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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 04, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Kerala: कोझिकोड के सरकारी अस्पताल में ऑपरेशन के दौरान पेट में छोड़ी कैंची, महिला ने मांगा 50 लाख का मुआवजा

    By AgencyEdited By: Mohd Faisal
    Updated: Mon, 04 Sep 2023 10:22 PM (IST)

    केरल की राजधानी में चिकित्सकीय लापरवाही का मामला सामने आया है। यहां कोझिकोड के सरकारी मेडिकल कॉलेज अस्पताल (एमसीएच) में आपरेशन के दौरान छह वर्ष पहले ए ...और पढ़ें

    सरकारी अस्पताल में ऑपरेशन के दौरान पेट में छोड़ी कैंची, महिला ने मांगा 50 लाख का मुआवजा (फाइल फोटो)
    सरकारी अस्पताल में ऑपरेशन के दौरान पेट में छोड़ी कैंची, महिला ने मांगा 50 लाख का मुआवजा (फाइल फोटो)

    HighLights

    1. सरकारी अस्पताल में ऑपरेशन के दौरान पेट में छोड़ी कैंची।
    2. पीड़िता के समर्थन में आई एक्शन कमेटी।
    3. 30 नवंबर 2017 का है मामला।

    तिरुअनंतपुरम, एजेंसी। केरल की राजधानी में चिकित्सकीय लापरवाही का मामला सामने आया है। यहां कोझिकोड के सरकारी मेडिकल कॉलेज अस्पताल (एमसीएच) में आपरेशन के दौरान छह वर्ष पहले एक महिला के पेट में दो कैंची छोड़ दी गई। अब पीड़ित महिला ने राज्य सरकार से 50 लाख रुपये का मुआवजा मांगा है।

    पीड़िता के पेट में छोड़ दी गई थी कैंची

    कोझिकोड में पत्रकारों से बातचीत में पीड़िता के. हर्षिना ने कहा कि राज्य की स्वास्थ्य मंत्री वीना जार्ज लगातार कह रही थी कि सरकार उनके साथ है। पुलिस जांच में स्पष्ट हो चुका है कि कोझिकोड के सरकारी अस्पताल में उनके पेट में कैंची छोड़ी गई थी और दोषी कर्मचारियों की भी पहचान हो चुकी है। ऐसे में सरकार को वर्षों तक कष्ट झेलने के लिए मुझे मुआवजा देना चाहिए।

    पीड़िता के समर्थन में आई एक्शन कमेटी

    पीड़िता के समर्थन में आए एक्शन कमेटी के सदस्यों ने कहा कि 11 सितंबर से शुरू हो रहे विधानसभा सत्र से पहले मुआवजा नहीं दिया जाता है तो 13 सितंबर को राज्य सचिवालय पर प्रदर्शन किया जाएगा। मामले में शनिवार को कोझिकोड पुलिस ने न्यायालय में आरोपपत्र दाखिल किया था। आरोपपत्र में दो स्त्री रोग विशेषज्ञों और दो नर्सों को ड्यूटी में लापरवाही के लिए नामित किया गया है।

    कोझिकोड के सरकारी अस्पताल में बरती गई थी लापरवाही

    गत 30 नवंबर 2017 को कोझिकोड के सरकारी अस्पताल में तीसरे प्रसव के दौरान यह चिकित्सकीय लापरवाही बरती गई। काफी समय बाद जानकारी पर गत वर्ष अक्टूबर में कोझिकोड के सरकारी अस्पताल में ऑपरेशन कर हर्षिना के पेट से एक जोड़ी कैंची निकाली गईं।