विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

फिरोजाबाद का सनसनीखेज हत्याकांड, छह साल के बच्चे की किशोर ने कर दी थी हत्या; मद्रास हाईकोर्ट की तर्ज पर उम्रकैद

By Rajneesh Kumar Mishra Edited By: Prateek Gupta
Published: Thu, 16 Jul 2026 01:49 PM (IST)

फिरोजाबाद में 10 साल पहले एक लाख की फिरौती के लिए छह वर्षीय बच्चे की हत्या के मामले में किशोर ...और पढ़ें

सांकेतिक तस्वीर का प्रयोग किया गया है।

सांकेतिक तस्वीर का प्रयोग किया गया है।

जागरण संवाददाता, फिरोजाबाद। यह एक ऐसा हत्याकांड था, जिसकी कोई आसानी से कल्पना भी नहीं कर सकता। 10 साल पहले, जब इंटरनेट और सोशल मीडिया इतना चलन में नहीं था, तब एक किशोर ने छह साल के बच्चे की गला दबाकर हत्या कर दी। परिवार से एक लाख की फिरौती मांगी। मामले में मद्रास हाईकोर्ट के एक फैसले को नजीर मानते हुए कोर्ट ने दोषी को उम्रकैद की सजा सुनाई है।

रसूलपुर क्षेत्र में 10 वर्ष पूर्व एक लाख की फिरौती वसूलने के लिए छह वर्षीय बालक की गला दबाकर हत्या के मामले में न्यायालय ने दोषी बाल अपचारी को आजीवन कारावास से दंडित किया है। उस पर 50 हजार रुपये का अर्थदंड लगाया है।

19 मई 2016 को सुबह 10 बजे नरेंद्र कुमार का छह वर्षीय बेटा वीर प्रताप खेल खेलते-खेलते गायब हो गया। रात तक नहीं मिला तो मोहल्ले के लोगों के साथ एक-एक घर की तलाशी शुरू की। इतने में एक किशोर ने हड़बड़ा कर घर का दरवाजा बंद कर लिया। मोहल्ले के लोगों के साथ घर में अंदर जाकर छत पर देखा तो अर्द्धनिर्मित कमरे में बच्चे की लाश पड़ी मिली।

इतना ही नहीं नरेंद्र के घर के बाहर एक चिट्ठी मिली थी। इसमें लिखा था कि बेटे को जिंदा चाहते हो तो एक लाख रुपये मुरारी लाल के ईंट भट्ठे पर बने कमरे में रखवा देना। लोगों ने किशोर को पकड़कर पुलिस के सिपुर्द कर दिया।

जांच के बाद विवेचक ने 24 दिन में उसके विरुद्ध अपहरण और हत्या की धारा में आरोप पत्र दाखिल किया। मामले की सुनवाई विशेष न्यायाधीश (पाक्सो अधिनियम) एवं बाल न्यायालय, अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश मुमताज अली की कोर्ट में हुई।

अभियोजन की तरफ से एडीजीसी अर्वेश शुक्ला ने पक्ष रखा। उन्होंने बताया कि न्यायालय ने बाल अपचारी को हत्या का दोषी पाया। वहीं अपहरण की धारा में दोष मुक्त पाया।

बचाव में ये दिए गए तर्क

बचाव पक्ष के अधिवक्ता ने तर्क दिया कि बाल अपचारी का पहला अपराध है, वह घर का इकलौता कमाने वाला है। उसके छोटे-छोटे बच्चे हैं। इसलिए कम से कम सजा दी जाए। वहीं एडीजीसी ने कहा कि बाल अपचारी ने अपने घर में बच्चे की नृशंस हत्या की है। ऐसे में उसे अधिक से अधिक दंड दिया जाए।

देश और दुनिया की ताजा खबरों के लिए Hindi News देखें। Live Cricket Score , IPO Listings, Shiv Chalisa, राशिफल और दुर्गा चालीसा पर अन्य जानकारी पाएं।