यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Dec 09, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
हैक होने से पहले संकेत देता है Smartphone, खुद को रखना है सेफ तो करें ये काम
Smartphone safety Tips स्मार्टफोन या किसी और डिवाइस के हैक होने से पहले कुछ संकेत मिलने लगते हैं। अगर आपका डिवाइस ये संकेत दे रहा है तो समझ जाना चाहिए ...और पढ़ें

टेक्नोलॉजी डेस्क, नई दिल्ली। स्मार्टफोन लाइफ का अहम हिस्सा बन गया है। ऑनलाइन शॉपिंग करने से लेकर खाना मंगाने तक में इसकी जरूरत पड़ती है। फोन ही वह डिवाइस है, जिसमें सारी बैंक डिटेल सेव रहती है। हमेशा डर बना रहता है कि कहीं कोई आपका डिवाइस हैक (Smartphone hacking) न कर ले। ऐसे में फोन की सिक्योरिटी और सेफ्टी का ख्याल रखना बहुत जरूरी हो जाता है। कुछ ऐसे संकेत होते हैं, जो फोन के हैक होने से पहले मिलना शुरू हो जाते हैं।
ओवरहीटिंग
अगर आपका फोन अचानक ओवरहीट करने लगता है, तो संभव है कि बैकग्राउंड में कोई स्पाई ऐप रन कर रहा हो। नॉर्मल फोन को यूज करने पर हीटिंग इश्यू नहीं आता है। लेकिन जब फोन में बिना परमिशन ऐप चल रहे होते हैं, तो यह परेशानी वाली बात है। यह फोन के जरिये आपकी जासूसी का भी संकेत हो सकता है।

परफॉर्मेंस
आपका फोन धीमा काम कर रहा है या बहुत बार क्रैश हो रहा है, तो सतर्क हो जाने की जरूरत है। हैकर्स आपके फोन में मौजूद डेटा का गलत तरह से इस्तेमाल कर सकते हैं, जिससे आपके फोन का परफॉर्मेंस धीमा हो सकता है और शटडाउन हो सकता है।
पॉप-अप और गैर जरूरी विज्ञापन
अचानक से फोन में किसी चीज को ओपन करने पर पॉप-अप और गैर जरूरी विज्ञापन दिखने लग गए हैं, तो हो सकता है कि फोन के बैकग्राउंड में कुछ गलत एक्टिविटी हो रही हो। ऐसा होने से एडवेयर के खतरे संकेत मिलता है। अगर कुछ इशारा मिल रहा है तो तुरंत आपको फोन चेक करवाना चाहिए।
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सेफ्टी के लिए क्या करना है?
आपका फोन अगर कुछ संदिग्ध एक्टिविटी से जुड़े संकेत दे रहा है, तो कुछ चीजों का जरूर ध्यान रखना चाहिए।
मजबूत पासवर्ड- ऐसी स्थिति में आपको बैंकिंग से जुड़े ऐप्स के पासवर्ड तुरंत बदल देने चाहिए और सभी ऐप्स के लिए एक ही पासवर्ड रखने से बचना चाहिए।
फालतू ऐप डिलीट- फोन में गैर-जरूरी ऐप हैं, तो उन्हें डिलीट कर देने में ही भलाई है।
बैकअप और रीसेट- अगर ऐसा कुछ होता है, तो डेटा का बैकअप ले सकते हैं और डिवाइस को रीसेट कर सकते हैं।
मैलवेयर स्कैन- अपने फोन को संदिग्ध सॉफ्टवेयर से स्कैन करने के लिए किसी सिक्योरिटी ऐप का इस्तेमाल करें। ज्यादातर एंटीवायरस प्रोग्राम फ्री फोन स्कैन देते हैं।
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