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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jan 12, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Kisan Andolan: खनौरी बॉर्डर पर 10 महीने से प्रदर्शन कर रहे किसान की मौत, डल्लेवाल की भी हालत नाजुक

    Updated: Sun, 12 Jan 2025 03:10 PM (GMT+05:30)

    खनौरी बॉर्डर पर 10 महीने से किसान आंदोलन में डटे 80 वर्षीय किसान जग्गा सिंह का निधन हो गया। अधरंग का दौरा पड़ने के बाद उन्हें राजिंदरा अस्पताल पटियाला ...और पढ़ें

    खनौरी बॉर्डर पर 80 वर्षीय किसान जग्गा सिंह की हुई मौत
    खनौरी बॉर्डर पर 80 वर्षीय किसान जग्गा सिंह की हुई मौत

    HighLights

    1. राजिंदरा अस्पताल पटियाला में इलाज दौरान हुई मौत
    2. किसान के पार्थिव शरीर को खनौरी बॉर्डर पर लाया जाएगा
    3. 10 महीने से लगातार खनौरी बॉर्डर पर डटे थे जग्गा सिंह

    संवाद सूत्र, खनौरी (संगरूर)। खनौरी बॉर्डर पर लगे किसान मोर्चे (Kisan Andolan) दौरान अधरंग का दौरा पड़ने से बीमार हुए किसान की शनिवार रात्रि राजिंदरा अस्पताल पटियाला में इलाज दौरान मौत हो गई। मृतक किसान 80 वर्षीय जग्गा सिंह पुत्र दरबार सिंह निवासी गोदारा बाजाखाना जिला फरीदकोट के पार्थिव शरीर को खनौरी बॉर्डर पर लाया जाएगा, जिसके बाद उनके गांव में अंतिम संस्कार किया जाएगा।

    10 महीने से कर रहे थे प्रदर्शन

    जानकारी देते हुए किसान नेता लखविंदर सिंह औलख ने बताया कि उक्त किसान जग्गा सिंह पिछले करीब 10 महीने से लगातार खनौरी बॉर्डर पर किसानों के चल रहे मोर्चे पर डटा हुए थे।

    पिछले दिनों का अधरंग का दौरा पड़ने पर उसकी हालत बेहद गंभीर हो गई थी, जिसे यहां मौजूद डॉक्टरों की टीम द्वारा चेकअप करने उपरांत राजिंदरा अस्पताल पटियाला में भर्ती करवाया गया था। इलाज चलने के उपरांत शनिवार रात को उक्त किसान की मौत हो गई।

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    किसान आंदोलन के जा चुकी है कई जानें

    उन्होंने कहा कि मृतक किसान के पांच लड़के व एक लड़की है। उन्होंने बताया कि पिछले 11 महीने से बॉर्डर पर चल रहे किसान आंदोलन दौरान कई किसानों की मौत हो चुकी है।

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    शंभु बॉर्डर पर दो किसान आत्महत्या कर चुके हैं, लेकिन इसके बावजूद के राज्य व केंद्र सरकार की कुंभकरनी नींद नहीं खुली है। इससे पहले दिल्ली आंदोलन दौरान भी 700 से अधिक किसान अपनी जान गवां चुके हैं, लेकिन अभी तक इन किसानों के परिवारों को मुआवजा, सरकारी नौकरी व कर्ज माफी नहीं हुई है।

    जगजीत सिंह डल्लेवाल की भी हालत नाजुक

    किसान नेता जगजीत सिंह डल्लेवाल की सेहत दिन-प्रतिदिन बिगड़ती जा रही है। ऐसे में संयुक्त किसान मोर्चा (एसकेएम) गैर-राजनीतिक ने शुक्रवार को खनौरी में दूसरे गुट राजनीतिक की ओर से सौंपे गए एकता प्रस्ताव पर शनिवार को चर्चा की।

    इस दौरान एसकेएम (गैर राजनीतिक) ने एकता प्रस्ताव पर सहमति जताते हुए किसान नेता जगजीत सिंह डल्लेवाल की बिगड़ती सेहत के मद्देनजर जल्द बैठक करने की अपील दूसरे गुट से की। एसकेएम गैर-राजनीतिक की ओर से इस संबंध में दूसरे गुट को पत्र भी लिखा गया है।

    माना जा रहा है कि अगले एक-दो दिन में खनौरी बॉर्डर पर दोनों गुटों की बैठक हो सकती है। इसमें केंद्र सरकार के खिलाफ संयुक्त रणनीति बनाई जाएगी।

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