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‘दाऊद ग्रुप’ का नाम लेकर अरबों की ठगी, 2005 से चल रहा था गिरोह; कई फिल्मी कलाकारों को बनाया निशाना

Updated: Sun, 23 Aug 2026 02:10 AM (IST)

रायपुर पुलिस ने ‘डी ग्रुप कंपनी’ यानी ‘दाऊद ग्रुप’ से जुड़े होने का दावा करते हुए, नेताओं और फिल्मी कलाकारों के साथ तस्वीरें दिखाकर लोगों को ठगने वाले अंतरराज्यीय गिरोह का राजफाश किया है।

‘दाऊद ग्रुप’ का नाम लेकर अरबों की ठगी, 2005 से चल रहा था गिरोह (सांकेतिक तस्वीर)

‘दाऊद ग्रुप’ का नाम लेकर अरबों की ठगी, 2005 से चल रहा था गिरोह (सांकेतिक तस्वीर)

HighLights

  1. दाऊद ग्रुप से जुड़ा होने का दावा कर पीड़ितों पर दबाव बनाते थे शातिर ठग 

  2. दिल्ली, मुंबई, कोलकाता, हैदराबाद, आगरा के होटलों में बुलाते थे आरोपित 

जेएनएन, रायपुर। रायपुर पुलिस ने ‘डी ग्रुप कंपनी’ यानी ‘दाऊद ग्रुप’ से जुड़े होने का दावा करते हुए, नेताओं और फिल्मी कलाकारों के साथ तस्वीरें दिखाकर लोगों को ठगने वाले अंतरराज्यीय गिरोह का राजफाश किया है।

गिरोह के सदस्य खुद को प्रभावशाली बताकर पीड़ितों को अपने जाल में फंसाते थे। तेलीबांधा थाने में दर्ज 1.13 करोड़ रुपये की ठगी के मामले की जांच के दौरान एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट और तेलीबांधा पुलिस ने पुणे के खंडाला स्थित रिसार्ट से गिरोह के सात सदस्यों को गिरफ्तार किया।

रायपुर के एक कारोबारी ने अपने साथ हुई ठगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। मोबाइल की जांच में महत्वपूर्ण साक्ष्य मिले, जिनके आधार पर पुलिस ने गिरोह के सदस्यों की पहचान की।

गिरफ्तार आरोपितों से पुलिस ने चार करोड़ रुपये से अधिक, 17 मोबाइल, नोट के आकार के काले कागज, कांच की प्लेटें और अन्य सामग्री जब्त की है।

यह गिरोह 2005 से सक्रिय है और देशभर में 100 से अधिक लोगों से अरबों रुपये की ठगी कर चुका है। गिरोह का एक प्रमुख हथकंडा खुद को ‘डी ग्रुप’ से जुड़ा बताना था।

आरोपित बड़े लोगों और विदेशी निवेशकों से जुड़ा होने का दावा करते थे। गिरोह के सदस्यों को अलग-अलग कोड नामों से भी संबोधित किया जाता था।

गिरोह शिकार की पहचान करने के बाद उन्हें दिल्ली, मुंबई, कोलकाता, हैदाराबाद, आगरा जैसे बड़े शहरों में बुलाता था, जहां पांच सितारा होटलों में बैठकें होती थीं। आरोपित पहले अपनी पहचान और कथित कारोबार का प्रभाव दिखाते थे, फिर विदेशी निवेश और बड़े प्रोजेक्ट के नाम पर रकम की मांग करते थे।