Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    बालाजी संकीर्तन की तैयारियां रोकने पर जालंधर में हंगामा, विरोध के बाद पुलिस मानी; आज कन्हैया मित्तल करेंगे भजन

    Updated: Thu, 14 May 2026 11:48 AM (IST)

    जालंधर में बालाजी संकीर्तन कार्यक्रम की तैयारियां पुलिस द्वारा रुकवाए जाने के बाद विवाद बढ़ गया। श्रद्धालुओं, भाजपा नेताओं और मंदिर कमेटी ने विरोध जता ...और पढ़ें

    जागरण संवाददाता, जालंधर। पंजाब के जालंधर में श्री कष्ट निवारण बालाजी मंदिर कमेटी की ओर से आयोजित होने वाले बालाजी संकीर्तन कार्यक्रम को लेकर हंगामा हो गया है। ये हंगमा बुधवार रात से शुरू हुआ, जब पुलिस ने कार्यक्रम की तैयारियों को रुकवा दिया। तैयारियां रुकवाने के बाद श्रद्धालुओं, भाजपा नेताओं और मंदिर कमेटी के सदस्यों ने जमकर विरोध प्रदर्शन किया। अंत में पुलिस को मानना पड़ा। 

    जानकारी के अनुसार 14 मई को साईं दास स्कूल मैदान में बालाजी संकीर्तन कार्यक्रम आयोजित हो रहा है। इस धार्मिक आयोजन में प्रसिद्ध भजन गायक कन्हैया मित्तल के पहुंचने की घोषणा की गई थी। कार्यक्रम को लेकर मैदान में डेकोरेशन, टेंट और रोशनी का काम चल रहा था। इसी दौरान रात के समय पुलिस मौके पर पहुंची और तैयारियां रुकवा दीं।

    बताया जा रहा है कि दो थानों से पहुंचे पुलिस अधिकारियों ने कार्यक्रम को लेकर आपत्ति जताई और आयोजकों को काम रोकने के लिए कहा। इसके बाद मौके पर मौजूद लोगों में नाराजगी फैल गई। हिंदू संगठनों का गुस्सा इतना भड़का कि सभी ने पुलिस स्टेशन नंबर दो का रुख किया। 

    jalandhar one

    पंजाब पुलिस के खिलाफ प्रदर्शन करते हुए पुलिस।

    आयोजकों का दावा, ली गई परमिशन

    आयोजकों ने कड़ा विरोध जताते हुए कहा कि लाखों लोगों की आस्था श्री कष्ट निवारण बालाजी मंदिर से जुड़ी हुई है। उन्होंने सवाल उठाया कि जब आयोजकों के पास अग्निशमन विभाग, बिजली विभाग और नगर निगम सहित अन्य जरूरी अनुमतियां मौजूद हैं तो फिर कार्यक्रम की तैयारियां क्यों रुकवाई जा रही हैं।

    खबरें और भी

    आयोजकों ने आरोप लगाया कि सरकार अपने चहेते नेताओं को खुश करने के लिए हिंदुओं की धार्मिक भावनाओं के साथ खिलवाड़ कर रही है। उन्होंने कहा कि यदि हिंदू समाज इस अन्याय के खिलाफ आवाज नहीं उठाएगा तो यह गलत परंपरा बन जाएगी। 

    आयोजकों की बात सुनने के बाद झुकी पुलिस

    मंदिर कमेटी के सदस्यों ने भी साफ कहा कि यदि मैदान में कार्यक्रम करने की अनुमति नहीं दी गई तो श्रद्धालु सड़क पर बैठकर भजन कीर्तन करेंगे। कमेटी ने शहरवासियों से सुबह बड़ी संख्या में कार्यक्रम स्थल पर पहुंचने की अपील की।

    इस विवाद के बीच भाजपा नेता केडी भंडारी, शीतल अंगुराल और पूर्व मंत्री मनोरंजन कालिया भी मौके पर पहुंचे। उन्होंने आरोप लगाया कि पंजाब सरकार लगातार हिंदू धार्मिक कार्यक्रमों को लेकर सख्ती दिखा रही है। अंत में पुलिस ने आयोजनकों की बात सुनी और कार्यक्रम को करवाने की अनुमति दे दी।