इंडी गठबंधन की बैठक के बीच ममता को लगा एक और झटका, राज्यसभा सांसद सुखेंदु शेखर ने टीएमसी छोड़ी
पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में हार के बाद टीएमसी में इस्तीफों का सिलसिला जारी है। ममता बनर्जी के लंबे समय से सहयोगी रहे सुखेंदु शेखर रे ने राज्यसभा स ...और पढ़ें

टीएमसी से राज्यसभा सांसद सुखेंदु शेखर रे ने दिया इस्तीफा। (फाइल फोटो)

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डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव में मिली हार के बाद टीएमसी बिखरती नजर आ रही है। पार्टी के नेता धड़ाधड़ इस्तीफा दे रहे हैं। इस बीच ममता बनर्जी के लंबे समय से सहयोगी रहे सुखेंदु शेखर रे ने तृणमूल छोड़ दी है और राज्यसभा सांसद के पद से इस्तीफा दे दिया है।
यह घटनाक्रम ऐसे समय में हुआ है जब पश्चिम बंगाल में बीजेपी से सत्ता गंवाने के बाद तृणमूल कांग्रेस पार्टी के भीतर भारी बगावत का सामना कर रही है, जिससे पार्टी के टूटने का खतरा पैदा हो गया है।
ममता बनर्जी दिल्ली में मौजूद
रे आज सुबह अपना इस्तीफा सौंपने के लिए संसद पहुंचे। उन्होंने तृणमूल की सदस्यता भी छोड़ दी है। हालांकि अभी यह साफ नहीं है कि क्या वे किसी दूसरी पार्टी में शामिल होने की योजना बना रहे हैं। यह तब हुआ है जब उनकी पार्टी की प्रमुख बनर्जी विपक्षी गठबंधन INDI के सहयोगियों की बैठक के लिए राष्ट्रीय राजधानी में मौजूद हैं। 2011 में बंगाल में बनर्जी की पार्टी के सत्ता में आने के बाद से रे हर मुश्किल घड़ी में उनके साथ रहे थे।
वहीं, तृणमूल के सीनियर सांसद सौगत रॉय ने दावा किया कि उन्हें बीजेपी में शामिल होने का ऑफर मिला था, लेकिन उन्होंने इसे ठुकरा दिया। उन्होंने न्यूज एजेंसी एएनआई से कहा, "मैं उसी पार्टी में रहूंगा जिसके चुनाव चिह्न पर मैंने चुनाव जीता है।"
विधायकों के बाद सांसदों ने इस्तीफा देना किया शुरू
पश्चिम बंगाल में पार्टी के भीतर बगावत के सुर उठने के बाद इस बात की लगातार अटकलें लगाई जा रही थीं कि यह आग अब पार्टी को संसद के भीतर भी झुलसा सकती है। विधायकों के बाद यह पहली बार है जब किसी सांसद ने पार्टी से नाता तोड़ा है।
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खास बात यह है कि यह घटनाक्रम तब घटित हो रहा है जब ममता बनर्जी INDI गठबंधन की बैठक में शामिल होने के लिए दिल्ली में ही हैं। ऐसे में समय में उनकी पार्टी की ताकत लगातार घटती नजर आ रही है।