'प्राइवेट स्कूल भी फेल हैं इनके सामने', अरविंद केजरीवाल ने की पंजाब के सरकारी स्कूलों की जमकर तारीफ
अरविंद केजरीवाल ने पंजाब के सरकारी स्कूलों की सराहना की, कहा कि वे निजी स्कूलों से बेहतर हैं और शिक्षा ...और पढ़ें

HighLights
केजरीवाल ने पंजाब के सरकारी स्कूलों की शिक्षा गुणवत्ता की प्रशंसा की।
AAP सरकार ने 19,200 स्कूलों को बदला, अभिभावक अब आकर्षित।
केजरीवाल ने BJP को गुजरात के स्कूलों के निरीक्षण की चुनौती दी।
डिजिटल डेस्क, चंडीगढ़। आम आदमी पार्टी (AAP) के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने पंजाब में शिक्षा के क्षेत्र में हो रहे बदलावों की जोरदार सराहना की है। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर एक पोस्ट साझा करते हुए केजरीवाल ने पंजाब के तीन सरकारी स्कूलों की झलक दिखाई। उन्होंने इन स्कूलों की गुणवत्ता पर जोर देते हुए लिखा, "प्राइवेट स्कूल भी फेल हैं इनके सामने। देखिए पंजाब के ये 3 सरकारी स्कूल, जो बदल रहे हैं पंजाब में शिक्षा की तस्वीर।"
प्राइवेट स्कूल भी फेल हैं इनके सामने। देखिए पंजाब के ये 3 सरकारी स्कूल, जो बदल रहे हैं पंजाब में शिक्षा की तस्वीर.. pic.twitter.com/OzoML8lKNr
— Arvind Kejriwal (@ArvindKejriwal) August 29, 2026
केजरीवाल का यह बयान ऐसे समय में आया है जब वे लगातार पंजाब के सरकारी स्कूलों की सफलता को एक राष्ट्रीय मॉडल के रूप में पेश कर रहे हैं। हाल ही में उन्होंने एक बयान में दावा किया था कि मात्र साढ़े चार साल के भीतर आम आदमी पार्टी की सरकार ने पंजाब के कुल 19,700 सरकारी स्कूलों में से 19,200 स्कूलों की तस्वीर पूरी तरह से बदल दी है। उनका कहना है कि बाकी बचे 500 स्कूलों में भी काम चल रहा है और जल्द ही वे भी शानदार बन जाएंगे। केजरीवाल के अनुसार, आज पंजाब के सरकारी स्कूल इंफ्रास्ट्रक्चर और शिक्षा की गुणवत्ता के मामले में इतने बेहतरीन हो गए हैं कि अभिभावक अब प्राइवेट स्कूलों के बजाय सरकारी स्कूलों को प्राथमिकता दे रहे हैं।
इसके साथ ही, अरविंद केजरीवाल ने शिक्षा के मुद्दे पर भारतीय जनता पार्टी (BJP) शासित राज्यों को भी आड़े हाथों लिया है। उन्होंने बीजेपी को खुली चुनौती देते हुए कहा है कि वे पंजाब के 1,000 बेहतरीन स्कूलों की सूची देंगे, और बीजेपी गुजरात के 1,000 स्कूलों की सूची दे, ताकि मीडिया के सामने दोनों राज्यों के स्कूलों का संयुक्त निरीक्षण किया जा सके। केजरीवाल का दावा है कि 2022 में आम आदमी पार्टी की सरकार बनने के बाद से शिक्षकों, बच्चों और अभिभावकों की संयुक्त मेहनत से पंजाब की स्कूली शिक्षा व्यवस्था ने पूरे देश में पहला स्थान हासिल कर लिया है।
