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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Apr 19, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    ChatGPT से एक कदम आगे Auto-GPT, एक सवाल दागते ही मिल जाते हैं अनगिनत जवाब

    By Shivani KotnalaEdited By: Shivani Kotnala
    Updated: Wed, 19 Apr 2023 05:05 PM (GMT+05:30)

    ChatGPT vs Auto GPT बीते साल ओपनएआई ने पॉपुलर चैटबॉट मॉडल चैटजीपीटी को पेश किया है। हर दूसरे यूजर के लिए यह एक चैटबॉट मॉडल एक बड़ा आकर्षण रहा। इससे अल ...और पढ़ें

    ChatGPT vs Auto GPT Difference, Pic Courtesy- Jagran Graphics
    ChatGPT vs Auto GPT Difference, Pic Courtesy- Jagran Graphics

     नई दिल्ली, टेक डेस्क। बीते साल टेक की दुनिया ही नहीं, इंटरनेट की दुनिया में चैटजीपीटी एक नए युग की शुरुआत के रूप में उभरा। जिस यूजर ने एआई आधारित चैटबॉट की खासियत को जाना, उसने इसका इस्तेमाल करना चाहा। ह्यूमन-लाइक टैक्स्ट जेनेरेट करने की खूबी को लेकर चैटजीपीटी हर यूजर की पसंद में शुमार हुआ, लेकिन इससे भी बढ़कर Auto-GPT की एंट्री टेक जगत में हो चुकी है।

    Auto-GPT को लेकर बहुत तो नहीं, लेकिन कुछ जानकारियां इंटरनेट पर मौजूद हैं। Auto-GPT को ChatGPT से कई मायनों में बेहतर और एडवांस माना जा रहा है। इस आर्टिकल में आपको इन दोनों मॉडल में अंतर को बताने जा रहे हैं-

    क्या है Auto-GPT और ChatGPT में अंतर

    सबसे पहले Auto-GPT के बारे में बात करें यह टर्म ChatGPT के बाद आई है। Auto-GPT भी एक एआई टूल है। इसे Significant Gravitas द्वारा डेवलप किया गया है।

    इसी साल March 30 को इस एआई टूल की पोस्ट किया गया था। यह ओपन- सोर्स पाइथन एप्लीकेशन GPT-4 पर आधारित है। इसकी खूबी ही यह है कि यह इंसानों की बहुत कम मदद के बिना बहुत बेहतरीन काम कर सकता है।

    ChatGPT से एक कदम आगे Auto-GPT

    जहां एक ओर, ChatGPT को इस्तेमाल करने के लिए यूजर को एक के बाद एक कमांड देने की जरूरत होती है। वहीं दूसरी ओर Auto-GPT इस मामले में एक कदम आगे है। Auto-GPT का इस्तेमाल करना आसान है, यह यूजर को केवल एक ही सवाल पर उससे जुड़े सारे पहलुओं को अपने जवाब में समेट लेता है।

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    यानी Auto-GPT के साथ यूजर को बहुत कम मौकों पर दूसरा सवाल पूछने की जरूरत महसूस होगी। Auto-GPT अपने नाम की तरह ऑटोमैटिक है। यह यूजर के एक सवाल से जुड़े दूसरे कई सवालों के जवाब भी एक ही बार में दे देता है।

    यूजर की जरूरत नहीं, ऑटोमैटिकली होता है काम

    ChatGPT से अलग Auto-GPT को यूजर की जरूरत नाम मात्र के लिए होती है। हालांकि, यूजर मॉडल से किस विषय पर जानकारी लेना चाहता है, इस काम के लिए यूजर का पहला सवाल दर्ज होना जरूरी है। Auto-GPT चैटजीपीटी के फ्रेमवर्क पर ही तैयार किया गया है। बावजूद इसके Auto-GPT ओपनएआई के ChatGPT से एक कदम आगे काम करता है।

    ChatGPT से अलग है काम करने का तरीका

    Auto-GPT एआई की क्षमता को जानने के लिए एक एक्सपेरिमेंटल एआई टूल है। काम करने के तरीके की बात करें तो जहां ChatGPT यूजर द्वारा पूछे गए सवालों के आधार पर ही जवाबों को खोजता है। इससे अलग, यूजर के एक सवाल के बाद उससे जुड़े तमाम सवालों के लिए यूजर के बजाए एआई एजेंट्स के आधार पर जवाब को तैयार करता है।

    यह एआई टूल एक्शन लेने से लेकर निर्णय लेने तक एआई एजेंट्स पर आधारित है। हालांकि, इस तरह की टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल बहुत से प्रैक्टिकल एप्लीकेशन में होना शुरू हो गया है।

    Auto-GPT वर्तमान में भविष्य के एआई का आधार बन कर उभरा है।