कर्मचारियों के पेंडिंग DA-DR मामले में सुप्रीम कोर्ट पहुंची पंजाब सरकार, कहा- पहले ही मिल रहा ज्यादा वेतन
पंजाब सरकार ने कर्मचारियों और पेंशनरों के लंबित महंगाई भत्ते (डीए) और महंगाई राहत (डीआर) के भुगतान के मामले में सुप्रीम कोर्ट का रुख किया है।

पंजाब मुख्यमंत्री भगवंत मान (फाइल)
HighLights
पंजाब सरकार डीए-डीआर भुगतान मामले में सुप्रीम कोर्ट पहुंची
हाई कोर्ट के लंबित भुगतान आदेश को सरकार ने चुनौती दी
सरकार का तर्क: पहले ही अधिक वेतन, जनसेवाएं प्रभावित होंगी
राज्य ब्यूरो, चंडीगढ़। पंजाब के सरकारी कर्मचारियों और पेंशनरों के लंबित महंगाई भत्ते (डीए) और महंगाई राहत (डीआर) के भुगतान को लेकर राज्य सरकार सुप्रीम कोर्ट पहुंच गई है। सरकार ने पंजाब एवं हरियाणा हाई कोर्ट के उस आदेश को चुनौती दी है, जिसमें तीन अगस्त को लंबित डीए और डीआर के भुगतान का निर्देश दिया गया था।
पंजाब सरकार ने दायर एसएलपी में केंद्र सरकार के कर्मचारियों के बराबर वेतन देने की पेशकश की है। साथ ही यह भी तर्क दिया है कि पंजाब के कर्मचारियों को पहले ही ज्यादा वेतन मिल रहा है।
ऐसे में यदि केंद्रीय कर्मचारियों के समान 60 प्रतिशत डीए लागू किया जाता है और पुराने बकाये की पूरी राशि एक साथ दी जाती है, तो इसका प्रतिकूल प्रभाव स्कूल, अस्पताल, सड़क, बुनियादी ढांचे और अन्य जनसेवाओं पर पड़ेगा।
| पद | पंजाब: मूल वेतन | पंजाब: हाथ में वेतन (DA 42%) | केंद्रीय: हाथ में वेतन (DA 60%) | पंजाब: पहले से ही अधिक | पंजाब: हाथ में वेतन (DA 60%) | पंजाब में अधिक |
| क्लर्क | ₹38,600 | ₹54,812 | ₹36,960 | +₹17,852 | ₹61,760 | +₹24,800 |
| ड्राइवर | ₹28,600 | ₹40,612 | ₹36,960 | +₹3,652 | ₹45,760 | +₹8,800 |
| स्टेनोग्राफर | ₹39,700 | ₹56,374 | ₹47,360 | +₹9,014 | ₹63,520 | +₹16,160 |
| ईटीटी शिक्षक | ₹47,600 | ₹67,592 | ₹65,760 | +₹1,832 | ₹76,160 | +₹10,400 |
| कांस्टेबल | ₹38,600 | ₹54,812 | ₹36,960 | +₹17,852 | ₹61,760 | +₹24,800 |
