Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jul 21, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Punjab News: तिहरे हत्याकांड के दोषी को मिली 70 साल कैद की सजा, पत्नी-साली और उसके बेटे को उतारा था मौत के घाट

    Updated: Sun, 21 Jul 2024 10:31 PM (GMT+05:30)

    Punjab News जिला एवं सेशन जज ने बड़ा फैसला सुनाया है। तीहरे हत्याकांड के आरोपी को दोषी करार दिया है। कोर्ट ने अपने फैसले में दोषी को 70 साल कैद की सजा ...और पढ़ें

    Punjab News: सेशन कोर्ट का बड़ा फैसला, तीहरे हत्याकांड के दोषी को मिली 70 साल कैद की सजा।
    Punjab News: सेशन कोर्ट का बड़ा फैसला, तीहरे हत्याकांड के दोषी को मिली 70 साल कैद की सजा।

    HighLights

    1. कुल्हाड़ी से वार कर हत्याकांड को दिया था अंजाम।
    2. बिछा दी थी तीन लाश।
    3. ससुराल में जाकर साली के दूसरे पुत्र बौबी पर भी जानलेवा हमला कर दिया था।

    संवाद सहयोगी, रूपनगर। चार साल पहले जिला रूपनगर के मोरिंडा क्षेत्र में हुए तिहरे हत्याकांड तथा एक बच्चे को गंभीर घायल किए जाने के मामले में जिला एवं सेशन जज की अदालत ने आरोपित को दोषी करार देते हुए सजा सुना दी है। दोषी को इस सजा के तहत 70 साल जेल में ही रहना होगा।

    आरोपित आलम वासी वार्ड नंबर एक शूगर मिल रोड मोरिंडा जिला रूपनगर ने तीन जून 2020 को अपनी पत्नी काजल सहित अपनी साली जसप्रीत कौर तथा साली के पुत्र साहिल का उस वक्त कुल्हाड़ी से वार करते हुए बेरहमी से कत्ल कर दिया था, जिस वक्त सभी सो रहे थे। इसके बाद आरोपित ने अपने ससुराल में जाकर साली के दूसरे पुत्र बौबी पर भी जानलेवा हमला कर उसे गंभीर रूप से घायल कर दिया था।

    सेशन जज रमेश कुमारी ने सुनाया फैसला

    उस वक्त थाना सिटी मोरिंडा में आरोपित को गिरफ्तार करते हुए उसके खिलाफ आइपीसी की धारा 302 तथा 307 के तहत मामला दर्ज किया गया था। इस मामले में पुलिस द्वारा आरोपित के खिलाफ चालान पेश करने के बाद सेशन जज रूपनगर की अदालत में ट्रायल शुरू हुआ। ट्रायल के दौरान सेशन जज रमेश कुमारी ने सरकारी वकील तथा बचाव पक्ष के वकील की दलीलें सुनते हुए आलम को दोषी करार दे दिया।

    इस तरह हुए 70 साल 

    सुनवाई के दौरान आइपीसी की धारा 57 को भी केस में जोड़ा गया, जिसमें उम्र कैद 20 साल होने की व्यवस्था बनाई गई है। सेशन जज ने सजा सुनाते हुए हत्या के तीन मामलों में धारा 302 के तहत दोषी को हर कत्ल में 20-20 साल की सजा यानि कुल 60 साल की सजा, जबकि धारा 307 के तहत दोषी को दस साल की सजा सुनाई। आलम को 70 साल जेल में ही बिताने होंगे।

    खबरें और भी

    यह भी पढ़ें- Punjab News: दिल्ली कूच की तैयारी, 6 महीने का राशन लेकर शंभू बॉर्डर पहुंच रहे किसान