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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jul 15, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Devshayani Ekadashi 2024: देवशयनी एकादशी पर जरूर करें तुलसी से जुड़े ये आसान उपाय, आर्थिक तंगी होगी दूर

    By Pravin KumarEdited By: Pravin Kumar
    Updated: Mon, 15 Jul 2024 03:47 PM (GMT+05:30)

    धार्मिक मत है कि एकादशी तिथि (Devshayani Ekadashi 2024) पर जगत के पालनहार भगवान विष्णु की पूजा करने से साधक के जीवन में मंगल का आगमन होता है। साथ ही स ...और पढ़ें

    Tulsi Remedies on Devshayani Ekadashi 2024: इन उपायों से करें भगवान विष्णु को प्रसन्न
    Tulsi Remedies on Devshayani Ekadashi 2024: इन उपायों से करें भगवान विष्णु को प्रसन्न

    HighLights

    1. देवशयनी एकादशी हर वर्ष आषाढ़ माह में मनाई जाती है।
    2. इस तिथि पर भगवान विष्णु संग मां लक्ष्मी की पूजा की जाती है।
    3. एकादशी व्रत करने से जीवन में खुशियों का आगमन होता है।

    धर्म डेस्क, नई दिल्ली। Tulsi Remedies: एकादशी तिथि जगत के पालनकर्ता भगवान विष्णु को समर्पित है। इस दिन विधि-विधान से जगत के पालनहार भगवान विष्णु एवं मां लक्ष्मी की पूजा की जाती है। साथ ही लक्ष्मी नारायण जी के निमित्त एकादशी व्रत रखा जाता है। इस व्रत की महिमा अपरंपार है। एकादशी व्रत करने से सामान्यजन को भी बैकुंठ धाम में स्थान प्राप्त होता है। साथ ही जन्म-जन्मांतर में किए गए सभी पाप नष्ट हो जाते हैं। सनातन शास्त्रों में एकादशी तिथि पर भगवान विष्णु को प्रसन्न करने के लिए विशेष उपाय करने का विधान है। इन उपायों को करने से व्यक्ति के जीवन में व्याप्त सभी प्रकार के परेशानियों का अंत होता है। अगर आप भी आर्थिक तंगी से निजात पाना चाहते हैं, तो देवशयनी एकादशी पर तुलसी से जुड़े ये उपाय जरूर करें। इन उपायों को करने से आय और सौभाग्य में अपार वृद्धि होती है।

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    कब है देवशयनी एकादशी?

    हर वर्ष आषाढ़ माह के शुक्ल पक्ष की दशमी तिथि के अगले दिन देवशयनी एकादशी मनाई जाती है। इस वर्ष 17 जुलाई को देवशयनी एकादशी है। वहीं, एकदाशी व्रत का पारण 18 जुलाई को किया जाएगा। 17 जुलाई को एकादशी तिथि रात्रि 09 बजकर 02 मिनट तक है ।

    तुलसी के उपाय

    • अगर आप जगत के पालनहार भगवान विष्णु को प्रसन्न करना चाहते हैं, तो देवशयनी एकादशी तिथि पर स्नान-ध्यान के बाद भगवान विष्णु की पूजा करें। इस समय कच्चे दूध में केसर और तुलसी दल मिलाकर भगवान विष्णु का अभिषेक करें। इस उपाय को करने से भगवान विष्णु शीघ्र प्रसन्न होते हैं। उनकी कृपा से साधक के सभी बिगड़े काम बन जाते हैं। साथ ही आर्थिक तंगी भी दूर होती है।
    • भगवान विष्णु को तुलसी अति प्रिय है। अतः देवशयनी एकादशी तिथि पर स्नान-ध्यान के बाद भगवान विष्णु की पूजा के समय तुलसी माता की भी पूजा करें। हालांकि, तुलसी के पौधे में जल का अर्घ्य न दें। एकादशी पूजा के समय तुलसी मंत्रों का जप करें। इसके बाद तुलसी का पौधा घर की उत्तर दिशा में लगाएं। अगर पूर्व से तुलसी का पौधा लगा है, तो तुलसी का पौधा अपने परिजन को दान कर सकते हैं।
    • तुलसी माता की पूजा करने से भगवान विष्णु शीघ्र प्रसन्न होते हैं। अतः देवशयनी एकादशी पर विधि पूर्वक तुलसी माता की पूजा करें। साथ ही पूजा के समय तुलसी माला से भगवान विष्णु के नामों का मंत्र जप करें।
    • अगर आप करियर और कारोबार को नया आयाम देना चाहते हैं, तो देवशयनी एकादशी पर भगवान विष्णु को अखंडित चावल से निर्मित खीर अर्पित करें। साथ ही खीर में तुलसी दल अवश्य अर्पित करें। हालांकि, तुलसी दल की व्यवस्था एकादशी तिथि से एक दिन पूर्व कर लें।
    • अगर आप घर में व्याप्त वास्तु दूर करना चाहते हैं, तो देवशयनी एकादशी पर तुलसी माता की आरती जरूर करें। आप दोनों समय यानी पूजा के समय और संध्याकाल में तुलसी माता की आरती कर सकते हैं। इससे घर में सुख, समृद्धि एवं शांति आती है। साथ ही आय और सौभाग्य में वृद्धि होती है।

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    अस्वीकरण: इस लेख में बताए गए उपाय/लाभ/सलाह और कथन केवल सामान्य सूचना के लिए हैं। दैनिक जागरण तथा जागरण न्यू मीडिया यहां इस लेख फीचर में लिखी गई बातों का समर्थन नहीं करता है। इस लेख में निहित जानकारी विभिन्न माध्यमों/ज्योतिषियों/पंचांग/प्रवचनों/मान्यताओं/धर्मग्रंथों/दंतकथाओं से संग्रहित की गई हैं। पाठकों से अनुरोध है कि लेख को अंतिम सत्य अथवा दावा न मानें एवं अपने विवेक का उपयोग करें। दैनिक जागरण तथा जागरण न्यू मीडिया अंधविश्वास के खिलाफ है।

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