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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Mar 26, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

भारत-चीन ने की LAC पर स्थिति की समीक्षा, सीमा पार सहयोग फिर शुरू करने पर भी हुआ विचार

Published: Wed, 26 Mar 2025 12:00 AM (IST)

भारत-चीन सीमा मामलों पर मंगलवार को डब्ल्यूएमसीसी के ढांचे के तहत बीजिंग में 33वीं बैठक हुई। इस बैठक में कई ...और पढ़ें

भारत-चीन ने की LAC पर स्थिति की समीक्षा।
भारत-चीन ने की LAC पर स्थिति की समीक्षा।

पीटीआई, नई दिल्ली। भारत-चीन सीमा मामलों पर परामर्श और समन्वय के लिए कार्य तंत्र (डब्ल्यूएमसीसी) के ढांचे के तहत बीजिंग में मंगलवार को 33वीं बैठक हुई। इसमें दोनों देशों ने वास्तविक नियंत्रण रेखा (एलएसी) पर स्थिति की समीक्षा की और सीमा पार सहयोग व आदान-प्रदान जल्द से जल्द फिर शुरू करने पर भी विचार-विमर्श किया।

इसमें सीमा पार की नदियां व कैलास-मानसरोवर यात्रा शामिल हैं। डब्ल्यूएमसीसी की बैठक में दोनों देशों ने दिसंबर में विशेष प्रतिनिधि (एसआर) वार्ता में एनएसए अजीत डोभाल और चीनी विदेश मंत्री वांग यी के बीच वार्ता के दौरान लिए गए निर्णयों को क्रियान्वित करने के लिए विभिन्न उपायों और प्रस्तावों पर विचार-विमर्श किया।

निर्णयों को क्रियान्वित करने की दिशा में आगे बढ़ेंगे दोनों देश

विदेश मंत्रालय ने कहा कि डब्ल्यूएमसीसी की बैठक सकारात्मक और रचनात्मक माहौल में हुई। इसमें दोनों देशों ने सीमा मुद्दे पर अपने विशेष प्रतिनिधियों (एसआर) की अगली बैठक की पर्याप्त तैयारी करने के लिए मिलकर काम करने पर सहमति जताई, जो इस वर्ष के अंत में भारत में आयोजित होने वाली है।

मंत्रालय ने अपने बयान में कहा कि सीमा पर शांति और स्थिरता समग्र द्विपक्षीय संबंधों के सुचारू विकास के लिए महत्वपूर्ण हैं। इसमें कहा कि दोनों पक्षों ने दिसंबर, 2024 में बीजिंग में भारत-चीन सीमा मुद्दे पर विशेष प्रतिनिधियों की 23वीं बैठक के दौरान लिए गए निर्णयों को क्रियान्वित करने और प्रभावी सीमा प्रबंधन को आगे बढ़ाने के लिए विभिन्न उपायों व प्रस्तावों पर विचार-विमर्श किया।

सैन्य तंत्र को मजबूत करने पर दोनों देशों में सहमति

  • बयान में कहा गया है कि दोनों पक्ष इस दिशा में प्रासंगिक राजनयिक व सैन्य तंत्र को बनाए रखने और मजबूत करने पर सहमत हुए। वार्ता में भारतीय प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व विदेश मंत्रालय में संयुक्त सचिव (पूर्वी एशिया) गौरांगलाल दास ने किया।
  • चीनी प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व चीनी विदेश मंत्रालय के सीमा व महासागरीय मामलों के विभाग के महानिदेशक हांग लियांग ने किया।
  • भारतीय प्रतिनिधिमंडल के नेता ने सहायक विदेश मंत्री हांग लेई से शिष्टाचार भेंट भी की। डब्ल्यूएमसीसी की यह बैठक विदेश सचिव विक्रम मिसरी की बीजिंग की दो दिवसीय यात्रा और अपने चीनी समकक्ष के साथ वार्ता के दो महीने बाद हुई है।

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