Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Dec 04, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Cyclone Michaung: तमिलनाडु के बाद अब ओडिशा में भी दिखने लगा चक्रवात 'मिचौंग' का असर, पांच जिलों के लिए जारी कर दिया गया अलर्ट

    By Jagran NewsEdited By: Arijita Sen
    Updated: Mon, 04 Dec 2023 03:24 PM (IST)

    बंगाल की खाड़ी में बने चक्रवात मिचौंग ने तमिलनाडु में तबाही मचाना शुरू कर दिया है और अब इसका असर ओडिशा में भी दिखने लगा है। प्रदेश में सुबह से बूंदाबा ...और पढ़ें

    भीषण चक्रवात मिचौंग का ओडिशा में भी दिखने लगा असर।
    भीषण चक्रवात मिचौंग का ओडिशा में भी दिखने लगा असर।

    जागरण संवाददाता, भुवनेश्वर। तमिलनाडु में अभी से तबाही मचा रहे बंगाल की खाड़ी में बने चक्रवात मिचौंग का असर ओडिशा में भी दिखने लगा है। ऐसे में भीषण रूप धारण कर चुके चक्रवात मिचौंग को लेकर प्रदेश के सभी तीन बंदरगाहों में दो नंबर खतरे का निशान लगा दिया गया है।

    ओडिशा में सुबह से ही दिखने लगा चक्रवात का असर

    मौसम विभाग ने कहा है कि चक्रवात मिचौंग वर्तमान समय में उत्तर-पश्चिम दिशा में बढ़ रहा है। पांच दिसम्बर मंगलवार सुबह तक बेहद भीषण चक्रवात में तब्दील हो जाएगा और पूर्वाह्न में नेल्लोर तथा मछलीपट्टनम के पास लैंडफाल करेगा।

    लैंडफाल के समय भारी वर्षा के साथ हवा की गति 90 से 100 किमी. प्रति घंटा होगी। चक्रवात का प्रभाव ओडिशा की राजधानी भुवनेश्वर के साथ तटीय जिलों में सोमवार सुबह से ही दिखाई देने लगा है। आसमान में बादल छाए रहने के साथ ही बूंदाबांद होने के साथ ही कुछ जगहों पर हल्की वर्षा भी हुई है।

    ओडिशा के पांच जिलों में अलर्ट जारी

    मौसम विभाग ने चक्रवात मिचांग की की भयावहता को देखते हुए ओडिशा में मंगलवार के पांच जिलों में भारी से बहुत भारी वर्षा की चेतावनी जारी किया है। इन पांच जिलों में मालकानगिरी, कोरापुट, रायगड़ा, गंजाम एवं गजपति जिला शामिल है, जहां पर आरेंज चेतावनी जारी की गई है।

    खबरें और भी

    इसके अलावा नवरंगपुर, कालाहांडी, कंधमाल एवं पुरी जिले के लिए पीली चेतावनी जारी की गई है। 6 दिसम्बर को दक्षिण ओडिशा के साथ पुरी, खुर्दा, कटक, जगतसिंहपुर एवं नयागड़ जिले में भारी वर्षा होगी। इन जिलों में वर्षा के साथ 40 से 50 किमी. की रफ्तार से हवा चलेगी।

    झटक पवन गति 60 किमी प्रति घंटा होगी। समुद्र अशांत रहेगा। ऐसे में 6 दिसम्बर तक मछुआरों को समुद्र में ना जाने की हिदायत दी गई है। इसके साथ ही सभी वंदरगाहों में दो नंबर खतरे का निशान भी जारी कर दिया गया है।

    WhatsApp पर हमसे जुड़ें. इस लिंक पर क्लिक करें.

    तेज हवा चलने के साथ होगी भारी बारिश

    मौसम विभाग से मिली जानकारी के मुताबिक, बंगाल की खाड़ी में चक्रवात 5 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से आगे बढ़ रहा है।

    सोमवार सुबह के समय यह चेन्नई से लगभग 90 किमी पूर्व-उत्तर-पूर्व, नेल्लोर से 170 किमी दक्षिण-पूर्व, पुडुचेरी से 200 किमी उत्तर-पूर्व, बापटला से 300 किमी दक्षिण-दक्षिणपूर्व और मछलीपट्टनम से 320 किमी दक्षिण में है।

    श्‍मौसम विभाग ने कहा है कि इसके धीरे-धीरे तेज होने और लगभग उत्तर की ओर बढ़ने और दक्षिण आंध्र प्रदेश तट के करीब बढ़ने और 5 दिसंबर की दोपहर के दौरान बापटला के करीब नेल्लोर और मछलीपट्टनम के पास लैंडफाल करेगा।

    मौसम विभाग ने कहा है कि लैंडफॉल के दौरान तटीय जिलों में 90 से 100 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चलेगी और भारी वर्षा होगी। झटका पवन की गति 110 किमी. हो सकती है।

    ओडिशा में सुबह से ही बूंदाबांदी

    वहीं चक्रवात के प्रभाव से ओडिशा में मौसम बदल गया है। सोमवार सुबह से ही आसमान में बादल छाए हुए हैं और कुछ स्थानों पर सुबह के समय बूंदाबांदी शुरू हो गई है। मौसम विभाग ने कुछ स्थानों पर भारी वर्षा की सम्भावना जतायी है। ऐसे में ओडिशा के किसान भी चक्रवात को लेकर दहशत में आ गए हैं।

    खेतों में तैयार धान एवं सब्जी की फसल प्रभावित होने की आशंका को लेकर किसान सहमे हुए हैं। मौसम विभाग की तरफ से जारी की गई सतर्क सूचना के बाद लोग अपनी पकी हुई फसल की कटाई कर सुरक्षित रखने में दिन तमाम लगे रहे। गंजाम, मालकानगिरी और रायगढ़ जिले में किसानों के ज्यादा प्रभावित होने की सम्भावना है।

    यह भी पढ़ें: Odisha Crime: जंगल में बहन को अकेले देख भाई ने चार दोस्‍तों के साथ मिलकर किया दुष्‍कर्म, फिर कुल्‍हाड़ी से मार-मारकर कर दी हत्‍या

    यह भी पढ़ें: Odisha News: रंग लायी राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु की वनवासियों को गले लगाने की अपील, कहा- वनवासी क्षेत्र में जल्द हो विकास