अमृतसर के रक्खड़ पुन्नेया मेला में आज सजेगा सियासी अखाड़ा, पहली बार अलग मंच से ताकत दिखाएगी भाजपा
रक्खड़ पुन्नेया मेला आज बाबा बकाला साहिब में धार्मिक के साथ-साथ सियासी अखाड़ा बनेगा, जहां विभिन्न राजनीतिक दल 2027 विधानसभा चुनावों से पहले अपनी ताकत दिखाएंगे।

अमृतसर के रक्खड़ पुन्नेया मेला में आज सजेगा सियासी अखाड़ा (फाइल फोटो)
HighLights
रक्खड़ पुन्नेया मेला में आज सजेगा सियासी अखाड़ा
भाजपा पहली बार अकाली दल से अलग होकर शक्ति प्रदर्शन
आप, कांग्रेस, अकाली दल भी माझा में दिखाएंगे दम
विपिन कुमार राणा, अमृतसर। रक्खड़ पुन्नेया मेला का ऐतिहासिक मेला शुक्रवार को सिर्फ धार्मिक आस्था का केंद्र नहीं रहेगा, बल्कि माझा की सियासत का भी बड़ा अखाड़ा बनेगा।
बाबा बकाला साहिब और रईया में राजनीतिक दलों के अलग-अलग मंच सजेंगे और नेताओं की मौजूदगी से सियासी माहौल गरमाएगा। 2027 विधानसभा चुनाव से पहले होने वाले इस शक्ति प्रदर्शन में भीड़, भाषण और नेताओं की मौजूदगी से दल एक-दूसरे को अपनी ताकत का संदेश देंगे। सबसे ज्यादा नजर भाजपा के उस मंच पर रहेगी, जो अकाली दल से अलग होने के बाद पहली बार अपने दम पर सजने जा रहा है।
सत्तारूढ़ आम आदमी पार्टी ने इस बार बाबा बकाला साहिब थोड़ा दूर रइया की अनाज मंडी में राज्य स्तरीय सम्मेलन रखा है। मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के साथ पूरी कैबिनेट के पहुंचने की संभावना है। विधायक दलबीर सिंह टोंग की अगुवाई में होने वाले सम्मेलन के लिए पंडाल तैयार है। आप इसे माझा में सरकार की उपलब्धियां गिनाने के साथ संगठन की ताकत दिखाने के मौके के रूप में इस्तेमाल करेगी।
भाजपा के लिए पहली बड़ी परीक्षा
अकाली दल के साथ गठबंधन टूटने के बाद भाजपा पहली बार रक्खड़ पुन्नेया मेले में अलग मंच से अपनी सियासी ताकत दिखाएगी। पूर्व मुख्य संसदीय सचिव एवं प्रदेश सचिव मंजीत सिंह मन्ना की अगुवाई में होने वाले सम्मेलन में केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान, हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी, प्रदेश अध्यक्ष केवल सिंह ढिल्लों समेत वरिष्ठ नेताओं के पहुंचने की संभावना है।
भाजपा ने सम्मेलन में बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं को जुटाने की तैयारी की है। ऐसे में मंच पर पहुंचने वाले नेताओं से ज्यादा चर्चा इस बात की होगी कि भाजपा अपने दम पर कितनी भीड़ जुटा पाती है। माझा में पार्टी के संगठन की जमीन कितनी मजबूत हुई है, इसका भी इस सम्मेलन से संदेश जाएगा।
कांग्रेस भी दिखाएगी दम
पंजाब प्रदेश कांग्रेस कमेटी की ओर से बाबा बकाला हलके के इंचार्ज एवं पूर्व विधायक संतोख सिंह भलाईपुर की अगुवाई में जालंधर-बटाला रोड पर माता गंगा सीनियर सेकेंडरी स्कूल के पास सम्मेलन होगा।
पूर्व मुख्यमंत्री एवं लोकसभा सदस्य चरणजीत सिंह चन्नी, विधानसभा में विपक्ष के नेता प्रताप सिंह बाजवा समेत पार्टी के वरिष्ठ नेता इसमें पहुंचेंगे। कांग्रेस की नजर आप सरकार के खिलाफ माहौल बनाने के साथ-साथ अपने पारंपरिक वोट बैंक को सक्रिय करने पर रहेगी। पार्टी नेताओं के भाषणों में सरकार की नीतियां निशाने पर रहने की संभावना है।
अकाली दल बादल के मंच पर सुखबीर
शिरोमणि अकाली दल बादल की ओर से गुरु तेग बहादुर हॉकी स्टेडियम में सम्मेलन होगा। कैबिनेट मंत्री बिक्रमजीत सिंह मजीठिया की अगुवाई में होने वाले कार्यक्रम में पार्टी अध्यक्ष सुखबीर सिंह बादल, पूर्व कैबिनेट मंत्री दलजीत सिंह चीमा समेत वरिष्ठ नेता शामिल होंगे। अकाली दल के लिए यह सम्मेलन माझा में पार्टी के आधार और पंथक राजनीति पर पकड़ का संदेश देने का मौका होगा।
पंथक दलों ने भी खोला मोर्चा
शिरोमणि अकाली दल वारिस पंजाब की ओर से जालंधर-बटाला रोड पर अकाली फार्म के पास सम्मेलन किया जाएगा। इसकी अगुवाई सरबजीत सिंह खानपुर करेंगे।
वहीं शिरोमणि अकाली दल अमृतसर की ओर से अकाली फार्म में पेट्रोल पंप के सामने सम्मेलन होगा। पार्टी अध्यक्ष सिमरनजीत सिंह मान और कार्यकारी अध्यक्ष इमान सिंह मान समेत वरिष्ठ नेता इसमें शामिल होंगे। इन पंथक मंचों पर धार्मिक और पंथक मुद्दे प्रमुखता से उठाए जाने की संभावना है। ऐसे में एक ही दिन में माझा की सियासत के अलग-अलग रंग देखने को मिलेंगे।
काले झंडों से सरकार को घेरने की तैयारी
राजनीतिक सम्मेलनों के बीच सरकार के खिलाफ विरोध की भी तैयारी है। कर्मचारी संगठनों, किसान मजदूर संघर्ष कमेटी पंजाब और अन्य जत्थेबंदियों की ओर से काले झंडे दिखाकर विरोध जताने की तैयारी की गई है। ऐसे में मुख्यमंत्री भगवंत मान की मौजूदगी वाले कार्यक्रम पर विरोध प्रदर्शन की छाया भी रहेगी।
किसके मंच पर कितना दम, बनेगा चर्चा का विषय
मेले के मंचों से निकलने वाला सियासी संदेश लंबे समय तक चर्चा में रहेगा। 2027 के चुनावी मुकाबले से पहले सभी दलों के लिए यह अपने कार्यकर्ताओं को सक्रिय करने और विरोधियों को ताकत का अहसास कराने का मौका है।
अब नजर इस पर रहेगी कि किस दल के मंच पर सबसे ज्यादा भीड़ जुटती है, किस नेता का भाषण सबसे ज्यादा असर छोड़ता है और कौन सा दल माझा में अपनी सियासी पकड़ का मजबूत संदेश देने में कामयाब रहता है।
किस पार्टी का कहना होगा आयोजन
- आम आदमी पार्टी: अनाज मंडी रईया
- कांग्रेस: माता गंगा सीनियर सेकेंडरी स्कूल के पास, जालंधर-बटाला रोड।
- शिअद(बादल): गुरु तेग बहादुर हॉकी स्टेडियम, बाबा बकाला।
- भाजपा: बाबा बकाला साहिब
- वारिस पंजाब व शिअद(अमृतसर): अकाली फार्म के पास, जालंधर-बटाला रोड।
