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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jul 26, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    'आतंक के आका मेरी आवाज सीधे सुन सकते हैं' कारगिल वॉर मेमोरियल से PM मोदी का पाकिस्तान को कड़ा संदेश

    By Agency Edited By: Piyush Kumar
    Updated: Fri, 26 Jul 2024 11:07 AM (IST)

    करगिल दिवस के मौके पर पीएम मोदी ने देश के वीर जवानों को श्रद्धांजलि दी। साल 1999 में भारत-पाकिस्तान के युद्ध में अपने प्राणों की आहुति देने वाले बहादु ...और पढ़ें

    करगिल दिवस के मौके पर पीएम मोदी ने पाकिस्तान को सुनाई खरी-खरी।(फोटो सोर्स: भाजपा)
    करगिल दिवस के मौके पर पीएम मोदी ने पाकिस्तान को सुनाई खरी-खरी।(फोटो सोर्स: भाजपा)

    HighLights

    1. पाकिस्तान ने अपने इतिहास से कुछ नहीं सीखा: पीएम मोदी
    2. प्रधानमंत्री मोदी ने कारगिल विजय दिवस पर शहीदों को श्रद्धांजलि दी।
    3. अग्निपथ योजना को लेकर विपक्ष पर पीएम मोदी ने निशाना साधा।

    एएनआई, नई दिल्ली। 25वें कारगिल विजय दिवस (25th Kargil Vijay Diwas) के अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज कारगिल युद्ध स्मारक पर बहादुर बलिदानियों को श्रद्धांजलि दी। इसके बाद पीएम मोदी ने वॉर मेमोरियल पहुंचकर जवानों को संबोधित किया। पीएम मोदी (PM Modi Speech) ने साल 1999 में भारत-पाकिस्तान की युद्ध में अपने प्राणों की आहुति देने वाले बहादुर जवानों को याद करते हुए पाकिस्तान पर जमकर निशाना साधा।

    पाकिस्तान ने इतिहास से कुछ नहीं सीखा: पीएम मोदी 

    पीएम मोदी ने कहा, 'पाकिस्तान ने अतीत में जितने भी दुष्प्रयास किए, उसे हमेशा मुंह की खानी पड़ी है। लेकिन पाकिस्तान ने अपने इतिहास से कुछ नहीं सीखा। वह आतंकवाद और प्रॉक्सी वॉर के सहारे अपने आप को प्रासंगिक बनाए रखने का प्रयास कर रहा है।'

    आंतकवाद को लेकर पाकिस्तान पर बरसे पीएम मोदी 

    प्रधानमंत्री मोदी ने आगे कहा कि आज मैं ऐसी जगह से बोल रहा हूं जहां आतंक के आका मेरी आवाज सीधे सुन सकते हैं, मैं आतंकवाद के इन संरक्षकों को बताना चाहता हूं कि उनके नापाक इरादे कभी सफल नहीं होंगे। हमारे जवान पूरी ताकत से आतंकवाद को कुचलेंगे और दुश्मन को मुंहतोड़ जवाब दिया जाएगा।"

    पीएम मोदी ने आगे कहा,"आतंकवाद को हमारे जांबाज पूरी ताकत से कुचलेंगे। दुश्मन को मुंहतोड़ जवाब दिया जाएगा। लद्दाख हो या फिर जम्मू-कश्मीर, विकास के सामने आ रही हर चुनौती को भारत परास्त करके ही रहेगा।"

    'राष्ट्र के लिए दिए गए बलिदान अमर होते हैं'

    पीएम मोदी ने कहा कि मेरा सौभाग्य है कि कारगिल युद्ध के समय मैं एक सामान्य देशवासी के रूप में अपने सैनिकों के बीच था। आज जब मैं फिर कारगिल की धरती पर हूं, तो स्वाभाविक है कि वो स्मृतियां मेरे मन में ताजा हो गई हैं। उन्होंने आगे कहा कि आज लद्दाख की ये महान धरती कारगिल विजय के 25 वर्ष पूरे होने की साक्षी बन रही है। कारगिल विजय दिवस हमें बताता है कि राष्ट्र के लिए दिए गए बलिदान अमर होते हैं।

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    पीएम मोदी ने कारगिल युद्ध के दौरान वीर सैनिकों के अद्मय साहस को याद करते हुए कहा कि मुझे याद है कि किस तरह हमारी सेनाओं ने इतनी ऊंचाई पर, इतने कठिन युद्ध ऑपरेशन को अंजाम दिया था।

    मैं देश को विजय दिलाने वाले ऐसे सभी शूरवीरों को आदरपूर्वक प्रणाम करता हूं। मैं उन शहीदों को नमन करता हूं, जिन्होंने कारगिल में मातृभूमि की रक्षा के लिए अपना सर्वोच्च बलिदान दिया- पीएम मोदी 

    पिछली सरकार ने OROP पर झूठ बोला: पीएम मोदी

    प्रधानमंत्री ने इस मौके पर विपक्ष पर भी निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि हम राजनीति के लिए नहीं, राष्ट्रनीति के लिए काम करते हैं। हमारे लिए राष्ट्र की सुरक्षा सर्वोपरि है। हमारे लिए 140 करोड़ लोगों की शांति सबसे पहले है। जो लोग देश के युवाओं को गुमराह कर रहे हैं।

    उनका इतिहास साक्षी है कि उन्हें सैनिकों की कोई परवाह नहीं है। ये वही लोग हैं, जिन्होंने 500 करोड़ की मामूली रकम दिखाकर OROP पर झूठ बोला। ये हमारी सरकार है, जिसने ओआरओपी लागू किया। पूर्व सैनिकों को 1.25 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा दिए गए।- पीएम मोदी 

    पीएम मोदी ने यह भी कहा कि कारगिल की विजय किसी सरकार या दल की विजय नहीं थी। ये विजय देश की थी, ये विजय देश की विरासत है। ये देश के गर्व और स्वाभिमान का पर्व है।

    अग्निपथ योजना ने युवाओं के सपनों को साकार किया: पीएम मोदी 

    पीएम मोदी ने अग्निपथ योजना का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि अग्निपथ योजना के जरिए देश ने इस महत्वपूर्ण सपने को एड्रेस किया है। अग्निपथ का लक्ष्य सेनाओं को युवा बनाना और सेनाओं को युद्ध के लिए निरंतर योग्य बनाए रखना है।

    पाकिस्तान से आए घुसपैठियों को भारतीय सेना ने दिया था मुंहतोड़ जवाब

    साल 1999 के मई महीने में पाकिस्तान की ओर से कुछ घुसपैठिये भारत की धरती में घुस आए थे। इसके बाद भारतीय सेना ने 'ऑपरेशन विजय' शुरू किया था। इसके बाद भारत और पाकिस्तान के बीच कश्मीर के कारगिल जिले और एलओसी पर मई से जुलाई 1999 तक युद्ध चला।

    'ऑपरेशन विजय' के तहत भारतीय सेना पाकिस्तानी घुसपैठियों को खदेड़ने में कामयाब रही और टाइगर हिल और दूसरे रणनीतिक ठिकानों पर सफलतापूर्वक कब्जा कर लिया।

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