बिजनौर में टाउन एरिया की सीमा से बाहर बने 22 पीएम आवास योजना के मकान, जांच के बाद नोटिस जारी
मुख्यमंत्री के आदेश पर हुई जांच में बिजनौर के झालू में प्रधानमंत्री शहरी आवास योजना के तहत 22 मकान टाउन एरिया की सीमा से बाहर बने पाए गए। ...और पढ़ें

प्रतीकात्मक तस्वीर
HighLights
झालू में 22 पीएम आवास योजना मकान सीमा से बाहर बने।
लाभार्थियों ने शहरी योजना का अनुचित लाभ लिया।
कार्यदायी संस्था को नोटिस, धनराशि वसूली के आदेश।
राजनारायण कौशिक, बिजनाैर। मुख्यमंत्री के आदेश पर जांच हुई, तो पकड़ में आया कि प्रधानमंत्री शहरी आवास योजना के अंतर्गत टाउन एरिया झालू की सीमा से बाहर 22 मकान बनवाए गए। जांच में आरोपों की पुष्टि होने पर डूडा की परियोजना अधिकारी ने प्रबंधकीय निदेशक क्रिएटिव कांसर्टियम गाेमती नगर लखनऊ काे नोटिस जारी कर दिया।
नोटिस में टाउन एरिया की सीमा से बाहर निर्माण कार्य कराने वाले लाभार्थियों से अवमुक्त की गई धनराशि वसूल कराए जाने की बात कही गई। झालू निवासी रानू चौधरी ने मुख्यमंत्री को भेजी शिकायत में कहा था कि प्रधानमंत्री शहर आवास योजना 0.1 मेंं कस्बे के 22 लाभार्थियों का चयन किया गया था, किंतु उक्त लाभार्थियों ने टाउन एरिया की सीमा से बाहर मकानाें का निर्माण करा लिया, जो नियम विरुद्ध है।
मुख्यमंत्री के आदेश पर डीएम ने तत्कालीन एसडीएम न्यायिक सदर हर्ष चावला को इस प्रकरण की जांच सौंप दी। इस पर प्रकरण की जांच में यह तथ्य उजागर हुआ, कि 2019 से 2023 तक बने भूरी, अफसर अली, नईमा, सलमा, मोहम्मद याकूब, खुशनूदा, मुन्ना नाथ, इमराना खातून, मोमिना पत्नी जाहिद, खातून, यासमीन, मोमिना पत्नी निजामुद्दीन, राहत बानाे, शाइमा, फहीम, इकबाल अहमद, हुकम सिंह, अरुण कुमार, राहुल कुमार, चेतन, राजेंद्र और भूरे शर्मा के आवास टाउन एरिया की सीमा से बाहर बने हुए है। एसडीएम न्यायिक ने जांंच रिपोर्ट डीएम को सौंप दी।
डीएम ने इस रिपोर्ट को गंभीरता से लेते हुए परियोजना अधिकारी जिला नगरीय विकास अभिकरण (डूडा) को संबंधित कार्यदायी संस्था के विरुद्ध कार्यवाही के निर्देश दिए। परियोजना अधिकारी ने प्रबंधकीय निदेशक क्रिएटिव कांसर्टियम गाेमती नगर लखनऊ काे नोटिस जारी कर दिया। नोटिस में जवाब-तलब कर टाउन एरिया की सीमा से बाहर निर्माण कार्य कराने वाले लाभार्थियों से अवमुक्त की गई धनराशि वसूल कराए जाने की बात कही गई।
खबरें और भी
यह भी पढ़ें- बिजनौर में चोरों का आतंक, चार घरों से 12 लाख की चोरी; पांचवें में जाग होने पर परिवार को धमकी देकर भागे
इस तरह से लिया अनुचित लाभ
प्रधानमंत्री शहरी आवास याेजना के लाभार्थियों को आवास निर्माण के लिए 2.50 लाख रुपये की धनराशि मिलती है, जबकि इस योजना में ग्रामीण क्षेत्र के लाभार्थी काे 1.20 लाख रुपये की धनराशि का भुगतान मिलता है। इन लाभार्थियांं ने लाभ शहरी आवास याेजना का लिया और मकान नगर पंचायत की सीमा से बाहर बनवाकर 1.30 लाख रुपये का अनुचित लाभ लेने का काम किया।
यह मामला संज्ञान में है। कार्यदायी संस्था को नोटिस जारी करने की कार्यवाही की जा चुकी है। संतोषजनक जवाब नहीं मिलने की स्थिति में संबंधित पर विधिक कार्यवाही की जाएगी।
अंशिका दीक्षित, एडीएम प्रशासन