यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jun 28, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Gupt Navratri 2024: आषाढ़ गुप्त नवरात्र पर करें ये 2 उपाय, पैसों की कंगाली से मिलेगी राहत
इस साल आषाढ़ मास की गुप्त नवरात्र 6 जुलाई 2024 दिन शनिवार को शुरू होगी। इस दौरान लोग मां दुर्गा की 10 महाविद्याओं की पूजा करते हैं। ऐसा कहा जाता है कि ...और पढ़ें

HighLights
- नवरात्र व्रत का बड़ा धार्मिक महत्व है।
- इस साल आषाढ़ गुप्त नवरात्र 6 जुलाई दिन शनिवार को शुरू होगी।
- इस दौरान लोग मां दुर्गा की 10 महाविद्याओं की पूजा करते हैं।
धर्म डेस्क, नई दिल्ली। गुप्त नवरात्र का पर्व देवी भक्तों के लिए बहुत खास होता है। जल्द ही आसाढ़ मास के गुप्त नवरात्र की शुरुआत होने वाली है। इस दौरान लोग मां दुर्गा की 10 महाविद्याओं की पूजा करते हैं। ऐसी मान्यता है कि देवी की पूजा करने से शुभ फलों की प्राप्ति होती है। साथ ही यह दिन तंत्र विद्या के लिए बहुत अच्छा माना जाता है।
इस साल आषाढ़ गुप्त नवरात्र (Gupt Navratri 2024) की शुरुआत 6 जुलाई, 2024 दिन शनिवार को होगी, तो आइए कुछ खास उपाय पर नजर डालते हैं -
आषाढ़ गुप्त नवरात्र पर करें धन लाभ के ये 2 उपाय
- गुप्त नवरात्र के पहले दिन एक लाल कपड़े में अक्षत और कौड़ी बांधकर घर की तिजोरी या फिर जहां कहीं भी आप धन रखते हो वहां पर रखें। इसके साथ ही नौ दिनों तक उसकी पूजा करें। फिर व्रत के आखिरी दिन उसे अपने आंगन की जमीन में गाढ़ दें। इस उपाय को करने से आपके घर में कभी भी धन की कमी नहीं रहेगी।
- आषाढ़ गुप्त नवरात्रि के दौरान नौ दिनों तक मां दुर्गा के चरणों में कमल का फूल अर्पित करें। इसके साथ ही उनके वैदिक मंत्रों का जाप करें। ऐसा करने से मां प्रसन्न होती हैं। साथ ही जीवन भर आर्थिक तंगी का सामना नहीं करना पड़ता है।
आषाढ़ गुप्त नवरात्रि तिथि और शुभ मुहूर्त
हिंदू पंचांग के अनुसार, आषाढ़ मास के गुप्त नवरात्र की शुरुआत 6 जुलाई, 2024 दिन शनिवार को होगी। वहीं, इसका समापन 15 जुलाई, 2024 दिन सोमवार को होगा। इसके साथ ही कलश की स्थापना 06 जुलाई सुबह 05 बजकर 11 मिनट से लेकर 07 बजकर 26 मिनट पर करना अच्छा होगा।
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अस्वीकरण: इस लेख में बताए गए उपाय/लाभ/सलाह और कथन केवल सामान्य सूचना के लिए हैं। दैनिक जागरण तथा जागरण न्यू मीडिया यहां इस लेख फीचर में लिखी गई बातों का समर्थन नहीं करता है। इस लेख में निहित जानकारी विभिन्न माध्यमों/ज्योतिषियों/पंचांग/प्रवचनों/मान्यताओं/धर्मग्रंथों/दंतकथाओं से संग्रहित की गई हैं। पाठकों से अनुरोध है कि लेख को अंतिम सत्य अथवा दावा न मानें एवं अपने विवेक का उपयोग करें। दैनिक जागरण तथा जागरण न्यू मीडिया अंधविश्वास के खिलाफ है।