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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 28, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Asian Games: जीत के बाद फूट-फूट कर रोईं Roshibina, मणिपुर हिंसा के कारण परिवार से महीनों दूर रहकर बनीं चैंपियन

    By Geetika SharmaEdited By: Geetika Sharma
    Updated: Thu, 28 Sep 2023 12:54 PM (IST)

    एशियाई खेलों के पांचवें दिन भारत को दिन की पहली सफलता दिलाने के बाद एथलीट नाओरेम रोशिबिना देवी भावुक होकर रोने लग गई। जीत के बाद रोशिबिना फूट-फूट कर र ...और पढ़ें

    जीत के बाद रोशिबिना फूट फूट कर रोने लगी। फोटो- एक्स से साभार
    जीत के बाद रोशिबिना फूट फूट कर रोने लगी। फोटो- एक्स से साभार

    HighLights

    1. रोशिबिना ने वुशू की 60 किग्रा सांडा प्रतियोगिता में सिल्वर मेडल जीता
    2. जीत के बाद रोशिबिना फूट फूट कर रोने लगी
    3. रोशिबिना ने यह जीत मणिपुर को सिमर्पित की।

    नई दिल्ली, स्पोर्ट्स डेस्क। Naorem Roshibina Devi dedicate win to Manipur: एशियाई खेलों के पांचवें दिन भारत को दिन की पहली सफलता दिलाने के बाद एथलीट नाओरेम रोशिबिना देवी भावुक होकर रोने लग गई।

    वुशू में जीता सिल्वर मेडल-

    मणिपुर की रहने वाली रोशिबिना ने वुशू की 60 किग्रा सांडा प्रतियोगिता में सिल्वर मेडल जीतने के बाद इसे अपने गृह राज्य मणिपुर को समर्पित की है। वुशू में रोशिबिना सिल्वर मेडल जीतने वाली केवल दूसरी भारतीय एथलीट हैं। जीत के बाद वह फूट-फूट कर रोने लगी।

    6 महीनों से घर-परिवार से दूर-

    रोशिबिना ने बताया कि उन्होंने लगभग 6 महीनों से मई से अपने परिवार को देखा नहीं है। साथ ही अपने खेल ध्यान लगाने और परेशान होने से बचाने के लिए कोच उन्हें परिवार से बात करने से रोकते थे। उन्होंने न्यूज एजेंसी से बात करते हुए कहा कि यह जीत वे अपने राज्य को समर्पित करती हैं, जो पिछले कई महीनों से आग में जल रहा है।

    ये भी पढ़ें:- Asian Games 2023 में Roshibina Devi ने रचा इतिहास, वुशू में सिल्वर मेडल जीतने वाली बनी दूसरी भारतीय एथलीट

    समुदाय को बचाने वाले लोगों को समर्पित ये जीत-

    वुशू खिलाड़ी ने कहा कि मणिपुर के लोग समुदाय को बचाने के लिए काफी संघर्ष कर रहे हैं। रोशिबिना बिष्णुपुर जिले के क्वाशीफाई गांव में मैतेई समुदाय से आती हैं। उन्होंने इस लड़ाई में लड़ने वाले लोगों को ये जीत समर्पित की।

    क्या बोलीं रोशिबिना-

    रोशिबिना ने कहा कि "मुझे नहीं पता कि क्या होगा और लड़ाई जारी है। यह कब रुकेगी और पहले की तरह कब सामान्य जिंदगी में वापस लौटेगी।" रोशिबिना ने बताया कि उन्होंने बुधवार को अपने माता-पिता से बात की और उन्होंने मैच किसी और चीज के बारे में सोचे बिना मैच पर ध्यान केंद्रित करने को कहा। मेरा परिवार ठीक है। मैं उनसे नियमित रूप से बात नहीं करती हूं।

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