‘सिबिल खराब’ का डर दिखाकर 8 लाख की ठगी : बीएसएफ आरक्षक को फर्जी बैंक मैनेजर ने बनाया शिकार
ग्वालियर के टेकनपुर में एक बीएसएफ आरक्षक 8 लाख रुपये की साइबर ठगी का शिकार हो गया। फर्जी बैंक मैनेजर ने खराब सिबिल स्कोर का बहाना बनाकर आरक्षक से बैंक ...और पढ़ें

फर्जी बैंक मैनेजर ने कॉल कर जवान को डराया (प्रतीकात्मक चित्र)

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डिजिटल डेस्क, ग्वालियर। टेकनपुर स्थित सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) अकादमी में पदस्थ एक आरक्षक को फर्जी बैंक मैनेजर बनकर आठ लाख रुपये की साइबर ठगी का शिकार बना लिया गया। आरोपी ने ‘सिबिल खराब’ होने और लोन रद्द होने का भय दिखाकर पीड़ित से बैंक खाते की गोपनीय जानकारी और ओटीपी हासिल कर लिए। महज 15 मिनट में खाते से आठ लाख रुपये पार हो गए।
‘लोन बंद हो जाएगा’ कहकर फैलाया डर
भिंड जिले के लहार निवासी अवनीश ने State Bank of India से 11 लाख रुपये का लोन लिया था। सितंबर 2025 में उन्हें एक अनजान नंबर से कॉल आया। कॉलर ने खुद को “विनोद कुमार सिन्हा, एसबीआई दिल्ली शाखा का मैनेजर” बताया और कहा कि उनकी सिबिल रिपोर्ट खराब है, इसलिए लोन की स्थिति तत्काल स्पष्ट करनी होगी।
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भविष्य में लोन न मिलने के डर से आरक्षक घबरा गए और कॉलर को बैंक खाते का विवरण, अन्य गोपनीय जानकारी और ओटीपी साझा कर दिया। इसके तुरंत बाद उनके खाते से आठ लाख रुपये निकाल लिए गए।
पांच महीने बाद खुला राज
करीब पांच माह बाद जब आरक्षक बैंक पहुंचे, तब खाते की जांच में ठगी का पता चला। इसके बाद उन्होंने धर्मवीर सिंह से शिकायत की। एसएसपी ने मामले में क्राइम ब्रांच थाना प्रभारी को एफआईआर दर्ज करने के निर्देश दिए हैं।
सावधानी ही बचाव
पुलिस ने आम नागरिकों से अपील की है कि बैंक अधिकारी कभी भी फोन पर ओटीपी, सीवीवी या खाता संबंधी गोपनीय जानकारी नहीं मांगते। संदिग्ध कॉल आने पर तुरंत संबंधित बैंक शाखा से सत्यापन करें।