यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 17, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
'सबसे पहले मोहन भागवत जी ने...', सनातन धर्म मुद्दे पर कांग्रेस नेता ने RSS प्रमुख का क्यों किया जिक्र?
कांग्रेस नेता पवन खेड़ा ने सनातन धर्म के मुद्दे पर अपनी प्रतिक्रिया दी। कांग्रेस नेता ने कहा कि आज से 15 दिन पहले आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत के द्वारा य ...और पढ़ें

HighLights
- सनातन धर्म के मुद्द पर पवन खेड़ा ने आरएसएस प्रमुख का किया जिक्र
- उदयनिधि स्टालिन ने सनातन धर्म को लेकर किया है विवादित टिप्पणी
- सनातन धर्म के मुद्दे पर पीएम मोदी ने विपक्षी गठबंधन को घेरा
तेलंगाना, एएनआई। Sanatana Dharma Row। आज के समय भारतीय राजनीति में सनातन धर्म को लेकर काफी चर्चा हो रही है। कुछ दिनों पहले तमिलनाडु के युवा कल्याण और खेल विकास मंत्री और मुख्यमंत्री एमके स्टालिन के बेटे उदयनिधि स्टालिन (Udaynidhi Stalin) ने सनातन धर्म को लेकर एक विवादित टिप्पणी की थी।
उन्होंने इस धर्म की तुलना डेंगू, मलेरिया से कर दी थी। उदयनिधि स्टालिन के इस बयान पर भाजपा ने डीएमके और विपक्षी गठबंधन आई.एन.डी.आई.ए. पर निशाना साधा था।
पवन खेड़ा ने कहा- मोहन भागवत ने उठाया सनातन का मुद्दा
वहीं, रविवार को कांग्रेस नेता पवन खेड़ा ने भी इस मुद्दे पर अपनी प्रतिक्रिया दी। कांग्रेस नेता ने कहा कि आज से 15 दिन पहले आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत के द्वारा यह मुद्दा उठाया गया था।
मोहन भागवत ने कहा कि हमने (सनातन धर्म) पिछले 2000 साल से शोषण किया। हिंदू धर्म के बारे में उन्होंने कहा। आप बताइए, मोहन भागवत ने यह ट्रैप (जाल) बिछाया है।
#WATCH | Hyderabad, Telangana: Congress leader Pawan Khera on 'Sanatana Dharma' row says, "...This issue started from RSS chief Mohan Bhagwat. He was the first to speak 15 days ago that we have done exploitation for 2000 years. He said it on the subject of Hindu religion..." pic.twitter.com/m7aAMZ2E0c
— ANI (@ANI) September 17, 2023
पीएम मोदी ने सनातन धर्म के मुद्दे पर क्या कहा?
बता दें कि कुछ दिनों पहले पीएम मोदी ने मध्य प्रदेश में जनता को संबोधित करते हुए सनातन धर्म का जिक्र किया था। उन्होंने कहा कि ये गठबंधन (आई.एन.डी.आई.ए.) 'सनातन' संस्कृति को खत्म करने का एजेंडा लेकर चल रही है।
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उन्होंने आगे कहा कि आई.एन.डी.आई.ए. ने अपनी तीसरी बैठक में सनातन संस्कृति को खत्म करने का प्रस्ताव अपनाया है। पीएम ने कहा कि ये लोग देश को 1,000 साल की गुलामी में धकेलना चाहते हैं।
इन नेताओं ने किया उदयनिधि के बयान का समर्थन
गौरतलब है कि उदयनिधि स्टालिन के बयान को कई विपक्षी नेताओं का समर्थन मिला है। कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के बेटे और कर्नाटक के मंत्री प्रियांक खरगे ने उदयनिधि के बयान का समर्थन किया और कहा,"कोई भी धर्म जो समानता को बढ़ावा नहीं देता है या यह सुनिश्चित नहीं करता है कि आपके पास मानव होने की गरिमा है, वह धर्म नहीं है।" मैं... कोई भी धर्म जो आपको समान अधिकार नहीं देता या आपके साथ इंसानों जैसा व्यवहार नहीं करता वह बीमारी के समान ही है।"
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वहीं, राष्ट्रीय जनता दल के सांसद मनोज झा ने भी उदयनिधि स्टालिन के बयान का समर्थन किया। उन्होंने कहा," मैं समझता हूं कि कभी-कभी हम लोगों को प्रतीक मुहावरों के अंदर जाकर सोचना होगा। हिंदुस्तान का एक मिजाज रहा है, कई लोगों के सनातन में कई सारी विकृतियां हैं। क्या जाति व्यवस्था अच्छी चीज है। उन्होंने कबीर के एक दोहे का जिक्र करते हुए कहा कि इस देश में कबीर ने कई दोहे कहे, क्या आप उन्हें फांसी पर चढ़ा देंगे।"
हालांकि, ममता बनर्जी, अरविंद केजरीवाल समेत कई विपक्षी नेताओं ने डीएमके नेता के बयान को गलत बताया है।
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