यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Feb 22, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Farmers Protest: 'अगर पंजाब सरकार पहले से होती अलर्ट, तो खनौरी बॉर्डर पर नहीं मरते किसान', सरवन सिंह पंढेर का बड़ा बयान
पटियाला के राजेंद्र अस्पताल पहुंचे भारतीय किसान नेता जगजीत सिंह डल्लेवाल और सरवन सिंह पंढेर ने पंजाब सरकार पर आरोप लगाते हुए कहा कि हरियाणा पुलिस ने प ...और पढ़ें

जागरण संवाददाता, पटियाला। पटियाला के राजेंद्र अस्पताल में भारतीय किसान (BKU) नेता जगजीत सिंह डल्लेवाल (Jagjit Singh Dallewal) और किसान नेता सरवन सिंह पंढेर (Swarn Singh Pandher) ने कहा कि पंजाब की हद में हरियाणा पुलिस (Haryana Police) द्वारा ड्रोन से आंसू गैस के गोले गिराए गए। अगर पंजाब सरकार पहले ही इन मामलों पर सख्ती से कार्रवाई करती तो खनौरी बॉर्डर (Khanuri border) वाली घटना न होती।
पंजाब पुलिस ने किसानों को शंभू बॉर्डर पर जाने से रोका
उन्होंने के कहा के पंजाब पुलिस द्वारा शंभू बॉर्डर पर जाने वाले किसानों को रास्ते में रोका गया और लंगर तक नहीं जाने दिए गया। यहां तक के पंजाब के कई गांव में पुलिस ने किसानों को यह तक कहा के शंभू और खनौरी बॉर्डर पर प्रदर्शन करने वाले किसानों को तो पुलिस ने गिरफ्तार कर लेना है, इसलिए वहां मत जाय। किसान नेताओं ने कहा कि सरकार अपनी स्थिति स्पष्ट करे कि वह किस ओर है। क्योंकि सरकार के निर्देशों के बिना पुलिस ऐसा नहीं कर सकती।
हरियाणा पुलिस ने किसानों को मारा
उन्होंने कहा के खनौरी बॉर्डर पर हरियाणा पुलिस ने पंजाब की हद में आकर किसानों को मारा तो कई ट्रेक्टर सहित अन्य सामान को तोड़ा गया। यही नहीं करीब पांच किसानों को हरियाणा पुलिस उठाकर ले गई। जबकि पंजाब सरकार की जिम्मेदारी बनती है के जिन किसानों को हरियाणा पुलिस उठाकर ले गई है, को छुड़ाकर लेकर आए और इस घटना को अंजाम देने वालों पर एफ आई आर दर्ज करें।
सरकार से बोर्ड बनाकर पोस्टमार्टम करने का मांग की
मृतक किसान शुभकरण का पोस्टमार्टम के मामले पर किसान नेताओं के कहा के शुभकरण का पोस्टमार्टम करने के लिए सरकार के बोर्ड बनाकर की पोस्टमार्टम कराए। मोर्चे की अगली रणनीति के सवाल पर किसान नेताओं ने कहा इस मामले पर संगठन की आज या फिर को मीटिंग होगी जिसमें अगला फैसला लिया जाएगा