यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Mar 19, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Gorakhpur Weather Update: गोरखपुर में 22 मार्च तक बदल सकता है मौसम, गरज-चमक के साथ बारिश की संभावना
उत्तर प्रदेश में तेजी से मौसम बदल रहा है। इसका असर गोरखपुर में भी दिखने लगा है। यहां तेजी से बढ़ते तापमान में एक बार फिर गिरावट की वायुमंडलीय परिस्थित ...और पढ़ें

HighLights
- बंगाल व उड़ीसा में बन रही वर्षा की वायुमंडलीय परिस्थितियां
- एक बार फिर गिरेगा शहर का तापमान, तीन दिन तक रहेगा असर
जागरण संवाददाता, गोरखपुर। तेजी से बढ़ते तापमान में एक बार फिर गिरावट की वायुमंडलीय परिस्थितियां बनने लगी हैं। तीन दिन में गरज-चमक के साथ वर्षा होने की भूमिका तैयार होने लगी है। मौसम विभाग के अनुसार 22 मार्च को एक बार फिर बादल छाएंगे और वर्षा का माहौल बनाएंगे।
कुछ स्थानों पर गरज-चमक के साथ बूंदाबादी हो जाएगी तो कुछ पर बौछार पड़ती नजर आएगी। इसके चलते तापमान में गिरावट दर्ज की जाएगी। यह वर्षा सुबह-शाम हल्की ठंड की वापसी का अहसास कराएगी।
मौसम विज्ञानी कैलाश पांडेय के अनुसार बंगाल और उड़ीसा पर एक निम्नवायुदाब क्षेत्र बन गया है। यह दक्षिणी उत्तर प्रदेश की ओर बढ़ रहा है। दो दिन में इस वायुमंडलीय परिस्थिति का असर गोरखपुर सहित पूर्वी उत्तर प्रदेश के कई जिलों में दिखेगा।
मौसम विभाग के अनुसार इसके चलते गोरखपुर और आसपास के क्षेत्र में गरज-चमक के साथ वर्षा माहौल बनेगा। इससे अधिकतम तापमान दो से तीन दिन के लिए गिरकर 30 डिग्री तक आएगा। यह सामान्य अधिकतम तापमान से कम रिकार्ड किया जाएगा। बीते दिनों हल्की वर्षा होने और कुछ स्थानों पर ओला पड़ने के चलते मंगलवार का तापमान मात्र तीन दिन में 37 डिग्री सेल्सियस से पांच डिग्री सेल्सियस गिरकर 32 डिग्री सेल्सियस के करीब आ गया।

दिन में गर्म हवा और तिखी धूप ने अपना असर दिखाना शुरू कर दिया है। गोवि परिसर में धूप से बचाव करते दिखी युवतियां। जागरण
इसे भी पढ़ें- यूपी के इस शहर में गरजा बुलडोजर, राजमार्ग पर ध्वस्त कराए गए अवैध निर्माण
यह सामान्य से भी कम रिकार्ड हुआ। न्यूनतम तापमान में भी तीन डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज की गई। एक दिन पूर्व 21 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच चुका न्यूनतम तापमान मंगलवार को 18 डिग्री सेल्सियस के करीब तक आ गया। शुष्क पछुआ हवा ने आर्द्रता का स्तर गिरा दिया। अधिकतम आर्द्रता को मात्र 24 घंटे में 71 से 52 प्रतिशत तक पहुंचा दिया।
खबरें और भी
गर्मी बढ़ते ही बदलेगा स्कूलों का समय, मैनुअल होगी ट्रैफिक लाइट
मौसम विभाग की ओर से इस बार सामान्य से ज्यादा गर्मी पड़ने की आशंका जताने के बाद से ही शासन और जिला स्तर पर प्रशासन ने बचाव संबंधी तैयारी शुरू कर दी है। उप्र राज्य आपदा प्रबंध प्राधिकरण की ओर से लखनऊ में चली तीन दिवसीय कार्यशाला के दूसरे दिन सोमवार को आपदा विभाग ने गोरखपुर जिले की तैयारी का प्रस्तुतिकरण देने के साथ ही चार वर्षों में की गई व्यवस्था की जानकारी दी।
विभाग की ओर से बताया गया कि इस वर्ष भी गर्मी बढ़ते ही इस व्यवस्था को लागू करने के साथ ही बचाव संबंधी जरूरी इंतजाम किए जाएंगे। आपदा विभाग के विशेषज्ञ गौतम गुप्ता ने बताया कि इस संबंध में जल्द ही जिले स्तर पर भी सभी विभागों की बैठक आयोजित की जाएगी। फिलहाल जो तैयारी की गई है, उसके मुताबिक पारा 43 डिग्री सेल्सियस के पार जाते ही हीटवेव से आमजन को बचाने के लिए एक्शन प्लान लागू कर दिया जाएगा।
इसे भी पढ़ें- यूपी के इस शहर में जाम से बचने के लिए बनाया गया मास्टर प्लान, टोल प्लाजा पर बूथ से पहले ही कट जाएगा Toll Tax
स्कूलों को दोपहर 12.30 बजे तक बंद करा दिया जाएगा। विद्यालयों में शुद्ध पेयजल की सुविधा के साथ ही वहां ओआरएस पैकेट और जरूरी दवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित कराई जाएंगी। इसी तरह शहर में दोपहर 12 बजे से दोपहर तीन बजे के मध्य प्रमुख ट्रैफिक चौराहों पर पीली बत्ती का प्रयोग शुरू कराने के साथ ही ट्रैफिक को मैनुअल मोड पर संचालित कराते हुए जिस तरफ ज्यादा ट्रैफिक लोड है, उसे जल्द खाली कराया जाएगा।
वहीं जिन ट्रैफिक सिग्नल का समय डेढ़ से ढाई मिनट के मध्य का है, उसकी अवधि 30 से 45 सेकेंड की जाएगी। लू के प्रकोप से बचाव के लिए नगर निगम के इंटीग्रेटेड ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम के माध्यम से जागरूकता संदेशों का प्रसारण कराया जाएगा। श्रमिकों की सुरक्षा के लिए दोपहर में निर्माण स्थलों पर काम बंद रखा जाएगा, इसके बदले में सुबह पहले काम शुरू कराने के साथ ही शाम को काम बंद करने का समय बढ़ाया जाएगा।
