लुधियाना में सांप के डसने से बहन के बाद भाई की भी मौत, रक्षाबंधन से पहले घर में पसरा मातम
रायकोट के बसियां गांव में सांप के डसने से छह वर्षीय बहन जसप्रीत कौर और उसके आठ वर्षीय भाई जोबनप्रीत सिंह की मौत हो गई।

लुधियाना में रक्षाबंधन से पहले सांप के डसने से बहन के बाद भाई की भी मौत।
HighLights
बसियां गांव में सांप के डसने से दो बच्चों की मौत
रायकोट अस्पताल में एंटी-वेनम इंजेक्शन उपलब्ध नहीं था
एंबुलेंस ड्राइवर की लापरवाही से इलाज में हुई देरी
संवाद सूत्र, रायकोट। गांव बसियां में मंगलवार देर रात सांप के डसने से हुई छह वर्षीय बच्ची की मौत के बाद बुधवार रात उसके आठ वर्षीय भाई की भी मौत हो गई। बताने योग्य है कि दोनों भाई-बहन जसप्रीत कौर व जोबनप्रीत सिंह घर के आंगन में परिवार के साथ सो रहे थे, जिन्हें मंगलवार देर रात सांप ने डस लिया था।
जोबनप्रीत सिंह ने रात तीन बजे उठकर दादी को बताया था कि उसको किसी चीज ने काटा है, जब चारपाई के नीचे देखा तो सांप था। इसके बाद उसे पहले सिविल अस्पताल रायकोट में भर्ती करवाया गया, इसके बाद गंभीर हालत में उसे लुधियाना के सीएमसी अस्पताल भेज दिया गया, जहां उसकी बुधवार रात को मौत हो गई।
वहीं, जसप्रीत कौर की तबीयत बुधबार सुबह पांच बजे खराब हुई थी, जिसके बाद उसे सिविल अस्पताल रायकोट पहुंचाया गया लेकिन डाक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया था। दोनों मृतकों का वीरवार को गमगीन माहौल के बीच अंतिम संस्कार कर दिया गया।
रक्षाबंधन से एक दिन पहले हुई इस दर्दनाक घटना से पूरे इलाके में शोक है। बच्चों के संस्कार के दौरान परिवार का रो-रोकर बुरा हाल था। श्मशानघाट में मौजूद हर व्यक्ति की आंखें नम थीं। इस दौरान लोगों में प्रशासन के प्रति भी रोष देखने को मिला।
लोगों ने कहा कि परिवार पर आई इस दुख की घड़ी में कोई भी प्रशासनिक अधिकारी या राजनीतिक नेता परिवार के साथ दुख साझा करने नहीं पहुंचा। वहीं परिवार ने बताया कि एंबुलेंस के ड्राइवर ने सीएमसी जाने में ही डेढ से दो घंटे लगा दिए, क्योंकि वह 30 की स्पीड में एंबुलेंस चला रहा था। पहले जोबनप्रीत बात कर रहा था लेकिन मुल्लांपुर से आगे जाते हुए वह बेसुध हो गया, इसके बाद ड्राइवर ने गाड़ी तेज चलाई।
रायकोट सिविल अस्पताल में नहीं था एंटी वेनम इंजेक्शन
परिवार ने आरोप लगाया कि जोबनप्रीत की जान बचाई जा सकती थी पर घटना के दो घंटे तक सिविल अस्पताल रायकोट में उसे बिना ट्रीटमेंट के रखा गया। उन्होंने कहा कि रायकोट सिविल अस्पताल में सांप के डसने के बाद लगाई जाने वाला 'एंटी वेनम' इंजेक्शन नहीं था। दो घंटे बाद बिना इलाज के उसे सीएमसी अस्पताल में रेफर किया गया।
