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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jul 12, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Sawan 2025: श्री नर्वदेश्वरनाथ महादेव मंदिर से जुड़े ये रहस्य कर देंगे हैरान

Updated: Sat, 12 Jul 2025 01:50 PM (IST)

दिल्ली के नासिरपुर फाटक के पास स्थित श्री नर्वदेश्वरनाथ महादेव मंदिर लगभग 45 साल पुराना है। यहां शिव परिवार के ...और पढ़ें

Sawan 2025 : श्री नर्वदेश्वरनाथ महादेव मंदिर।
Sawan 2025 : श्री नर्वदेश्वरनाथ महादेव मंदिर।

धर्म डेस्क, नई दिल्ली। नासिरपुर फाटक से नेहरू नगर की ओर जाने वाले रास्ते पर श्री नर्वदेश्वरनाथ महादेव मंदिर है। मंदिर में शिव परिवार के साथ दुर्गा, काली, सरस्वती मां, नरसिंह, ठाकुरजी, राधा-कृष्ण, बजरंगबली आदि देवी देवताओं की प्रतिमा और सिद्ध समाधि हैं। 1998 में श्री महंत हरिद्वार गिरि महाराज (नागा बाबा) के निधन के बाद विश्वनाथ गिरि महाराज मंदिर में महंत हैं।

मंदिर का इतिहास : मंदिर की स्थापना करीब 45 साल पहले श्री महंत हरिद्वार

गिरि महाराज (नागा बाबा) ने की थी। नर्मदा नदी से शिवलिंग लाकर स्थापना करने की वजह से मंदिर का नाम नर्वदेश्वरनाथ महादेव मंदिर पड़ा। उस समय मंदिर का ज्यादा निर्माण नहीं हुआ था। धीरे-धीरे काफी समय तक निर्माण कार्य चलने के बाद मंदिर बना। एक-दो करके मंदिर में मूर्तियों की स्थापना की गई।

मंदिर की विशेषता : मंदिर में सावन माह में लगातार पूजा 

अर्चना करने से मनोकामना पूरी होती है। इसके अलावा 16 सोमवार का व्रत कर श्रद्धालु पूजा-अर्चना के लिए मंदिर आते हैं। मंदिर में हर पूर्णिमा को भंडारा किया जाता है। इसके अलावा सभी त्योहारों पर खास कार्यक्रम का आयोजन होता है।

6 मंदिर में प्रतिदिन पूजा-अर्चना को भक्त आते हैं, लेकिन सावन के सोमवार व शिवरात्रि पर मंदिर में भक्तों की ज्यादा भीड़ रहती है। त्योहारों पर मंदिर में विशेष तौर साफ-सफाई, सजावट और व्यवस्थाएं की जाती हैं। - विश्वनाथ गिरि महाराज, महंत, श्री नर्वदेश्वरनाथ महादेव मंदिर

अब सावन मास शुरू हो गया है। इस माह में भगवान शिव की पूजा-अर्चना का विशेष महत्व होता है। भक्तों की संख्या भी मंदिर में ज्यादा रहती है। मंदिर में सभी त्योहार विशेष तौर पर मनाए जाते हैं। - पंडित रवि मिश्रा, पुजारी, श्री नर्वदेश्वरनाथ महादेव मंदिर

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