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ओडिशा में विदेशी बंदर ओरंगुटान के 5 बच्चे मिले, अंतरराष्ट्रीय तस्करी की आशंका

By Agency Edited By: Rajat Mourya
Published: Tue, 08 Sep 2026 08:48 PM (IST)

ओडिशा के बालासोर जिले के बिचित्रपुर जंगल में पांच ओरंगुटान मिले हैं, जिससे अंतरराष्ट्रीय वन्यजीव तस्करी की आशंका जताई जा रही है।

HighLights

  1. बालासोर जिले के बिचित्रपुर जंगल का हैरान करने वाला मामला

  2. वन विभाग की गश्ती टीम ने 5 ओरंगुटान को सुरक्षित निकाला

पीटीआई, भुवनेश्वर। ओडिशा के बालासोर जिले के बिचित्रपुर जंगल में एक बेहद हैरान करने वाला मामला सामने आया है। यहां वन विभाग की गश्ती टीम ने विदेश में पाए जाने वाले बंदर ओरंगुटान (एक प्रकार के वनमानुष) के 5 बच्चों को सुरक्षित निकाला है। चूंकि ये जानवर भारत में नहीं पाए जाते, इसलिए इसके पीछे अंतरराष्ट्रीय वन्यजीव तस्करों का हाथ होने की आशंका जताई जा रही है।

वन एवं पर्यावरण मंत्री गणेश राम सिंहखुंटिया ने बताया कि ओरंगुटान मुख्य रूप से दक्षिण-पूर्व एशिया (मलेशिया, इंडोनेशिया, बोर्नियो और सुमात्रा) के वर्षावनों में पाए जाते हैं।

अंतरराष्ट्रीय बाजार में एक ओरंगुटान की कीमत 20 से 25 लाख रुपये के बीच होती है। बालासोर की सीमा पश्चिम बंगाल से लगती है, इसलिए शक है कि किसी अंतरराष्ट्रीय गिरोह ने इन्हें यहां लाकर छोड़ दिया होगा।

राज्य सरकार ने वाइल्डलाइफ क्राइम कंट्रोल ब्यूरो से इस मामले की गहराई से जांच करने की अपील की है। यह पता लगाने के लिए कि इन जानवरों को हवाई, जल या रेल मार्ग में से किस रास्ते से लाया गया, सभी एयरपोर्ट, बंदरगाहों और रेलवे स्टेशनों के सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं।

जानवरों की मौजूदा स्थिति

सिमलीपाल नेशनल पार्क के पशु चिकित्सकों की एक टीम इन जानवरों की सेहत पर नजर रखे हुए है। बालासोर के डीएफओ प्रतीक प्रकाश इंदलकर के अनुसार, सभी पांचों ओरंगुटान बिल्कुल स्वस्थ हैं और ठीक से खाना (फल, पत्ते, कीड़े आदि) खा रहे हैं।

वन अधिकारियों का कहना है कि ये जानवर बहुत शांत हैं और इंसानों की मौजूदगी से उन्हें कोई परेशानी नहीं हो रही है।

स्वास्थ्य की पूरी जांच और निगरानी के बाद, इन सभी जानवरों को सुरक्षित रूप से भुवनेश्वर के नंदनकानन चिड़ियाघर (Nandan Kanan Zoo) में भेज दिया जाएगा।

फिलहाल, इन विदेशी जानवरों की एक झलक पाने के लिए स्थानीय लोगों की भारी भीड़ जमा हो रही है। हालांकि, प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे जानवरों से सुरक्षित दूरी बनाए रखें और उन्हें बिल्कुल भी परेशान न करें।