Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jun 16, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    UPPCL: महीने भर जलाई खूब बिजली फिर भी बिल आया इतना...,मीटर रीडिंग देखकर हैरान रह गए यूपी के इस शहर के लोग

    Updated: Sun, 16 Jun 2024 01:18 PM (IST)

    खर्च के बाद शून्य रीडिंग का बिल देख अचंभे में उपभोक्ता। बिजली निगम की मौजूदा बिलिंग व्यवस्था के चलते इनदिनों शून्य रीडिंग का बिल सुधार के लिए उपभोक्ता ...और पढ़ें

    Bareilly News: बरेली में बिजली बिल को लेकर उपभोक्ता परेशान हैं। सांकेतिक तस्वीर
    Bareilly News: बरेली में बिजली बिल को लेकर उपभोक्ता परेशान हैं। सांकेतिक तस्वीर

    HighLights

    1. विभागीय अधिकारी बता रहे प्रोविजनल बिल की समस्या
    2. बिल सुधार के लिए लोग बिजली इंजीनियरों के दफ्तरों के चक्कर लगाने को मजबूर

    जागरण संवाददाता, बरेली। महीने भर बिजली का उपयोग करने के बाद भी लोगों को शून्य रीडिंग का बिल दिया जा रहा है। उपभोक्ता बिल देखकर कुछ देर के लिए अचंभे पड़ जाते हैं। बिल असली है या नकली, आखिर खर्च की गई बिजली यूनिट बिल से कैसे गायब हो गई। भुगतान कैसे संभव होगा। ऐसे उपभोक्ता बिल की जांच और जरूरी सुधार के लिए इनदिनों भीषण गर्मी में उपकेंद्रों में भटक रहे हैं।

     उन्हें ऐसे बिल सुधारने के लिए उपभोक्ता के पुराने तीन महीने के बिलों की पड़ताल करनी पड़ रही है,तब जाकर औसत रीडिंग के आधार पर उपभोक्ता को सही बिल उपलब्ध हो पा रहा है।

    शून्य रीडिंग के कारण

    विभागीय अधिकारियों का कहना है कि कई बार महीने की 25 तारीख के बाद जेनरेट होने वाले बिल प्रोविजनल बिल की श्रेणी में चले जाते हैं, इनमें बिजली यूनिट शून्य होती है। आमतौर पर ऐसे बिल समय से रीडिंग न होने के कारण, मीटर में खराबी आदि कई कारण हो सकते हैं। इन बिल को सुधारने के साथ ही विभाग के अधिकारियों को केस स्टडी के निर्देश हैं। ताकि उपभोक्ता को दोबारा समस्या से न जूझना पड़े। ऐसी स्थिति में उपभोक्ता रीडिंग का वीडियो बनाकर संबंधित क्षेत्र के एसडीओ, एक्सईन सें संपर्क करके बिल में सुधार करवा सकते हैं।

    ये भी पढ़ेंः UPPCL: यूपी के इस जिले के 40 हजार उपभोक्ताओं के लिए अच्छी खबर, अब जल्द मिलेगी 24 घंटे पूरी बिजली

    केस, एक- पस्तौर सीबीगंज निवासी श्याम स्वरूप एक किलोवाट के घरेलू उपभोक्ता हैं। इनका आरोप है कि बीते 13 को 192 यूनिट की रीडिंग के आधार पर 1399 रुपए का बिल भुगतान किया। एक जून को शून्य यूनिट की रीडिंग का बिल आ गया।

    ये भी पढ़ेंः Haji Iqbal: कभी शहद और परचून की दुकान चलाता था अरबों का मालिक इकबाल, ईडी ने अब तक जब्त की 5,060 करोड़ रुपये की संपत्ति

    केस, दो− कैलाश इंदिरा नगर कॉलोनी निवासी कैलाश दो किलोवाट के घरेलू उपभोक्ता हैं। बीते दिसंबर से बिल का भुगतान नहीं किया। 10 हजार से ज्यादा के बकाएदार हैं, लेकिन बीते 26 मई को मीटर रीडर शून्य रीडिंग का बिल दे गया। उपभोक्ता शून्य रीडिंग के चलते बिल सुधार के लिए संबंधित क्षेत्र के अधिकारियों के संपर्क किया।

    खबरें और भी

    ऐसे उपभोक्ताओं का पता लगवाते हैं, किए बिल में शून्य रीडिंग किन कारणों से आ रही है। ताकि इनका स्थायी निस्तारण किया जा सके। अंबा प्रसाद वरिष्ठ, अधीक्षण अभियंता, विद्युत वितरण बरेली शहर।