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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jun 21, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Special Story: जानें कैसे बन सकते हैं सरकारी टीचर, शिक्षक बनने के लिए ये हैं प्रमुख कोर्सेज

    By Amit YadavEdited By: Amit Yadav
    Updated: Wed, 21 Jun 2023 04:26 PM (IST)

    How to Become a Government Teacher अगर आपका सपना आगे चलकर सरकारी टीचर बनने का है तो इसकी शुरुआत आप 12वीं के बाद से ही कर सकते हैं। इसके अलावा स्नातक प ...और पढ़ें

    Special Story: 12वीं एवं स्नातक के इन कोर्स को कर बन सकते हैं सरकारी टीचर।
    Special Story: 12वीं एवं स्नातक के इन कोर्स को कर बन सकते हैं सरकारी टीचर।

    Special Story: एक गुरु को हमारे देश में भगवान से भी ऊपर का दर्जा दिया जाता है। शिक्षकों को विश्वभर में सम्मान की नजर से देखा जाता है। अगर आपका सपना ही एक अध्यापक बनने का है तो इस क्षेत्र में विभिन्न कोर्सेज मौजूद हैं जिनको करके आप सरकारी अध्यापक बनने की योग्यता हासिल कर लेते हैं। आप ये कोर्स बारहवीं के बाद से ही कर सकते हैं। इसके अलावा कुछ ऐसे भी कोर्स हैं जिन्हें स्नातक के बाद किया जा सकता है। परास्नातक कोर्स करने के लिए आपका ग्रेजुएट होना अनिवार्य है। आज हम यहां कुछ ऐसे ही प्रमुख कोर्सेज के बारे में बता रहे हैं। आप यहां से इन कोर्सेज की जानकारी, योग्यता आदि की पूरी जानकारी हासिल कर सकते हैं।

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    बैचलर ऑफ एजुकेशन- बीएड (B.Ed)

    टीचिंग के क्षेत्र में यह सबसे प्रचलित कोर्स माना जाता है। प्रतिवर्ष लाखों की संख्या में स्टूडेंट्स इस पाठ्यक्रम में प्रवेश लेते हैं। बीएड द्विवर्षीय कोर्स है। इसमें एडमिशन के लिए हर राज्य अपनी-अपनी प्रवेश परीक्षा का आयोजन करते हैं। इसके अलावा कुछ ओपन यूनिवर्सिटी भी इस कोर्स को करवाती हैं। इस कोर्स में प्रवेश के लिए स्नातक होना अनिवार्य है।

    नई शिक्षा नीति के लागू होने के बाद अब बीएड 12th के बाद भी किया जा सकेगा। यह कोर्स 4 वर्षीय होगा जो कि स्नातक डिग्री के साथ ही बीएड की डिग्री भी प्रदान करेगा।

    बैचलर ऑफ एलिमेंट्री एजुकेशन (B.EI.Ed.)

    यह कोर्स 12वीं के बाद ही किया जा सकता है। यह चार वर्षीय कोर्स होता है। इसमें प्रवेश के लिए उम्मीदवारों ने 12th न्यूनतम 50 प्रतिशत अंको के साथ पास किया हो। आरक्षित वर्ग को इसमें छूट प्रदान की जाती है।

    डिप्लोमा इन एजुकेशन (D.Ed), डिप्लोमा इन एलिमेंट्री एजुकेशन (D.El.Ed) या बीटीसी

    इस कोर्स को राज्यों के अनुसार अलग-अलग नामों से जाना जाता है। बिहार एवं मध्य प्रदेश में इसे डीएड के नाम से जानते हैं जिसे 12वीं के बाद किया जा सकता है। इसके अलावा उत्तर प्रदेश एवं अन्य कुछ राज्यों में इसे डीएलएड के नाम से जाना जाता है। डीएलएड करने के लिए उम्मीदवारों का ग्रेजुएट होना अनिवार्य है।

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    उत्तीर्ण करनी होती है टीईटी या सीटीईट

    उम्मीदवारों को बता दें कि नयी शिक्षा नीति के तहत उम्मीदवारों को डीएलएड, बीएड, बीटीसी जैसे कोर्स करने बाद टीचर एलिजिबिलिटी टेस्ट (TET) या सेंट्रल टीचर एलिजिबिलिटी टेस्ट (CTET) उत्तीर्ण करना अनिवार्य है। अगर आप इन दोनों परीक्षाओं में से किसी किसी भी परीक्षा को उत्तीर्ण नहीं कर पाते हैं तो आप विभिन्न सरकारी टीचर भर्ती में भाग नहीं ले पाएंगे। टीईटी परीक्षा सभी राज्य अलग-अलग आयोजित करते हैं और सीटीईटी परीक्षा केंद्र सरकार के द्वारा आयोजित की जाती है। यह परीक्षाएं प्रतिवर्ष आयोजित की जाती हैं। कई राज्य टीईटी की परीक्षा एक साल में दो बार भी आयोजित करते हैं।

    इन कोर्सेज के अलावा आप उच्च शिक्षा के लिए एमएड, एमपीएड आदि कोर्स भी कर सकते हैं। इन कोर्सेज को करने के बाद आप टीचर बनने की योग्यता हासिल कर सकते हैं। इन कोर्सेज को करने के बाद आप क्लास 1 से 8वीं तक के स्कूलों में टीचर बन सकते हैं।

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