Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Dec 24, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Odisha News: एएसओ नियुक्ति मामले में फिर आया नया मोड़, हाईकोर्ट ने कहा मेरिट लिस्ट ठीक, नहीं हुई किसी भी तरह की अनियमितता

    By Sheshnath Rai Edited By: Jeet Kumar
    Updated: Sun, 24 Dec 2023 05:00 AM (IST)

    असिस्टेंट सेक्शन ऑफिसर यानी एएसओ नियुक्ति मामला फिर से एक नया मोड़ लिया है। ओडिशा लोक सेवा आयोग यानी ओपीएससी द्वारा संचालित है एएसओ नियुक्ति परीक्षा म ...और पढ़ें

    हाई कोर्ट ने एमएसओ नियुक्ति मामले पर कहा- मेरिट लिस्ट ठीक है
    हाई कोर्ट ने एमएसओ नियुक्ति मामले पर कहा- मेरिट लिस्ट ठीक है

    संवाद सहयोगी,कटक। असिस्टेंट सेक्शन ऑफिसर यानी एएसओ नियुक्ति मामला फिर से एक नया मोड़ लिया है। ओडिशा लोक सेवा आयोग यानी ओपीएससी द्वारा संचालित है एएसओ नियुक्ति परीक्षा में प्रकाशित मेधा सूची को रद्द करते हुए वर्ष 2023 मई 19 तारीख को एक सदस्यों वाली हाईकोर्ट के न्यायाधीश द्वारा प्रदान की जाने वाली राय को हाई कोर्ट फिर से रद्द किया है।

    आवेदन को भी हाईकोर्ट ने खारिज कर दिया

    मई 19 तारीख को दी जाने वाली राय का पुनर्विचार करने के लिए की जाने वालीं आवेदन को भी हाईकोर्ट ने खारिज कर दिया है। हाई कोर्ट के कार्यकारी मुख्य न्यायाधीश डॉ जस्टिस विद्युत रंजन षडंगी और जस्टिस एम एस रमण को लेकर गठित खंडपीठ इस संबंधित 3 अपील को स्वीकार करते हुए ओपीएससी को नियुक्ति प्रक्रिया में आगे बढ़ाने के लिए निर्देश दिया है। इस प्रक्रिया में वर्ष 2016 अधिनियम 10 के अनुसार अंतिम सूची तैयार किया जाएगा। यह बात हाई कोर्ट राय में स्पष्ट किया है।

    ओपीएससी योग्यता नंबर निर्धारण कर सकेगा

    हाईकोर्ट ने यह भी कहा है कि, ओपीएससी योग्यता नंबर निर्धारण कर सकेगा। इसलिए ओपीएससी सूची तैयारी में हस्तक्षेप करना उचित नहीं होगा। सूची तैयार करने में किसी भी तरह अनियमितता नहीं होने की बात हाईकोर्ट ने स्पष्ट किया है।

    पीटीसन सुनवाई कर हाईकोर्ट निर्देश दिया

    कविता जेना, सत्यव्रत नायक सत्य बताना एवं अन्य की ओर से दायर 3 अलग अलग रीट पीटीसन सुनवाई कर यह हाईकोर्ट निर्देश दिया है। हाई कोर्ट के इस राय के बाद अब एएसओ नियुक्ति लिखित परीक्षा के बाद प्रकाशित सूची के आधार पर आगे प्रक्रिया आगे बढ़ेगा। यह बात अब हाईकोर्ट के इस राय के बाद स्पष्ट हुई है ।

    खबरें और भी