यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Nov 05, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
राप्ती गंगा एक्सप्रेस में सांसदों के नाम आरक्षित सीट पर यात्रा का मामला- TTE निलंबित, रेलवे प्रशासन ने जांच टीम की गठित
रेलवे बोर्ड की विजिलेंस टीम ने शनिवार को सुबह गोरखपुर से देहरादून जा रही राप्ती गंगा एक्सप्रेस में छापा मारकर तीन सांसदों के नाम से आरक्षित सीट पर सफर ...और पढ़ें

जागरण संवाददाता, गोरखपुर। राप्ती गंगा (देहरादून) एक्सप्रेस में सांसदों के नाम आरक्षित सीट पर अवैध रूप से यात्रा करने के मामले में गोरखपुर से लखनऊ तक ट्रेन लेकर चलने वाले टीटीई प्रशांत श्रीवास्तव निलंबित कर दिए गए हैं। प्रकरण की जांच के लिए पूर्वोत्तर रेलवे प्रशासन ने टीम गठित कर दी हैं। टीम ने जांच शुरू कर दी है। रिपोर्ट के आधार पर आगे की सुनिश्चित की जाएगी।
रेलवे बोर्ड की विजिलेंस टीम ने शनिवार को सुबह गोरखपुर से देहरादून जा रही राप्ती गंगा एक्सप्रेस में छापा मारकर तीन सांसदों के नाम से आरक्षित सीट पर सफर कर रहे छह लोगों को पकड़ा था। सभी एसी-टू में सफर कर रहे थे। इनसे 10 हजार रुपये का जुर्माना वसूला गया। टीम ने कोच के टीटीई का बयान दर्ज किया था।
वीआइपी कोटा के नाम पर कालाबाजारी की सूचना
जानकारी के अनुसार, रेलवे बोर्ड को इमरजेंसी यानी वीआइपी कोटा के नाम पर कालाबाजारी की सूचना मिल रही थी। बोर्ड की विजिलेंस टीम को गोरखपुर से देहरादून जाने वाली राप्ती गंगा एक्सप्रेस में सांसदों के नाम से आरक्षित सीट पर कुछ लोगों के यात्रा करने की जानकारी मिली। टीम ने बरेली के पास छापा मारा।
ट्रेन में सलेमपुर के भाजपा सांसद रविंद्र कुशवाह, संतकबीर नगर के भाजपा सांसद प्रवीन निषाद और कुशीनगर के भाजपा सांसद विजय दुबे और बासगांव के सांसद कमलेश पासवान के नाम से 10 सीट आरक्षित मिलीं। कमलेश पासवान खुद यात्रा कर रहे थे, उनके साथ तीन लोग थे। अन्य तीनों सांसद कोच में नहीं थे। इनके लिए आरक्षित सीटों पर सफर कर रहे छह लोगों के पास कोई टिकट भी नहीं था। सभी गोरखपुर से हरिद्वार जा रहे थे।
सांसदों ने टिकट बुक कराने से किया इनकार
टीटीई का कहना था की सांसद लखनऊ से सवार होंगे लेकिन, लखनऊ में भी कोई सांसद नहीं आया। ऐसे में विजिलेंस को फर्जीवाड़ा का शक हो गया और टीम ने बरेली के पास फर्जी ढंग से यात्रा करने वाले लोगों को पकड़ लिया। इस मामले में सांसदों ने टिकट बुक कराने से इनकार किया है।
पूर्वोत्तर रेलवे सीपीआरओ पंकज कुमार सिंह के अनुसार, मामला संज्ञान में आया है, इसमें उचित कार्यवाही की जा रही है।
यह भी पढ़ें - Indian Railway: रेलवे स्टेशनों पर भी मिलेगी दवा, सफर में तबियत बिगड़ने पर ऐसे मांग सकते हैं मदद

