Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    पंजाब: 'CM सेहत योजना' बनी कैंसर मरीजों का सहारा, 20 करोड़ 22 लाख रुपये का कैशलेस इलाज; जून में सबसे ज्यादा उपचार

    Updated: Fri, 24 Jul 2026 03:51 PM (IST)

    पंजाब सरकार ने मुख्यमंत्री सेहत योजना के तहत 8069 कैंसर मरीजों के इलाज पर 20.22 करोड़ रुपये खर्च किए हैं। इस योजना से 36 से 60 वर्ष आयु वर्ग के सर्वाध ...और पढ़ें

    पंजाब: 'CM सेहत योजना' बनी कैंसर मरीजों का सहारा (जागरण फोटो)

    पंजाब: 'CM सेहत योजना' बनी कैंसर मरीजों का सहारा (जागरण फोटो)


    HighLights

    1. योजना के तहत 8069 कैंसर मरीजों का इलाज

    2. इलाज पर कुल 20.22 करोड़ रुपये खर्च

    3. जून में सर्वाधिक मरीजों को मिला उपचार

    डिजिटल डेस्क, चंडीगढ़। पंजाब सरकार ने मुख्यमंत्री सेहत योजना के तहत 8069 कैंसर मरीजों के इलाज पर 20.22 करोड़ रुपये खर्च किए हैं। लाभार्थियों में आधे से अधिक मरीज 36 से 60 वर्ष आयु वर्ग के हैं। जून महीने में सबसे अधिक मरीजों का उपचार किया गया।

    राज्य स्वास्थ्य एजेंसी (एसएचए), पंजाब द्वारा साझा किए गए आंकड़ों के अनुसार, 18 जुलाई 2026 तक मुख्यमंत्री सेहत योजना के तहत 8069 कैंसर मरीजों को कैशलेस उपचार उपलब्ध करवाया गया, जिस पर सरकार ने कुल 20.22 करोड़ रुपये खर्च किए।

    इन आंकड़ों के पीछे हजारों ऐसे परिवार हैं, जिन्हें जीवन के सबसे कठिन दौर में महत्त्वपूर्ण निर्णय लेने पड़ते हैं। जब इलाज में होने वाली हर देरी मरीज़ के जीवन पर भारी पड़ सकती है।

    आज कैंसर के उपचार में सर्जरी, कीमोथेरेपी, रेडियोथेरेपी, इम्यूनोथेरेपी तथा टार्गेटेड थेरेपी जैसी आधुनिक चिकित्सा पद्धतियों ने मरीजों के स्वस्थ होने की संभावनाओं को पहले की तुलना में काफी बढ़ा दिया है। लेकिन चिकित्सा में हुई यह प्रगति तभी सार्थक है, जब मरीज समय पर उपचार तक पहुंच सके।

    लाभार्थियों की आयु से जुड़ा आंकड़ा भी एक महत्त्वपूर्ण तथ्य सामने लाता है। सामान्यतः कैंसर को वृद्धावस्था से जोड़कर देखा जाता है, लेकिन योजना के आंकड़े बताते हैं कि बड़ी संख्या में ऐसे मरीज़ हैं जो अपनी कार्यशील आयु में इस बीमारी से जूझ रहे हैं।

    खबरें और भी

    4285 मरीज 36 से 60 आयु वर्ग के शामिल

    योजना के तहत इलाज करवाने वाले 8,069 मरीजों में से 4,285 मरीज़ 36 से 60 वर्ष आयु वर्ग के थे, जो सबसे बड़ा वर्ग रहा। इसके अलावा 3,376 मरीज़ 60 वर्ष से अधिक आयु के, 399 मरीज़ 17 से 35 वर्ष आयु वर्ग के तथा 9 मरीज़ 17 वर्ष से कम आयु के थे।

    किसी भी परिवार के लिए कैंसर का इलाज अचानक आर्थिक संकट का कारण बन सकता है। इस बीमारी के उपचार में बार-बार अस्पताल जाना, महंगी चिकित्सा प्रक्रियाएं तथा लंबे समय तक देखभाल की आवश्यकता होती है। कई बार बीमारी का इलाज संभव होने के बावजूद भी खर्च ही यह तय करता है कि मरीज़ कितनी जल्दी उपचार शुरू कर पाएगा।

    चार-पांच लाख रुपये आता है खर्च

    समाना निवासी दर्शन देवी ने भी इसी चिंता का सामना किया। बढ़ते दर्द के बाद डॉक्टरों ने सर्जरी की सलाह दी, लेकिन 4 से 5 लाख रुपये के अनुमानित खर्च ने उनके परिवार की चिंता बढ़ा दी।

    मुख्यमंत्री सेहत योजना के तहत मंजूरी मिलने के बाद उनकी कैंसर सर्जरी बिना किसी जेब से ख़र्च के संपन्न हुई। उनके लिए यह योजना केवल स्वास्थ्य सुविधा नहीं, बल्कि इसने बीमारी की पहचान और समय पर उपचार के बीच खड़ी सबसे बड़ी बाधा-इलाज के खर्च दूर कर दिया।

    18 दिन में 879 मरीजों को मिली मदद

    पंजाब में कैंसर उपचार के आंकड़े बताते हैं कि पूरे वर्ष कैंसर के उपचार की आवश्यकता लगातार बनी रही। जनवरी में 842 मरीजों का इलाज हुआ, जो फ़रवरी में बढ़कर 1,080, मार्च में 1,175 और अप्रैल में 1,350 हो गया। मई में यह संख्या थोड़ी घटकर 1,275 रही, लेकिन जून में सर्वाधिक 1,468 मरीजों का उपचार किया गया। जुलाई के पहले 18 दिनों में ही 879 मरीज़ इस योजना के तहत उपचार प्राप्त कर चुके थे।