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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Oct 20, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Supreme Court: सुप्रीम कोर्ट से चंद्रबाबू नायडू को मिली बड़ी राहत, फाइबरनेट केस में गिरफ्तारी पर लगाई रोक

    By Jagran NewsEdited By: Abhinav Atrey
    Updated: Fri, 20 Oct 2023 04:35 PM (IST)

    सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को आंध्र प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और तेलुगु देशम पार्टी के मुखिया चंद्रबाबू नायडू को बड़ी राहत दी। शीर्ष कोर्ट ने आंध्र प ...और पढ़ें

    सुप्रीम कोर्ट ने फाइबरनेट केस में चंद्रबाबू नायडू की गिरफ्तारी पर रोक लगाई (फाइल फोटो)
    सुप्रीम कोर्ट ने फाइबरनेट केस में चंद्रबाबू नायडू की गिरफ्तारी पर रोक लगाई (फाइल फोटो)

    HighLights

    1. कोर्ट ने नायडू की अग्रिम जमानत पर 9 नवंबर को सुनवाई तय की
    2. सुप्रीम कोर्ट ने आदेश सुरक्षित रखा
    3. कोर्ट के फैसले का इंतजार करने में कोई दिक्कत नहीं- AP सरकार

    एएनआई, नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार (20 अक्टूबर) को आंध्र प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और तेलुगु देशम पार्टी के मुखिया चंद्रबाबू नायडू को बड़ी राहत दी। शीर्ष कोर्ट ने आंध्र प्रदेश पुलिस को आदेश देते हुए कहा कि कौशल विकास घोटाला मामले में याचिका पर फैसला आने तक फाइबरनेट केस में चंद्रबाबू नायडू को गिरफ्तार न करे।

    जस्टिस अनिरुद्ध बोस और बेला एम त्रिवेदी की पीठ ने फाइबरनेट मामले में नायडू की अग्रिम जमानत पर 9 नवंबर को सुनवाई तय की है। पीठ ने आंध्र प्रदेश पुलिस से कहा, "पहले की स्थिती को जारी रहने दीजिये।" सुप्रीम कोर्ट में आंध्र प्रदेश पुलिस ने पीठ को आश्वासन दिया था कि पुलिस नायडू को हिरासत में नहीं लेगी।

    सुप्रीम कोर्ट ने आदेश सुरक्षित रखा

    सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि कौशल विकास घोटाला मामले से संबंधित याचिका पर आदेश सुरक्षित रखा गया है, इसलिए फैसला सुनाए जाने के बाद फाइबरनेट केस में नायडू की अग्रिम जमानत याचिका पर सुनवाई करना उचित होगा। चंद्रबाबू नायडू की ओर से पेश सीनियर वकील सिद्धार्थ लूथरा ने कोर्ट को बताया कि कौशल विकास घोटाला मामले में हिरासत में होने के बावजूद पुलिस फाइबरनेट केस में नायडू को हिरासत में लेना चाहती है।

    कोर्ट के फैसले का इंतजार करने में कोई दिक्कत नहीं- AP सरकार

    वहीं, आंध्र प्रदेश सरकार की ओर से पेश वरिष्ठ वकील रंजीत कुमार ने पीठ से कहा कि उन्हें कोर्ट के फैसले का इंतजार करने में कोई दिक्कत नहीं है। बता दें कि सुप्रीम कोर्ट इस हफ्ते की शुरुआत में आंध्र प्रदेश हाई कोर्ट द्वारा नायडू को अग्रिम जमानत देने से इनकार करने के आदेश के खिलाफ चंद्रबाबू नायडू की विशेष अनुमति याचिका पर सुनवाई कर रही थी।

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    नायडू फिलहाल न्यायिक हिरासत में हैं

    पीठ ने कौशल विकास घोटाले में पूर्व सीएम नायडू के खिलाफ दर्ज एफआईआर को रद्द करने की मांग करने वाली उनकी याचिका पर अपना फैसला सुरक्षित रख लिया है। नायडू फिलहाल न्यायिक हिरासत में हैं।

    फाइबरनेट केस आंध्र प्रदेश फाइबरनेट परियोजना के चरण -1 के तहत कार्य आदेश आवंटित करने में कथित टेंडर में हेरफेर से संबंधित है। इसमें अपनी पसंदीदा कंपनी को 330 करोड़ रुपये का टेंडर देने का आरोप है।

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