।
लुफ्टन के फायदे:
फफूंद (Mold) से बचाव: घर बंद रहने की वजह से अक्सर नमी जमा हो सकती है, जिससे फफूंद पैदा हो सकती है। ऐसे में घर में ताजी हवा आने से यह नमी को कम करती है, जिससे फफूंद का खतरा कम होता है। जर्मन लोग इसे दिन में एक या दो बार जरूर करते हैं।
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फेफड़ों की सेहत: बाहर की हवा अक्सर प्रदूषित होती है, जिसमें सांस लेना सेहत के लिए हानिकारक होता है। ऐसे में घर के अंदर की साफ हवा फेफड़ों के लिए अच्छी होती है। लुफ्टन से घर की हवा साफ होती है और यह धुएं, धूल, केमिकल और कीटाणुओं को कम करके सांस लेना आसान करती है।
मेंटल हेल्थ के लिए फायदेमंद: कुछ शोध बताते हैं कि खराब हवा का असर हमारे दिमाग पर भी पड़ता है। प्रदूषित हवा और मानसिक तनाव, चिंता या डिप्रेशन के बीच एक संबंध देखा गया है। ऐसे में घर की ताजी हवा से मूड बेहतर हो सकता है और दिमाग को सुकून मिलता है।