कानपुर देहात में मेडिकल कालेज में हंगामा, गेट पर धरने पर बैठे छात्र, प्राचार्य को हटाने की मांग
कानपुर देहात में मेडिकल कॉलेज के छात्रों ने प्राचार्य पर अभद्रता का आरोप लगाते हुए गेट पर हंगामा किया। वे ...और पढ़ें

मेडिकल कालेज गेट पर प्रदर्शन करते छात्र। जागरण
HighLights
थप्पड़ मारने के विरोध में गेट पर ताला लगाकर धरने पर बैठे, कक्षाओं के बहिष्कार की दी चेतावनी
प्राचार्य ने रैगिंग की शिकायत पर सीनियर छात्रों को बुलाने और अभद्रता करने पर थप्पड़ मारने की बात कही
जागरण संवाददाता, कानपुर देहात। कुंभी स्थित मेडिकल कालेज में बुधवार को प्राचार्य की ओर से एक छात्र को थप्पड़ मारने के विरोध में छात्र-छात्राओं ने जमकर हंगामा किया। कालेज के मुख्य गेट पर ताला लगाकर धरने पर बैठे छात्र प्राचार्य डा. अम्बरीष गुप्ता को हटाने और उनके इस्तीफे की मांग पर अड़ गए।
कई छात्र अपना सामान लेकर बाहर आ गए और मांग पूरी होने तक कक्षाओं में नहीं जाने की चेतावनी दी। पुलिस, एसडीएम और फैकल्टी के सदस्यों ने छात्रों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन वे अपनी मांग पर अड़े रहे। देर शाम तक चले हंगामे के बाद छात्र शांत हुए और हास्टल लौट गए।
बताया गया कि कालेज में जूनियर छात्रों के साथ रैगिंग की शिकायत मिलने पर प्राचार्य ने कुछ सीनियर छात्रों को तलब किया था। प्राचार्य के अनुसार, बुधवार को संबंधित छात्रों को उनके माता-पिता को बुलाने और उनके आने तक हास्टल खाली करने के निर्देश दिए गए थे।

सामान तक छात्रों ने निकाल लिया बाहर। जागरण
इसके बाद छात्र-छात्राओं ने एकजुट होकर कक्षाओं में जाने से मना कर दिया। प्रोफेसरों के समझाने पर भी वे नहीं माने और प्राचार्य के निलंबन तक पढ़ाई शुरू न करने की बात कही। छात्रों का आरोप था कि रैगिंग की बात गलत है और प्राचार्य का व्यवहार ठीक नहीं है।
उन्होंने घटना की कैमरे की रिकार्डिंग देखकर कार्रवाई करने की मांग की। उनका कहना था कि प्राचार्य के इस्तीफे के बाद ही वे हास्टल लौटेंगे।

गेट पर धरने पर बैठे छात्र छात्राएं। जागरण
उधर, प्राचार्य डा. अम्बरीष गुप्ता ने बताया कि देर रात जूनियर छात्रों के साथ रैगिंग की शिकायत मिली थी। स्टाफ को मौके पर भेजने पर कुछ सीनियर छात्र कमरे में छिप गए थे। बाद में पीड़ित छात्रों ने उन्हें घटना की जानकारी दी।
उन्होंने आरोप लगाया कि समझाने के दौरान एक छात्र ने अभद्रता की, जिस पर उन्होंने थप्पड़ मार दिया। प्राचार्य ने यह भी कहा कि परिसर में एंटी रैगिंग के पोस्टर कई बार लगवाए गए, लेकिन सीनियर छात्र उन्हें फाड़ देते हैं। मामले की जानकारी उच्चाधिकारियों को दे दी गई है।
हंगामे के दौरान प्राचार्य ने संबंधित छात्रों के माता-पिता से वीडियो काल पर बात की और निष्कासन संबंधी निर्देश वापस लेने की जानकारी दी। इसके बाद भी छात्र इस्तीफे की मांग पर अड़े रहे। एसडीएम राजकुमार पांडेय और पुलिस ने स्थिति संभालने का प्रयास किया। देर शाम छात्र-छात्राएं हास्टल लौट गए।
