'छात्र नहीं, अंधभक्तों को प्रमोट कर रहा "सिस्टम', इंदौर में 'छात्रों की गूंज' कार्यक्रम में गरजे राहुल गांधी
राहुल गांधी ने इंदौर में 'छात्रों की गूंज' कार्यक्रम में कहा कि देश का 'सिस्टम' छात्रों की बजाय अंधभक्तों को ...और पढ़ें

मंच पर युवाओं से संवाद करते राहुल गांधी (फोटो- जागरण)
HighLights
सिस्टम अंधभक्तों को प्रमोट कर रहा, छात्रों को नहीं: राहुल गांधी।
अजीत डोभाल पर फोन टैपिंग और संचार निगरानी का आरोप लगाया।
बोले- देश को छह लोग चला रहे, अदाणी-अंबानी सिस्टम के दाएं-बाएं।
संजय मिश्र, जागरण, इंदौर। लोकसभा में नेता विपक्ष राहुल गांधी ने जेन-जी छात्रों से रूबरू होते हुए देश की पूरी व्यवस्था पर 'सिस्टम' का संपूर्ण कब्जा होने का दावा करते हुए मोदी सरकार और आरएसएस पर हमला बोलते हुए कहा कि इस सिस्टम को छात्र स्वीकार्य नहीं, क्योंकि वे सवाल करते हैं। इसलिए मौजूदा सिस्टम छात्रों को नहीं चाहता, बल्कि वह पूरे देश में अंधभक्त चाहता है।
राहुल ने कहा कि जहां छात्र ईमानदार और निडर होते हैं, वहीं अंधभक्त बेईमान और झूठे होते हैं। इसलिए सिस्टम अंधभक्त तैयार कर उन्हें प्रमोट करता है, छात्रों को नहीं। राहुल गांधी ने कहा कि देश में आज जो हिंसा नफरत चल रही है, उसे छात्र ही मिटा सकता है। उन्होंने राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल पर पूरे संचार तंत्र की निगरानी करने और फोन टैपिंग कराने का भी आरोप लगाया।

युवाओं, छात्रों के मुद्दों पर संवाद
मध्य प्रदेश की व्यावसायिक राजधानी माने जाने वाले इंदौर में प्रशासिनक मशक्कत से जूझने के बाद शनिवार को यहां युवाओं के अपने आउटरीच कार्यक्रम 'छात्रों की गूंज' के पांचवें संस्करण में छात्रों से रूबरू होते हुए राहुल गांधी ने यह बात कही। इस दौरान राष्ट्रीय स्तर के छात्रों के सवालों के साथ-साथ मध्य प्रदेश के ओबीसी कोटा में बढ़ोतरी के बाद सरकारी पदों पर 13 प्रतिशत भर्ती पर रोक, नर्सिंग छात्रों, व्यापम परीक्षा की गड़बड़ियां, भर्ती परीक्षा के नतीजे घोषित नहीं करने जैसे कई मुद्दों को स्थानीय युवाओं द्वारा उठाया गया।
राहुल गांधी ने कहा कि छात्र ही भारत का भविष्य हैं और उनके बिना कोई भी देश मजबूत नहीं बन सकता। मगर सिस्टम यहां छात्रों को ही निशाना बना रहा, क्योंकि वे अदाणी, अंबानी, जय शाह को लेकर सवाल उठा रहे हैं।

'देश को सिर्फ छह लोग चला रहे'
राहुल गांधी ने पीएम नरेन्द्र मोदी, अमित शाह, अजीत डोभाल और मोहन भागवत समेत बड़े स्क्रीन पर छह प्रमुख लोगों की तस्वीर दिखाते हुए कहा कि इस सिस्टम को छह लोग चला रहे हैं और अदाणी, अंबानी इनके दाएं-बाएं हैं। उन्होंने दावा किया कि अजीत डोभाल कहते हैं कि हिंदुस्तान को कंट्रोल करना है तो केवल 500 लोगों को कंट्रोल करने की जरूरत है। इसलिए देश के सभी संचार, वाट्सएप पर उनका कब्जा है और हम सबके फोन में डोभाल बैठे हैं। डोभाल फोन टैपिंग कराते हैं और नरेन्द्र मोदी तथा अमित शाह को सारी सूचनाएं देते हैं। आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत विचारधारा की बात करते हैं और इसके लिए इनके संगठन को हजारों करोड़ संस्थाएं चलाने के लिए दिए जाते हैं।
उन्होंने आरोप लगाया कि अदाणी इस सिस्टम को पूरा फाइनेंस करते हैं और स्कूल-कॉलेजों से लेकर तमाम कांट्रैक्ट से जो पैसा कमाया जाता है, वह सारा घुमाकर भाजपा को दिया जाता है, पीएम मोदी की मार्केटिंग और सिस्टम चलाने के लिए।
शिक्षा की दयनीय दशा पर चर्चा
शिक्षा की दयनीय हालत की चर्चा करते हुए राहुल गांधी ने 2014 में शिक्षा बजट 4.6 प्रतिशत की जगह घटकर 2.6 प्रतिशत आने का उल्लेख किया और कहा कि देश में एक लाख सरकारी स्कूल बंद हो गए हैं, जिनमें 55 प्रतिशत मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश में हैं। दिल्ली के सत्य निकेतन में पीजी ध्वस्त होने से छात्रों की मौत को इसी कटौती का नतीजा बताते हुए राहुल गांधी ने इस घटना में प्राण गंवाने वाले मध्य प्रदेश के एक छात्र के परिजनों को मंच पर बुलाकर उनकी हरसंभव मदद का भरोसा दिया।
दबाई जा रही छात्रों की आवाज
छात्रों की आवाज दबाए जाने की बात उठाते हुए राहुल गांधी ने कहा कि सिस्टम को छात्रों से खतरा है। वह सवाल उठा रहा कि कपिलदेव और सचिन तेंदुलकर जैसे क्रिकेटरों के होते हुए अमित शाह के बेटे जय शाह को बीसीसीआई का प्रमुख कैसे बना दिया गया। छात्र पूछ रहे कि देश के पूरे बिजनेस को दो लोगों ने कैसे कैप्चर कर लिया? न्यायपालिका समेत बाकी संस्थाएं अपना काम क्यों नहीं कर रहीं? चुनाव आयोग तथा मीडिया अपना काम क्यों नहीं कर रहा है?
रंगारंग कार्यक्रम से बांधा समां
कार्यक्रम में बॉलीवुड गायक राघव चैतन्य, डांस ग्रुप विकास अनबिटेबल ने दमदार प्रस्तुति देते हुए युवाओं का खूब मनोरंजन किया।

रंगारंग कार्यक्रम से मचाया धमाल
मंच पर पहले अमेरिका गॉट टैलेंट के विकास अनबिटेबल ड्रीम टीम ने परफार्मेंस दिया। उनकी शानदार प्रस्तुति देख दर्शक वाह-वाह कर उठे। इसके बाद राघव चैतन्य मंच पर आए और उन्होंने मैंने तेरा नाम रख दिया एवं मासूका जैसे गाने पेश करते हुए युवाओं को अपने साथ झूमने पर मजबूर कर दिया।

चार राज्यों के शहरों में हो चुके कार्यक्रम
‘छात्रों की गूंज’ अभियान के तहत इससे पहले राजस्थान के कोटा, उत्तर प्रदेश के प्रयागराज, उत्तराखंड के देहरादून और महाराष्ट्र के पुणे में कार्यक्रम आयोजित किए जा चुके हैं। इसके बाद एमपी के इंदौर में यह छात्रों की गूंज का पांचवा आयोजन हुआ है।
