यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jun 26, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Gupt Navratri June 2025: सभी ग्रहों की अशुभता दूर कर देगा ये पावरफुल मंत्र, पढ़िए नवरात्र में कैसे करें जाप
नवरात्र के नौ दिनों में यदि नवार्ण मंत्र का जाप पूरी आस्था से किया जाए, तो यह सभी तरह के ग्रह दोषों को दूर करने की शक्ति रखता है। इस मंत्र का जाप करने ...और पढ़ें

धर्म डेस्क, नई दिल्ली। गुप्त रूप से शक्ति की आराधना करने का पर्व नवरात्र 26 जून से शुरू हो चुका है। शक्ति का प्रतीक मां दुर्गा सभी प्रकार की अशुभता को हर सकती हैं और जीवन में सुख, शांति, वैभव प्रदान कर सकती हैं।
मां दुर्गा का नवार्ण मंत्र का नवरात्र के 9 दिनों तक जाप करना चाहिए। यह शक्तिशाली मंत्र सभी ग्रहों की सभी तरीके की अशुभता को दूर करने की क्षमता रखता है। इस मंत्र में कुल 9 अक्षर हैं, जिनका संबंध मां के 9 स्वरूपों से है।
इस मंत्र के नौ अक्षर नौ ग्रहों को नियंत्रित करने की क्षमता रखते हैं। इस मंत्र में तीन देवियों सरस्वती, महालक्ष्मी और महाकाली की शक्तियां निहित है। आइए जानते हैं क्या है यह मंत्र और इसका पाठ करते समय किन बातों का ध्यान रखना चाहिए। इस मंत्र के हर अक्षर से किस ग्रह को नियंत्रित किया जा सकता है।

जानिए यह मंत्र और इसकी विधि
''ऐं ह्रीं क्लीं चामुंडायै विच्चे''
इस मंत्र के जाप से पहले मां दुर्गा की फोटो या मूर्ति के सामने घी का दीपक जलाएं। लाल फूल, फल, मिठाई, धूप आदि अर्पण करें। इसके बाद पूर्व दिशा की तरफ मुंह करके बैठ जाएं और इस मंत्र का जाप रुद्राक्ष की माला से करें।
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नवरात्र में सिद्ध करने के लिए 9 दिन में एक लाख जाप करने होते हैं। यदि ऐसा संभव न हो तो रोजाना विषम संख्या जैसे 1, 3, 5 या 7 माला इस मंत्र के जाप की कर सकते हैं।
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किन ग्रहों को नियंत्रित करते हैं अक्षर
'ऐं' - ऐं अक्षर सूर्य को नियंत्रित करता है।
'ह्रीं' - ये अक्षर चंद्रमा को नियंत्रित करता है।
'क्लीं' - ये अक्षर मंगल को नियंत्रित करता है।
“चा”- ये अक्षर बुध को नियंत्रित करता है।
“मुं” - ये अक्षर बृहस्पति को नियंत्रित करता है।
“डा”- ये अक्षर शुक्र को नियंत्रित करता है।
“यै” - ये अक्षर शनि को नियंत्रित करता है।
“वि”- ये अक्षर राहु को नियंत्रित करता है।
“चै” - ये अक्षर केतु ग्रह को नियंत्रित करता है।
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