Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे May 27, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Rahu-Ketu Gochar 2024: राहु-केतु के गोचर से 4 राशियों की बदलेगी किस्मत, दूर होंगे सभी दुख और कष्ट

    By Pravin KumarEdited By: Pravin Kumar
    Updated: Mon, 27 May 2024 01:59 PM (IST)

    वर्तमान समय में मायावी ग्रह राहु मीन राशि में विराजमान हैं और 18 मई 2025 तक मीन राशि में रहेंगे। वहीं केतु कन्या राशि में उपस्थित हैं। इस राशि में केत ...और पढ़ें

    Rahu-Ketu Gochar 2024: राहु-केतु के गोचर से 4 राशियों की बदलेगी किस्मत
    Rahu-Ketu Gochar 2024: राहु-केतु के गोचर से 4 राशियों की बदलेगी किस्मत

    HighLights

    1. ज्योतिष शास्त्र में राहु और केतु को मायावी ग्रह माना जाता है।
    2. वर्तमान समय में राहु मीन राशि में विराजमान हैं।
    3. राहु 18 मई, 2025 को मीन राशि से निकलकर कुंभ राशि में गोचर करेंगे।

    धर्म डेस्क, नई दिल्ली। Rahu Ketu Gochar 2024: ज्योतिष शास्त्र में राहु और केतु को मायावी ग्रह माना जाता है। दोनों ही वक्री चाल चलते हैं। इसके चलते राहु और केतु हमेशा वक्री राशि में ही गोचर करते हैं। वर्तमान समय में राहु मीन राशि में विराजमान हैं और 18 मई, 2025 तक मीन राशि में रहेंगे। वहीं, केतु कन्या राशि में उपस्थित हैं। इस राशि में केतु भी 18 मई, 2025 तक विराजमान रहेंगे। इस दिन राहु और केतु राशि परिवर्तन करेंगे। इससे पूर्व न्याय के देवता शनिदेव और देवताओं के गुरु बृहस्पति देव राशि परिवर्तन करेंगे। राहु और केतु के गोचर से 04 राशि के जातकों को सर्वाधिक लाभ प्राप्त होने वाला है। आइए, इन 04 भाग्यशाली राशियों के बारे में जानते हैं-

    यह भी पढ़ें: कब और कैसे हुई धन की देवी की उत्पत्ति? जानें इससे जुड़ी कथा एवं महत्व

    राहु-केतु गोचर

    ज्योतिषियों की मानें तो मायावी ग्रह राहु और केतु वर्तमान समय में क्रमशः मीन और कन्या राशि में विराजमान हैं। राहु 18 मई, 2025 को संध्याकाल 07 बजकर 35 मिनट पर मीन राशि से निकलकर कुंभ राशि में गोचर करेंगे। वहीं, केतु 18 मई, 2025 को कन्या राशि से निकलकर सिंह राशि में गोचर करेंगे।

    मिथुन राशि

    ज्योतिषियों में राहु की उच्च राशि को लेकर मतभेद है। कई ज्योतिष राहु की उच्च राशि वृषभ बताते हैं, तो कई जानकार राहु की उच्च राशि मिथुन बताते हैं। एक गणना के अनुसार, चंद्र देव वृषभ राशि में उच्च के होते हैं। अतः मिथुन राशि में राहु उच्च के होंगे। राहु वर्तमान समय में मीन राशि में विराजमान हैं। वहीं, मिथुन राशि के करियर भाव को देख रहे हैं। अतः मिथुन राशि के जातकों को करियर और कारोबार में मन मुताबिक सफलता मिलेगी। हालांकि, अहम फैसले लेते समय घर में बड़ों की राय अवश्य लें।

    कन्या राशि

    वर्तमान समय में केतु कन्या राशि में विराजमान हैं। वहीं, राहु कन्या राशि के जातकों के जीवनसाथी और कारोबार भाव को देख रहे हैं। अतः राहु और केतु की कृपा से कन्या राशि के जातकों को विशेष लाभ प्राप्त हो सकता है। कई अवसर पर अचानक से लिए गए फैसले से धन लाभ हो सकता है। अगर कुंडली में राहु नीच या कमजोर है, तो रोजाना शिवजी की पूजा करें।

    खबरें और भी

    धनु राशि

    केतु धनु राशि में उच्च के होते हैं। अतः धनु राशि के जातकों को हमेशा शुभ फल प्रदान करते हैं। वर्तमान समय में धनु राशि के जातकों की कुंडली में कोई दोष नहीं लगा है। आसान शब्दों में कहें तो शुभ ग्रहों का प्रभाव शून्य है। अतः धनु राशि के जातकों पर केतु की कृपा अवश्य बरसेगी। बिगड़े काम बन भी सकते हैं। साथ ही रोजगार को नया आयाम मिल सकता है।

    मीन राशि

    मायावी ग्रह राहु मीन राशि में विराजमान हैं। इस राशि में सुखों के कारक शुक्र देव उच्च के होते हैं। अतः मीन राशि के जातकों को हमेशा शुभ फल प्राप्त होता है। हालांकि, साढ़े साती के चलते मीन राशि के जातक परेशान हैं। इसके प्रभाव को कम करने के लिए शिवजी और भगवान विष्णु की पूजा करें। बिगड़े काम बनने लगेंगे। रुका हुआ धन प्राप्त हो सकता है। पद-प्रतिष्ठा में वृद्धि होगी।

    यह भी पढ़ें: कब और कैसे हुई धन की देवी की उत्पत्ति? जानें इससे जुड़ी कथा एवं महत्व

    अस्वीकरण: इस लेख में बताए गए उपाय/लाभ/सलाह और कथन केवल सामान्य सूचना के लिए हैं। दैनिक जागरण तथा जागरण न्यू मीडिया यहां इस लेख फीचर में लिखी गई बातों का समर्थन नहीं करता है। इस लेख में निहित जानकारी विभिन्न माध्यमों/ज्योतिषियों/पंचांग/प्रवचनों/मान्यताओं/धर्मग्रंथों/दंतकथाओं से संग्रहित की गई हैं। पाठकों से अनुरोध है कि लेख को अंतिम सत्य अथवा दावा न मानें एवं अपने विवेक का उपयोग करें। दैनिक जागरण तथा जागरण न्यू मीडिया अंधविश्वास के खिलाफ है।