बरेली नगर निगम में सपा पस्त, भाजपा मस्त! लगातार 9वीं बार निर्विरोध चुनाव कराकर बनाया रिकॉर्ड
बरेली नगर निगम कार्यकारिणी समिति चुनाव में भाजपा ने दबदबा बनाया, छह में से पांच पार्षद सदस्य बने। महापौर उमेश ...और पढ़ें

नगर निगम कार्य समिति के चुनाव में नवनिर्वाचित सदस्य मंच पर बैठे महापौर डाक्टर उमेश गौतम व नगर आयुक्त संजीव कुमार मौर्य। जागरण
HighLights
उपसभापति के लिए भाजपा ने पूनम राठौर को बनाया उम्मीदवार, निर्वाचित होना लगभग तय
जागरण संवाददाता, बरेली। नगर निगम कार्यकारिणी समिति के चुनाव में भाजपा ने एक बार फिर दबदबा बनाया है। गुरुवार को हुए चुनाव में छह में पांच भाजपा पार्षदों ने कार्यकारिणी में जगह बनाई। वहीं सपा के एक पार्षद को कार्यकारिणी में स्थान मिल पाया। महापौर डाॅ. उमेश गौतम की अध्यक्षता में कार्यकारिणी समिति का यह नौंवी बार निर्विरोध चयन किया गया।
नए चुने गए सदस्यों में भाजपा के महेश राजपूत, अरब यादव, सरिता कश्यप, अजय रत्नाकर, बबली पटेल और सपा के शमीम अहमद को शामिल किया गया है। 12 सदस्यीय कार्यकारिणी समिति में अब भाजपा के 10 सदस्य हो गए हैं। भाजपा का ही उपसभापति भी बनना तय है।
इसके लिए आकाशपुरम से पार्षद पूनम राठौर को उम्मीदवार घोषित कर दिया। महापौर ने सभी नवनिर्वाचित सदस्यों को माल्यार्पण कर शहर के विकास में श्रेष्ठ योगदान देने की बात कही। चुनाव के बाद सभी नवनिर्वाचित सदस्यों का फूल-माला पहनाकर स्वागत किया गया।
इससे पहले कार्यकारिणी के निवर्तमान सदस्य संतोष कश्यप, उपसभापति नरेंद्र सिंह, अंजुला गंगवार, हरिशंकर, ओमान रजा खां एवं रितिका किशोर को विदाई दी गई। महापौर डाॅ. उमेश गौतम ने कहा कि बरेली नगर निगम में लगातार निर्विरोध चुनाव होना लोकतांत्रिक परिपक्वता और विकास के प्रति सभी जनप्रतिनिधियों की प्रतिबद्धता का प्रतीक है।
उन्होंने कहा कि सभी पार्षद राजनीतिक मतभेदों से ऊपर उठकर शहर के विकास, स्वच्छता और जनसुविधाओं को बेहतर बनाने के लिए मिलकर कार्य करेंगे।
महापौर का दावा, अब और तेजी से होगा विकास
कार्यकारिणी समिति में अब भाजपा के 10 और सपा के दो सदस्य हैं। महापौर डाॅ. उमेश गौतम समिति के अध्यक्ष हैं। महापौर ने दावा किया जा रहा है कि नगर निगम के विकास कार्यों, बजट प्रस्तावों, वित्तीय स्वीकृतियों और जनहित की योजनाओं से जुड़े महत्वपूर्ण निर्णयों को तेजी से मंजूरी मिलने का रास्ता और मजबूत हो गया है। स्पष्ट बहुमत के कारण कार्यकारिणी में विकास संबंधी प्रस्तावों पर निर्णय लेने में किसी प्रकार की बाधा की संभावना नहीं रहेगी।
एक वर्ष का ही होगा उपसभापति का कार्यकाल
नियम के मुताबिक निगम कार्यकारिणी समिति में दो वर्ष के कार्यकाल में पूनम का एक वर्ष पूर्ण हो चुका है, ऐसे में वह सिर्फ एक वर्ष तक उपसभापति पद पर आसीन रहेंगी।
देश और दुनिया की ताजा खबरों के लिए Hindi News देखें। Live Cricket Score , IPO Listings, Shiv Chalisa, राशिफल और दुर्गा चालीसा पर अन्य जानकारी पाएं।