यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Dec 03, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
फर्जी ज्वाइनिंग लेटर देकर फगवाड़ा रेलवे स्टेशन पर कर दी तैनाती, पुलिस की वर्दी में देख अफसरों को हुआ शक और फिर...
फर्जी ज्वाइनिंग लेटर देकर एक महिला को पुलिस की वर्दी पहनाकर फगवाड़ा रेलवे स्टेशन पर तैनात कर दिया गया। रेलवे पुलिस को शक हुआ तो पूछताछ में महिला ने ठग ...और पढ़ें

HighLights
- फर्जी ज्वाइनिंग लेटर देकर रेलवे पुलिस की वर्दी पहनाई
- रजिस्ट्रेशन फार्म भरवाने के बाद पिम्स जालंधर में मेडिकल भी करवाया
- रोल नंबर, मेडिकल व ज्वाइनिंग लेटर के नाम पर ठगे 1.33 लाख
जागरण टीम, नवांशहर/बंगा। रेलवे पुलिस में भर्ती के नाम पर ठगी का अनोखा मामला सामने आया है। आरोपित ठग महिला ने बंगा निवासी महिला का रजिस्ट्रेशन फार्म भरवाया, पिम्स जालंधर में मेडिकल करवाया और फिर रेलवे पुलिस की वर्दी पहनाकर फगवाड़ा रेलवे स्टेशन पर ले जाकर खड़ा कर दिया। इसके बदले उसने महिला से 1.33 लाख रुपये लिए। रेलवे पुलिस ने जब स्टेशन पर वर्दी पहने महिला से पूछताछ की तो पता चला कि उससे ठगी हुई है।
पीड़ित महिला ने खुद पिम्स जालंधर जाकर आरोपित महिला को ढूंढ़ा और बंगा लाकर पुलिस के हवाले किया। आरोपित महिला की पहचान अमृतसर के पुतलीघर निवासी अर्पणा के रूप में हुई है जिस पर पुलिस ने मामला दर्ज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।
पता चला है कि आरोपित महिला ने कई लोगों से ठगी की है। थाना सदर बंगा की एसएचओ मनजीत कौर ने बताया कि खटकड़ कलां निवासी अमनदीप कौर ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि उसने बाहरवीं तक पढ़ाई की है और वह सरकरी नौकरी करना चाहती थी। इसके बारे में उसने बंगा में एक करियाने की दुकान पर काम करने वाली रिश्ते में अपनी जेठानी संदीप कौर से बात की।
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आई कार्ड दिखाकर किया नौकरी का दिलवाया विश्वास
संदीप कौर ने भी सरकारी नौकरी करने की इच्छा जताई। वहीं, उसने बताया कि अमृतसर की रहने वाली अर्पणा नामक महिला बंगा में रहने के लिए कमरा ढूंढ़ रही है। वह लोगों को रेलवे पुलिस में नौकरी दिलवाती है। संपर्क करने पर अर्पणा ने रेलवे का आईकार्ड दिखाया और नौकरी दिलवाने का विश्वास दिलवाया।
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इसके बाद गत 15 नवंबर को अर्पणा ने उनका रेलवे रजिस्ट्रेशन फार्म भरा, जिस पर उसे रोल नंबर 991301 जारी किया गया। इसकी फीस के नाम पर अर्पणा ने उससे 1,830 रुपये ले लिए।
इसके बाद उसे कहा कि उनकी नौकरी लग गई है और अब उसका मेडिकल होगा। इसके बाद उसने मेडिकल फार्म भरा व 18 नवंबर को उससे व संदीप से 3,250-3,250 रुपये लिए गए।
मेडिकल के लिए लिये 28500 रुपए
साथ ही उसी दिन उन्हें पंजाब इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंस (पिम्स) जालंधर ले जाकर उसका ओपीडी कार्ड, जिसका यूएचआइडी नंबर पीआइएमएस 1009285 है, बनाकर दिया। पूरे मेडिकल के लिए उसने फिर से 28 हजार 500 रुपये लिए। ब्लड टेस्ट व ईसीजी भी करवाई, जिसके पैसे भी अलग से लिए।
वहीं एक लाख रुपये उनके घर आकर लिए। इसके बाद गत 28 नवंबर को उसकी जेठानी को ज्वाइनिंग लेटर देकर पुलिस की वर्दी पहनाकर फगवाड़ा रेलवे स्टेशन पर ले जाकर तैनात कर दिया। वहां रेलवे पुलिस ने उसकी जेठानी को पकड़ लिया।
पूछताछ में जब पुलिस को उसने सारी बात बताई तो उसे इस वायदे पर छोड़ दिया कि वह आरोपित महिला को पुलिस के सामने लाए। इसके बाद वे दोनों चुपचाप पिम्स जालंधर गईं जहां पर अर्पणा उन्हें मिल गई। उन्होंने उसे पकड़कर बंगा लाकर पुलिस के पास पेश कर दिया। पुलिस ने जांच के बाद अर्पणा के खिलाफ केस दर्ज कर आगे की कारवाई शुरू कर दी है।