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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे May 03, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Buddha Purnima 2025: बुद्ध पूर्णिमा की रात करें ये दुर्लभ उपाय, दूर होंगे जीवन के सभी रोग-दोष

    Updated: Sat, 03 May 2025 10:13 AM (IST)

    बुद्ध पूर्णिमा की रात ध्यान और प्रार्थना का विशेष महत्व है। इस साल यह तिथि 12 मई को पड़ रही है। इस दिन शांत मन से रहें और पूजा-पाठ करें। वहीं इस दिन ( ...और पढ़ें

    Buddha Purnima 2025: बुद्ध पूर्णिमा पर रात्रि के समय करें ये उपाय।
    Buddha Purnima 2025: बुद्ध पूर्णिमा पर रात्रि के समय करें ये उपाय।

    HighLights

    1. बुद्ध पूर्णिमा को गौतम बुद्ध की जयंती के रूप में मनाया जाता है।
    2. यह दिन भगवान बुद्ध के जन्म, ज्ञान प्राप्ति का प्रतीक है।
    3. इस साल यह तिथि 12 मई को पड़ रही है।

    धर्म डेस्क, नई दिल्ली। बुद्ध पूर्णिमा बेहद पवित्र दिन है। यह दिन भगवान बुद्ध के जन्म, ज्ञान प्राप्ति का प्रतीक है। इस साल यह पावन तिथि 12 मई, 2025 को पड़ रही है। इस दिन (Buddha Purnima 2025) लोग भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी की पूजा करते हैं। माना जाता है कि इस दिन पूजा-पाठ और गंगा स्नान करने से मनोकामनाओं की पू्र्ति होती है। वहीं, रात के समय किए गए कुछ उपाय आपके जीवन में चमत्कारी बदलाव कर सकते हैं, आइए उनके बारे में जानते हैं।

    बुद्ध पूर्णिमा पर रात्रि के समय करें ये उपाय (Buddha Purnima 2025 Ke Upay)

    • दान करें - इस दिन की पवित्र रात (Rare Rituals For Buddha Purnima Night) में दान-पुण्य करना बेहद फलदायी माना जाता है। ऐसे में इस मौके पर गरीबों और जरूरतमंदों को भोजन, वस्त्र या अन्य जरूरी वस्तुओं का दान करें। ऐसा करने से घर में बरकत बनी रहती है।
    • तुलसी पूजन - पूर्णिमा की रात तुलसी के पौधे के समक्ष घी का दीपक जलाएं और उसकी परिक्रमा करें, क्योंकि तुलसी में मां लक्ष्मी का वास होता है। साथ ही इस उपाय से घर में सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है और नकारात्मक शक्तियां दूर होती हैं।
    • पीपल के वृक्ष की पूजा - पीपल के वृक्ष को हिंदू धर्म में बहुत पूजनीय माना जाता है और भगवान बुद्ध को इसी वृक्ष के नीचे ज्ञान प्राप्त हुआ था। बुद्ध पूर्णिमा की रात पीपल के वृक्ष को जल अर्पित करें और उसकी परिक्रमा करें। ऐसी मान्यता है कि इस उपाय से पितृ खुश होते हैं और जीवन में आ रही बाधाएं दूर होती हैं।
    • पवित्र नदियों में स्नान - बुद्ध पूर्णिमा के दिन किसी पवित्र नदी में स्नान करें। ऐसा माना जाता है कि इस दिन नदियों में बहुत ऊर्जा होती है, जिससे शरीर और मन शुद्ध होते हैं और रोगों से मुक्ति मिलती है।
    • सकारात्मक विचार - इस रात नकारात्मक विचारों से दूर रहें और जीवन सकारात्मकता लाएं। अपने मन में प्रेम, करुणा और क्षमा जैसे भावों को लाने की कोशिश करें। सकारात्मक सोच जीवन में आने वाली कई समस्याओं को दूर करने में सहायक होती है।

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    अस्वीकरण: इस लेख में बताए गए उपाय/लाभ/सलाह और कथन केवल सामान्य सूचना के लिए हैं। दैनिक जागरण तथा जागरण न्यू मीडिया यहां इस लेख फीचर में लिखी गई बातों का समर्थन नहीं करता है। इस लेख में निहित जानकारी विभिन्न माध्यमों/ज्योतिषियों/पंचांग/प्रवचनों/मान्यताओं/धर्मग्रंथों/दंतकथाओं से संग्रहित की गई हैं। पाठकों से अनुरोध है कि लेख को अंतिम सत्य अथवा दावा न मानें एवं अपने विवेक का उपयोग करें। दैनिक जागरण तथा जागरण न्यू मीडिया अंधविश्वास के खिलाफ है।