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    मेवाड़ यूनिवर्सिटी फर्जी डिग्री घोटाला: मास्टरमाइंड समेत 13 गिरफ्तार, 1000 से अधिक डिग्रियां बेचने का आरोप

    Updated: Tue, 12 May 2026 10:32 PM (IST)

    राजस्थान के मेवाड़ विश्वविद्यालय पर पिछले चार साल में एक हजार से अधिक फर्जी डिग्रियां बेचने का आरोप है, जिसके एवज में लाखों रुपये लिए गए। ...और पढ़ें

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    जागरण संवाददाता,जयपुर। राजस्थान के चितौड़गढ़ जिले में स्थित मेवाड़ विश्वविद्यालय पर आरोप है कि संस्था ने एक गिरोह के साथ मिलकर पिछले चार साल में करीब एक हजार से अधिक फर्जी डिग्रियां एवं अंकतालिका बेची हैं। जिसके एवज में हर फर्जी डिग्री धारक से दो से ढ़ाई लाख रुपये लिए गए।

    राजस्थान स्पेशल आपरेशन ग्रुप (एसओजी) की जांच में अब तक 470 फर्जी डिग्री धारक सामने आए हैं। इस मामले में एसओजी ने 13 लोगों को गिरफ्तार किया है। बता दें कि एसओजी ने सोमवार को फर्जी डिग्री गिरोह के मास्टरमाइंड वीरेंद्र सिंह को उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद से गिरफ्तार किया है।

    एसओजी के रिमांड पर

    मंगलवार को उसे अजमेर के जिला एवं सत्र न्यायालय में पेश किया गया। जहां से उसे एसओजी के रिमांड पर भेज दिया गया। वीरेंद्र विश्वविद्यालय की डिग्री छपवाने के काम का प्रभारी था। अब तक की जांच और वीरेंद्र से हुई प्रारंभिक पूछताछ में सामने आया कि मेवाड़ विश्वविद्यालय से फर्जी डिग्री हासिल करने के बाद करीब पांच दर्जन से अधिक लोगों ने सरकारी नौकरी हासिल की है।

    एसओजी के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्याम सुंदर के अनुसार, वीरेंद्र पिछले छह माह से फरार था। मुखबिर की सूचना पर एसओजी ने उसको गिरफ्तार किया है। एसओजी नकली डिग्री की खरीद-फरोख्त एवं उनके आधार पर सरकारी नौकरी हासिल करने वाले लोगों की जांच कर रही है।

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    ऐसे हुआ खुलासा

    वर्ष 2022 में राजस्थान में शारीरिक शिक्षक भर्ती परीक्षा आयोजित की गई थी। परीक्षा में सफल अभ्यर्थियों के दस्तावेज की जांच के दौरान एक महिला अभ्यर्थी की डिग्री फर्जी मिली थी। इसके बाद सरकार ने चयनित होने वाले सभी अभ्यर्थियों की डिग्री की गहनता से जांच की तो सामने आया कि तीन दर्जन से अधिक लोगों ने फर्जी डिग्रियों के आधार पर सरकारी नौकरी हासिल की थी।

    जांच के बाद सरकार ने ऐसे 30 लोगों को नौकरी से बर्खास्त किया था। जिनमें सबसे अधिक 18 शारीरिक शिक्षक बांसवाड़ा जिले से थे। एसओजी ने इस मामले में 20 मार्च 2023 अजमेर के सिविल लाइंस पुलिस थाने में मुकदमा दर्ज किया था।

    इस मामले में एसओजी ने अब तक मेवाड़ विश्वविद्यालय के प्रशासनिक अधिकारी कीर्ति शर्मा एवं डीन कौशल किशोर सहित 13 लोगों को गिरफ्तार किया है।