जब एक-दूसरे को पड़ोसी बताने लगीं दो सगी बहनें तो अफसर बोले- बिटिया झूठ मत बोलो... मिले जवाब ने कर दिया भावुक
Baghpat News: बागपत में एक जिला एक उत्पाद योजना के तहत सिलाई मशीन प्रशिक्षण के लिए इंटरव्यू हुए। दो सगी बहनों ने मशीन पाने के लिए खुद को पड़ोसी बताया।

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HighLights
बागपत में एक जिला एक उत्पाद योजना के तहत प्रशिक्षण।
दो बहनों ने सिलाई मशीन पाने को बताया पड़ोसी।
जागरण संवाददाता, बागपत। एक जिला एक उत्पाद योजना में 200 महिलाओं को प्रशिक्षण तथा सिलाई टूल किट मुफ्त में देने का लक्ष्य है।
इसके लिए जिला उद्योग प्रोत्साहन केंद्र बागपत पर महिला लाभार्थियों का चयन करने के लिए इंटरव्यू लिए गए। इंटरव्यू में आईं दो बहनों ने एक दूसरे को पड़ोसन बताया, लेकिन सच जानकर उपायुक्त चौंक गए...।
जिला उद्योग प्रोत्साहन केंद्र बागपत के कार्यालय पर लाइन में लगी दो लड़कियों को जैसे ही नंबर आया, वैसे ही उपायुक्त को देखकर बोलीं नमस्ते सर...। उपायुक्त राजेंद्र कुमार ने उन्हें कुर्सी पर बैठने का इशारा कर लिस्ट में दोनों के पिता का नाम देखकर बोले कि दोनों सगी बहनें हो ना...। तब एक युवती ने तपाक से जवाब दिया कि नहीं साहब...यह मेरे पड़ोसी ताऊ की लड़की है।
उपायुक्त ने फिर सवाल दागा कि दोनों का पिता तो एक ही दर्ज है। तब दूसरी युवती ने जवाब दिया कि हां! दोनों के पिता का नाम एक हैं, लेकिन एक दूसरे के परिवार से कोई रिश्ता नहीं है। उपायुक्त ने दोनों के आधार कार्ड लेकर चेक किया तो एक युवती की जन्मतिथि दो फरवरी 2001 तथा दूसरी युवती की जन्मतिथि पांच अगस्त 2002 तथा पिता का नाम और घर का पता भी एक ही दर्ज मिला।
फिर उपायुक्त बोले कि बिटिया झूठ मत बोलो...सच बताओ। ऐसे तो सिलाई मशीन नहीं मिलेगी। यह सुनकर बड़ी बहन बोली कि साहब...पिता मजदूर हैं, इसलिए हमने सिलाई मशीन पाने के लिए झूठ बोला है। सिलाई मशीन मिलेगी तो हम पिता का सहारा बनेंगी, क्योंकि कपड़ों की सिलाई कर कमाने लगेंगी।
उपायुक्त ने दोनों बहनों को आश्वासन दिया कि एक घर से एक का ही चयन होगा, इसलिए आप तय कर लीजिए किसको सिलाई मशीन चाहिए।
छोटी बहन बोली कि मेरी बड़ी बहन का चयन कर लो। वहीं बड़ौत की 62 साल की अनीसा इंटरव्यू देने आईं। बोली कि 15 साल से सिलाई कर रही हूं। यकीन नहीं है तो अभी मशीन चलवाकर देख लीजिए।
उपायुक्त राजेंद्र कुमार ने बताया कि अब तक सिलाई मशीन के लिए 350 आवेदन आ चुके हैं। अब तक 113 महिलाओं का चयन हो गया, बाकी का चयन जल्द होगा। चयनित 200 महिलाओं को 10 दिन का प्रशिक्षण दिलाकर सिलाई मशीन यानी टूल किट मुफ्त में दी जाएगी तथा प्रशिक्षण अवधि के 2000 हजार रुपये प्रत्येक को मिलेंगे।
