पंजाब के कर्मचारियों-पेंशनरों के लिए आज का दिन अहम, महंगाई भत्ते और एरियर पर CM मान के साथ बड़ी बैठक
पंजाब के कर्मचारियों और पेंशनरों की महंगाई भत्ते (डीए) और बकाया एरियर सहित अन्य मांगों पर मुख्यमंत्री भगवंत मान ने आज अहम बैठक की।
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चुनाव से पहले डीए की बकाया किस्तों पर मिल सकती है खुशखबरी।
HighLights
मुख्यमंत्री मान ने कर्मचारियों-पेंशनरों की मांगों पर अहम बैठक की
महंगाई भत्ता (डीए) और बकाया एरियर मुख्य मुद्दे रहे
बैठक में महत्वपूर्ण फैसलों या आश्वासनों की उम्मीद है
डॉ सुमित सिंह श्योराण, चंडीगढ़। पंजाब के सरकारी कर्मचारियों और पेंशनरों की लंबे समय से लंबित मांगों को लेकर शुक्रवार को मुख्यमंत्री भगवंत मान कर्मचारी संगठनों के प्रतिनिधियों के साथ अहम बैठक करेंगे।
मुख्यमंत्री आवास पर सुबह 11 बजे होने वाली इस बैठक में महंगाई भत्ता (डीए) और उसके बकाया एरियर समेत कर्मचारियों से जुड़े अन्य मुद्दों पर चर्चा होगी। माना जा रहा है कि बैठक में सरकार की ओर से कुछ महत्वपूर्ण फैसले या आश्वासन सामने आ सकते हैं। सूत्रों के अनुसार, बैठक में कर्मचारी-पेंशनर्स साझा फ्रंट और संयुक्त मुलाजीम मंच के प्रतिनिधियों को बुलाया गया है।
सीएम के अलावा ये लोग भी होंगे शामिल
मुख्यमंत्री के अलावा मुख्य सचिव केएपी सिन्हा सहित विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी और कुछ मंत्री भी बैठक में शामिल हो सकते हैं। लंबे समय से सरकार और कर्मचारी संगठनों के बीच मांगों को लेकर बने गतिरोध को देखते हुए इस बैठक को महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
दरअसल, 27 अगस्त को पंजाब के करीब साढ़े सात लाख कर्मचारियों और पेंशनरों ने विभिन्न मांगों को लेकर सामूहिक हड़ताल की थी। इसके बाद जालंधर में मुख्यमंत्री और कर्मचारी नेताओं के बीच बैठक प्रस्तावित थी, लेकिन मुख्यमंत्री ने पहले हड़ताल खत्म करने और उसके बाद बातचीत करने की शर्त रखी थी। इसके चलते दोनों पक्षों के बीच बातचीत आगे नहीं बढ़ सकी थी।
क्या हैं कर्मचारियों की मांगे?
कर्मचारी संगठनों की प्रमुख मांगों में महंगाई भत्ते की लंबित किस्तों और उनके एरियर का भुगतान शामिल है। इस मामले में पंजाब एवं हरियाणा हाई कोर्ट ने भी पंजाब सरकार को 14 दिन के भीतर डीए एरियर जारी करने के निर्देश दिए थे। हालांकि, सरकार इस मामले को लेकर सुप्रीम कोर्ट पहुंच गई है।
कर्मचारी संगठनों के अनुसार, सभी लंबित डीए एरियर का भुगतान करने के लिए सरकार पर करीब 20 हजार करोड़ रुपये का वित्तीय बोझ पड़ सकता है। ऐसे में आज की बैठक में सरकार के रुख पर सभी की नजरें रहेंगी।
विधानसभा चुनाव 2027 से पहले कर्मचारी वर्ग की नाराजगी सरकार के लिए अहम मुद्दा बन सकती है। अब देखना होगा कि बैठक में डीए एरियर और अन्य मांगों को लेकर कोई ठोस समाधान निकलता है या नहीं।
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