कठिन हुआ अंतिम सफर: जलभराव के बीच अर्थी लेकर निकलने की मजबूरी खड़े कर रही जिम्मेदारों पर सवाल
Bulandshahr News : बीबी नगर में बाबा बुद्धनाथ कुटी से स्याना रोड संपर्क मार्ग का निर्माण अधूरा है, जिससे गंभीर जलभराव हो गया है। अंतिम संस्कार को जाने ...और पढ़ें

जलभराव के बीच अर्थी को कंधा देते व इस दौरान गुजरते लोग। सौ. पाठक
HighLights
अधूरे सड़क निर्माण से बीबी नगर में गंभीर जलभराव।
अंतिम संस्कार के दौरान कीचड़ और दुर्गंध से परेशानी।
संवाद सूत्र, बीबी नगर (बुलंदशहर)। बाबा बुद्धनाथ की कुटी से स्याना रोड संपर्क मार्ग पर निर्माण कार्य अटका है। अधूरा निर्माण न केवल आम जन के लिए बल्कि जीवन की अंतिम यात्रा में भी बाधक बन रहा है। अर्थी को कंधा देने वाले तथा अंतिम यात्रा में सम्मिलित लोगों को जलभराव से गुजरना पड़ रहा है।
नगर पंचायत की उदासीनता व लापरवाही का जीता जागता उदाहरण बाबा बुद्धनाथ की कुटी से स्याना रोड संपर्क मार्ग है। करीब डेढ़ करोड़ की लागत से बनने वाले लगभग 450 मीटर उक्त संपर्क मार्ग पर पटरी, नाला, डिवाइडर तथा द्वार निर्माण प्रस्तावित है। गत दिसंबर माह में राजस्व विभाग की टीम द्वारा माप व चिन्हीकरण कार्य के उपरांत नाला निर्माण का कार्य प्रारंभ हुआ था।
तीन माह से अधिक समय बीत जाने के उपरांत भी मात्र नाला निर्माण कार्य ही हुआ है। जल निकासी की समुचित व्यवस्था नहीं होने से तालाब का पानी ओवरफ्लो होकर रास्ते पर एकत्र हो रहा है जिससे आवागमन बाधित है। हालात ऐसे हैं कि जलभराव के चलते लोगों को अंतिम संस्कार तक के लिए जद्दोजहद करनी पड़ रही है।
चार मार्च को नगर निवासी शिक्षक शैलेंद्र शर्मा व 28 मार्च को नीलम पत्नी हितेश का निधन हो गया था। दोनों के शव को अंतिम संस्कार के लिए मंडी श्मशान घाट पर ले जाए गए थे। इस दौरान अंतिम यात्रा में स्वजन व नगरवासियों को जलभराव के कारण परेशानी उठानी पड़ी।
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नगर निवासी भारतीय किसान यूनियन के जिला उपाध्यक्ष मलूका सिंह का कहना है कि इससे न केवल राहगीरों को परेशानी हो रही है, बल्कि आपात स्थिति में लोगों को भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। जलभराव के कारण अंतिम यात्रा में शामिल लोगों को कई बार रुकना पडता है तथा अर्थी को संभालना पड़ता है। कीचड़ और दुर्गन्धयुक्त पानी के बीच अंतिम यात्रा निकालना न केवल कठिन बल्कि बेहद दुखद और असम्मानजनक है।
धर्मार्थ हास्पिटल के निर्देशक नरेंद्र सिंह सिरोही का कहना है कि उक्त मार्ग पर तालाब का ओवरफ्लो हुआ दूषित पानी एकत्र हो रहा है, जिससे संक्रामक बीमारियों के फैलने की संभावना बलवती हो रही है। बार-बार शिकायत करने के बावजूद नगर पंचायत द्वारा कोई ठोस कदम नहीं उठाया जा रहा है।
अधूरे पड़े निर्माण कार्य और जलभराव की समस्या से आमजन त्रस्त हैं, लेकिन जिम्मेदार अधिकारी ध्यान नहीं दे रहे हैं। नगरवासियों ने प्रशासन से जल्द से जल्द निर्माण कार्य पूरा कराने और जल निकासी की समुचित व्यवस्था कराने की मांग की है, ताकि समस्या से राहत मिल सके।
अधिशासी अधिकारी मनोज कुमार का कहना है कि पानी की निकासी के लिए बनाया गया नाला अवरुद्ध होने से मार्ग पर जलभराव की स्थिति बनी हुई है। नाले की सफाई कराई जा रही है।
नगर पंचायत चेयरमैन गुड्डी ने बताया कि नाला अवरुद्ध होने के चलते हुए जलभराव के समाधान के लिए नाले की सफाई कराई जा रही है। एक सप्ताह में जल निकासी समुचित हो जाएगी तथा निर्माण कार्य प्रारंभ हो जाएगा। मार्ग निर्माण करा रहे ठेकेदार लक्ष्मण सिंह ने बताया कि मार्ग पर जलभराव है। जैसे ही नगर पंचायत जल निकासी की व्यवस्था करा देगी अविलंब कार्य प्रारंभ कराया जाएगा।