यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jul 04, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Guru Purnima 2024: इस दिन मनाई जाएगी गुरु पूर्णिमा, जानें इसका धार्मिक महत्व और नियम
सनातन धर्म में गुरुओं का एक महत्वपूर्ण स्थान है और हो भी क्यों न? वे अपनी ज्ञान से दुनिया के अंधकार को रोशन जो करते हैं। साथ ही हमें भ्रम और अज्ञानता ...और पढ़ें

HighLights
- हिंदू धर्म के सबसे महत्वपूर्ण पर्वों में से एक गुरु पूर्णिमा है।
- यह शुभ दिन गुरु की पूजा के लिए समर्पित है।
- इस बार गुरु पूर्णिमा 21 जुलाई को मनाई जाएगी।
धर्म डेस्क, नई दिल्ली। हिंदू धर्म के सबसे महत्वपूर्ण पर्वों में से एक गुरु पूर्णिमा है। यह शुभ दिन गुरु की पूजा और उनका सम्मान करने के लिए समर्पित है, जो ज्ञान और आत्मज्ञान के मार्ग पर व्यक्तियों का मार्गदर्शन करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। हिंदू पंचांग के अनुसार, इस बार गुरु पूर्णिमा आषाढ़ मास की पूर्णिमा तिथि 21 जुलाई, 2024 दिन रविवार को मनाई जाएगी।
इस शुभ तिथि पर दान-पुण्य और गंगा स्नान करना बहुत लाभकारी माना जाता है, तो चलिए इससे जुड़ी प्रमुख बातों को जानते हैं -
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पूजा अनुष्ठान
- सुबह जल्दी उठकर गंगा नदी में डुबकी लगाएं।
- अपने माता-पिता और बड़े भाई-बहनों का पैर छूकर आशीर्वाद लें।
- स्नान के बाद भगवान सूर्य को अर्घ्य दें।
- भगवान गणेश की पूजा भी जरूर करें, क्योंकि उन्हें ज्ञान और बुद्धि का स्वामी माना जाता है।
- अपने आध्यात्मिक और दीक्षा गुरु की पूजा करें, उन्हें उपहार दें और उनका आशीर्वाद लें।
- इस शुभ अवसर अपने गुरु को कपड़े, फल, मिठाई और दक्षिण अर्पित करें।
- गुरु मंत्र का जाप करें।
- गरीबों को भोजन खिलाएं।
- इसके साथ ही चंद्रमा को अर्घ्य दें।
गुरु पूर्णिमा से जुड़ी मान्यता
ज्ञान और आत्मज्ञान के प्रतीक रूप में गुरु पूर्णिमा का दिन मनाया जाता है। सनातन परंपरा में गुरुओं का एक विशेष स्थान है और हो भी क्यों न? वे अपनी ज्ञान से दुनिया के अंधकार को रोशन जो करते हैं। साथ ही हमें भ्रम और अज्ञानता के अंधेरे को दूर करते हुए प्रकाश के मार्ग पर चलने के लिए प्रेरित करते हैं।
गुरुओं का मार्गदर्शन हमें स्वयं और हमारे आस-पास की दुनिया की गहरी समझ के लिए बहुत ही आवश्यक होता है। यही कारण है कि इस शुभ अवसर पर उनका आशीर्वाद जरूर लेना चाहिए।
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